फर्जी बाबा ने महिला से किया दुष्कर्म: लापता पति को खोजने का दिया झांसा, जानिए फिर कैसे बनाया हवस का शिकार ?

Nagpur Rape Case: फर्जी बाबा और तांत्रिक ने महिला के साथ तंत्र मंत्र के नाम पर दुष्कर्म किया, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।

Update: 2026-04-07 07:42 GMT

फोटो सोर्स- इंटरनेट, एडिट, npg.news

नागपुर 07 अप्रैल 2026, महाराष्ट्र के नागपुर में एक महिला को अपने लापता पति को खोजने के लिए फर्जी बाबा और तांत्रिक का सहारा लेना उस वक्त महंगा पड़ गया, जब उसी ने उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दे दिया। महिला की शिकायत के बाद पुलिस ने फर्जी बाबा और तांत्रिक ताहिर राशिद बेग को गिरफ्तार कर लिया। यह पूरा मामला सक्करदरा थाना क्षेत्र का है। 

क्या है पूरा मामला ?

दरअसल, पुलिस ने एक फर्जी बाबा और तांत्रिक को पकड़ा है, जिसने महिला की मजबूरी का फायदा उठाकर उसे अपने हवस का शिकार बनाया। महिला का पति लापता था, जिसे खोजने का झांसा देकर आरोपी ने महिला को अपने हवस का शिकार बनाया और फिर फरार हो गया था। आरोपी ने खुद को तंत्र मंत्र का जानकार बताया था, इसलिए महिला उसके झांसे में आ गई थी।       

कैसे फंसी महिला ?              

जानकारी के मुताबिक, सक्करदरा थाना क्षेत्र में रहने वाली महिला का पति 15 अक्टूबर 2025 में कही लापता हो गया, जिसकी तलाश में महिला दर-दर भटक रही थी। इस बीच महिला को आरोपी ताहिर राशिद बेग मिला, जिसने खुद को तंत्र मंत्र का जानकार बताया और उसके पति को खोजने में मदद करने की बात कही। 

कहां से पकड़ा गया आरोपी ?  

महिला भी आरोपी के झांसे में आ गई और फिर इसी का फायदा उठाकर आरोपी ने महिला के साथ दुष्कर्म किया। महिला को जब अपने साथ हुए ठगी और शोषण का अहसास हुआ, तो उसने इसकी शिकायत थाने में की। शिकायत के बाद पुलिस ने भी केस दर्ज किया और आरोपी ताहिर राशिद बेग को खोज निकाला, जिसे अमरावती जिले के अंजनगाव के डब्बीपुरा से गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी के खिलाफ कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।               

दुष्कर्म के आरोपी पर कौन सी धारा लगती है और क्या सजा मिलती है ?

अगर आपको नहीं पता, तो बता दें कि भारत में दुष्कर्म के लिए सख्त कानून बनाया गया है। दुष्कर्म के मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64 (पूर्व में IPC 376) के तहत मामला दर्ज किया जाता है, जिसके तहत आरोपी को कम से कम 10 साल से लेकर आजीवन कारावास या मृत्युदंड तक की सजा भी हो सकती है। वहीं अगर पीड़िता की उम्र 18 साल से कम हो तो पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत भी मामला दर्ज किया जाता है। इसके अलावा सामुहिक दुष्कर्म के मामले में धारा 70 (पूर्व में 376D) लगाई जाती है।                                                                                                                                                  

Tags:    

Similar News