अस्थियां चोरी या कोई रहस्य? अंतिम संस्कार के बाद अस्थियां हुई गायब, श्मशान घाट का चौंकाने वाला सच आया सामने

Rajnandgaon News: दाह संस्कार के बाद अस्थियां गायब हो गई। जांच में सामने आया कि दूसरा परिवार उस अस्थि को ले गया और विसर्जन कर दिया।

Update: 2026-03-25 10:05 GMT

फोटो सोर्स- इंटरनेट, एडिट, npg.news

राजनांदगांव 25 मार्च 2026, छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव के मठपारा मुक्तिधाम से बड़ी लापरवाही सामने आई है। यहां दाह संस्कार के बाद अस्थियां गायब हो गई, परिवार ने जब पूछताछ की तो पता चला कि दूसरा परिवार उस अस्थि को अपने परिजन की समझकर ले गए और उसका विसर्जन कर दिया। अस्थि विसर्जन करने वाले परिवार ने माफी मांगी है। वहीं अस्थि विसर्जन नहीं कर पाने वाले परिवार ने स्थानीय प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कलेक्टर से कार्रवाई की मांग की है। 

जानिए क्या है पूरा मामला ?  

जानकारी के मुताबिक, वार्ड क्रमांक 5 में रहने वाले चौहान परिवार का बेटा पंकज चौहान (39) की 22 मार्च की सुबह अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। उसी शाम 5 बजे उसका अंतिम संस्कार मुक्तिधाम के शेड क्रमांक 2 में किया गया। मंगलवार की सुबह जब चौहान परिवार अस्थियां लेने आया तो शेड क्रमांक 2 से अस्थियां गायब मिली। 

कैसे हुआ खुलासा ? 

इसके बाद जब चौहान परिवार ने पूछताछ की तो पता चला कि शेड क्रमांक 3 में जिस परिवार ने अपने परिजन का अंतिम संस्कार किया था वो शेड क्रमांक 2 की अस्थियां ले गए। वहीं जब चौहान परिवार ने उनसे संपर्क किया तो पता चला कि उन्होंने अस्थि को शिवनाथ नदी में विसर्जित कर दिया है। इसके बाद चौहान परिवार भड़क उठा और उन्होंने मुक्तिधाम प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। 

प्रबंधन ने कहा- हमारी कोई गलती नहीं        

पारख गौशाला पिंजला पोल और मुक्तिधाम के अध्यक्ष खूबचंद पारख का इस मामले में कहना है कि मुक्तिधाम में किसका शव कब और किस नंबर के शवदाह पर जला इसका रिकॉर्ड है। अदला-बदली परिजनों  की गलती से हुई है। अस्थि ले जाने वाले परिवार ने पहले परिवार से माफी मांगी है। मुक्तिधाम में एक महिला चौकीदार काम करती है। पहट में मुक्तिधाम का ताला खोल दिया जाता है ताकि लोगों को अस्थियां ले जाने में सुविधा हो। वहीं उन्होंने आगे कहा कि हमारे प्रबंधन की गलती नहीं है।

Tags:    

Similar News