अनुभव एप: पुलिस के व्यवहार और कार्यशैली पर पहली बार अनुभव एप के माध्यम से रेटिंग,सर्वाधिक फीडबैक बिलासपुर पुलिस को
Bilaspur News: पुलिस के व्यवहार और कार्यशैली पर पहली बार अनुभव एप के माध्यम से रेटिंग,सर्वाधिक फीडबैक बिलासपुर पुलिस को
इमेज सोर्स- NPG News
बिलासपुर। 13 मार्च 2026| आईजीपी बिलासपुर रेंज रामगोपाल गर्ग ने रेंज के सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों की वर्चुअल बैठक लेकर विगत एक माह में अनुभव के तहत प्राप्त फीडबैक के संबंध में चर्चा की। चर्चां का मुख्य बिंदु अनुभव के तहत प्राप्त फीडबैक के आधार पर थानों की समीक्षा रही। इस दौरान बिलासपुर रेंज के बिलासपुर जिला पुलिस को सर्वाधिक फीडबैक मिली है।
1 फरवरी से 28 फरवरी में बिलासपुर जिले में कुल 201 फीडबैक प्राप्त हुईं, जिसमें सर्वाधिक थाना सरकंडा में 64, सिविल लाइन में 20 फीडबैक मिली है। सिटी कोतवाली, बिल्हा,अजाक, यातायात थाना, रेंज साइबर थाना, एसीसीयू, पुलिस सहायता केंद्र सिम्स, पुलिस सहायता केंद्र मोपका में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई है। उसी प्रकार जिला रायगढ़ में कुल 331 फीडबैक प्राप्त हुईं जिसमें सर्वाधिक थाना जूटमिल में 44 व थाना कोतरारोड में 44 फीडबैक मिलीं। उसी प्रकार थाना अजाक और महिला थाना में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई जिला कोरबा में कुल 55 फीडबैक प्राप्त हुई, जिसमें सर्वाधिक थाना उरगा में 12 फीडबैक मिली। उसी प्रकार थाना कोतवाली, साइबर थाना, दर्री, कुसमुंडा पाली, पसान, लेमरू में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई। जिला जांजगीर चम्पा में कुल 100 प्राप्त हुई जिसमें सर्वाधिक थाना सारागांव में 20, जांजगीर में 11 फीडबैक आई है। उसी प्रकार पुलिस सहायता केंद्र कोटमिसोनर और रहौद में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई। जिला मुंगेली में कुल 230 फीडबैक प्राप्त हुई जिसमें सर्वाधिक थाना पथरिया में 46, थाना लोरमी में 24 थाना सिटी कोतवाली में 33 साइबर सेल में 21 फीडबैक मिली। उसी प्रकार चौकी डिंडोरी में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई। जिला सारंगढ़ बिलाईगढ़ में कुल 51 फीडबैक प्राप्त हुई जिसमें सर्वाधिक थाना डोंगरीपाली में 11 फीडबैक मिली। उसी प्रकार थाना बिलाईगढ़ में शून्य फीडबैक प्राप्त हुई। जिला सक्ती में कुल 127 फीडबैक प्राप्त हुई जिसमें सर्वाधिक थाना मालखरौदा में 38, थाना जैजैपुर में 20 थाना डभरा में 19 फीडबैक मिली है। जिला गौरेला पेंड्रा मरवाही से कुल 39 फीडबैक जिसमें सर्वाधिक फीडबैक पेण्ड्रा में 22 फीडबैक मिली। उसी प्रकार चौकी खोडरी से शून्य फीडबैक मिली।
3.5 के औसत वाले थानों से आईजी संतुष्ट:–
जिलों के अधिकांश थानों की रेटिंग 5 के मापदंड पर,लगभग 3.5 के औसत पर रहने पर आईजीपी साहब ने संतुष्टि जाहिर की, जो थाने इससे नीचे की ग्रेडिंग में हैं, उनमें सुधार के लिए पुलिस अधीक्षकों को बताया गया। समीक्षा बैठक में बिलासपुर एसएसपी रजनेश सिंह, रायगढ़ एसएसपी शशिमोहन सिंह, कोरबा एसपी सिद्धार्थ तिवारी, जांजगीर एसपी विजय पांडे, जीपीएम एसपी मनोज खिलाड़ी, सक्ती एसपी प्रफुल्ल ठाकुर शामिल हुए। आईजी श्री गर्ग ने सभी जिलों के एसपी को रेंज कार्यालय से प्रतिदिन भेजे जा रहे अनुभव फीडबैक के तहत आए सुझावों और शिकायतों के आधार पर जिले की समीक्षा कर जानकारी ली।
थानों में ये समस्या फीडबैक से मिली :–
अनुभव के तहत थाने और पुलिस कार्यालयों में आने वाले लोग, वहां लगे एक क्यू आर कोड को स्कैन करके अपने सुझाव और फीडबैक दर्ज कर सकते हैं। इससे कई अच्छे और रोचक सुझाव भी थानों के संबंध में मिले, जैसे कहीं पेयजल की व्यवस्था नहीं है, नहीं, बैठनें की व्यवस्था सही नहीं है, कहीं पुलिस अधिकारियों के व्यवहार संबंधी शिकायतें हैं, तो कहीं आम जनों के द्वारा पुलिस की तारीफ भी की गई है। कहीं थाने जाने में रिपोर्ट लिखने में समय लगाने या समय पर कार्य नहीं होने की शिकायतें हैं, तो कहीं तुरंत काम कर देने के लिए धन्यवाद भी ज्ञापित किया गया है।
फीडबैक से मिली कमियों को करें दूर :–
आईजीपी ने सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित किया कि अनुभव एप में प्राप्त प्रत्येक फीडबैक की समीक्षा करके, जो कमियां थाने में या पुलिस कर्मियों के व्यवहार में परिलक्षित हो रही हैं, उन्हें दूर कराया जाए। जिन् थानों से एक ही प्रकार की शिकायतें या सुझाव आ रहें हैं। उन्हें उचित तरीके से परीक्षित करके उचित कार्रवाई कर आवश्यकतानुरूप सुधार किया जाए। जहां सतत अच्छे काम का फीडबैक है, या जिन पुलिस थाने के द्वारा अच्छा काम किया जा रहा है, उन्हें पुरस्कृत करने के लिए भी पुलिस महानिरीक्षक ने निर्देश दिए। रेंजवार समीक्षा के पुलिस महानिरीक्षक श्री रामगोपाल गर्ग ने प्रेसेंटेशन के माध्यम से हर जिले की समीक्षा की, और जिन थानों से फीडबैक बिल्कुल भी प्राप्त नहीं हो रहे हैं, उनके संबंध में पुलिस अधीक्षकों को चेक करके बतानें के लिए भी कहा गया, की फीडबैक नहीं आने का क्या कारण हैं।
आईजी ने फीडबैक देने लोगों से की अपील:–
आईजी रामगोपाल गर्ग ने बताया कि अनुभव से प्राप्त फीडबैक को रेंज स्तर पर प्राप्त होने के पश्चात, जिलों में भेजा जाता है। जहां पुलिस अधीक्षक उनकी समीक्षा करके, उनके अनुरूप कार्रवाई करते हैं, जिसके संबंध में यह बैठक ली गई है। अनुभव फीडबैक के माध्यम से अपने सुझाव और पुलिस के कार्य के संबंध में फीडबैक देने, आईजीपी गर्ग ने सभी लोगों से अपील भी की है, जिससे आम जनों संप्राप्त सुझावों के आधार पर पुलिस के कार्यों का आंकलन किया जा सके। ऐसी समीक्षा बैठक प्रतिमाह आयोजित की जाएगी। कुछ गंभीर प्रकृति की सूचनाएं भी अनुभव के माध्यम से प्राप्त हुई हैं, जिनकी पुष्टि पुलिस अधीक्षक अपने स्तर पर चेक करके, सही पाए जाने पर आवश्यक कार्यवाही करेंगे।