भतीजे ने सब्बल मार की चाची की हत्या,परिजनों ने आरोपी को थाने में पीटा, पुलिस पर लापरवाही का आरोप,अंतिम संस्कार में नही हुए परिजन शामिल
बिलासपुर। चाची के पागल कहने से नाराज भतीजे ने गुस्से में आकर सब्बल मार उसकी हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपी भरवाडीह के जंगल में जाकर छिप गया। घटना सोमवार शाम 6.30 बजे की है। हत्या के बाद परिजनों ने रतनपुर थाने में जमकर बवाल मचाया। परिजनों का आरोप है की पुलिस के पास महिला ने पहले भी शिकायत की थी। पुलिस अगर आरोपी को पहले ही पकड़ लेती तो शायद ये घटना नहीं होती और मृतिका जिंदा होती। पुलिस को परिजनों को खदेड़ने के लिए बल प्रयोग भी करना पड़ा। आरोपी पुलिस की हिरासत में है।
पुलिस के अनुसार रतनपुर करैहापारा निवासी सुरेखा पाटले पति जगदीश पाटले (30) पति की मौत के बाद रोजी मजदूरी कर अपना व अपने तीन बच्चों का भरण पोषण करती थी। सोमवार शाम 6.30 बजे सुरेखा पाटले मोहल्ले में सार्वजनिक नल में पानी भर रही थी इस दौरान उसका भतीजा मुकेश पाटले पिता मोहित पाटले (24) गुस्से में सब्बल लेकर पहुंचा और अपनी चाची पर हमला कर उनकी हत्या कर दी। चाची सुरेखा की हत्या करने के बाद आरोपी मुकेश भाग निकला। हत्या की जानकारी लगते ही रतनपुर थाना प्रभारी यू एन शांत कुमार साहू अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी की पता साजी करते हुए भरवीडीह के जंगल पहुंच गए। आरोपी को भरवीडीह के जंगल से गिरफ्तार कर थाने लाए और पूछताछ में आरोपी मुकेश ने बताया की उसकी चाची उसे हमेशा पागल कहा करती थी, इस बात से वह काफी नाराज था। बदला लेने के लिए उसने सब्बल से हमला कर उसकी हत्या कर दी। रतनपुर पुलिस आरोपी को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई कर रही है।
माह भर पूर्व आरोपी ने जला कर मारने का किया था प्रयास:- 15 जून की रात मृतिका सुरेशा अपने तीन बच्चों के साथ सो रही थी, इस दौरान उसके भतीजे मुकेश ने लकड़ी की मशाल बनाकर खिड़की से मकान अंदर फेक दिया था। मशाल से उसका बिस्तर व मच्छरदानी जल गई। मृतिका ने 16 जून को थाने पहुंच कर भतीजे के खिलाफ जान का खतरा बता कार्रवाई करने शिकायत की थी।
परिजनों ने किया थाने का घेराव:- सुरेखा की हत्या के बाद उसके परिजन रतनपुर थाने पहुंच गए और हो हंगामा करने लगे। आरोपी को जब गिरफ्तार कर के लाया गया तो परिजनों ने उसकी थाने में ही पिटाई शुरू कर दी। थाने में जमा भीड़ को हटाने के लिए पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा, परिजनों का आरोप है की मृतिका ने पहले ही आरोपी से जान का खतरा बताया था, बावजूद इसके पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की जिसके चलते उसकी हत्या हो गई है।
तीन बच्चों के सर से उठा पिता का साया:- सुरेखा के पति जगदीश पाटले की तीन साल पूर्व मौत होे गई थी। पति की मौत के बाद 10 साल की व 6 साल की दो बेटी और ढाई साल के बेटे की जवाबदेही उसी पर आ गई थी। वह रोजी मजदूरी कर अपना व बच्चों का पालन पोषण करती थी। सुरेखा की मौत के बाद उसके तीनों बच्चों से सर से मां का साया भी उठ गया।
आरोपी को देख परिजन उसे मारने दौड़े तो हुआ बल प्रयोग:- पुलिस के अनुसार जब आरोपी मुकेश पाटले को लेकर रतनपुर थाने पहुंचे। इस दौरान मृतिका के परिजनों ने आरोपी को लाते देख उसे मारने के दौड़ पड़े। भीड़ ने आरोपी पर हमला कर दिया। आरोपी को हमलावर भीड़ से छुड़ाने के लिए भीड़ को कंट्रोल करने पुलिस को हल्का बल प्रयोग भी करना पड़ा।
पुलिस का कहना जब भी पहुंचे भाग जाता था आरोपी:- रतनपुर पुलिस का कहना की महिला की शिकायत के बाद मामले की जांच के लिए कई बार सुरेखा पाटले के घर पुलिस टीम पहुंची। मौके पर न तो पुलिस को पीड़िता मिलती थी और न ही आरोपी जिसकी वजह से जांच अटकी हुई थी। करैहापारा में हत्या की जानकारी लगते ही मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने आरोपी की तलाश में भरवाड़ीह के जंगल पहुंच उसे गिरफ्तार कर लिया। प्रारंभित पूछताछ में पागल कह कर चिढाने की बात पर हत्या करने की बात आरोपी ने बताई हैं। पुलिस ने आज शव का पोस्टमार्टम कर अंतिम संस्कार करवाया। पर परिजन पुलिस के प्रति नाराजगी दिखा अंतिम संस्कार में शामिल नही हुए। पुलिस की मौजूदगी में अंतिम संस्कार सम्पन्न हुआ।