Ram Lala Aarti Live Today 2 Feb 2026 : रामलला का राजसी श्रृंगार : मखमली कपड़ों और हीरों के हार में सजे प्रभु, घर बैठे यहाँ करें दर्शन
Ram Lala Aarti Live Today 2 Feb 2026 : आज फाल्गुन महीने की शुक्लपक्ष की प्रतिपदा तिथि दिन सोमवार है, भगवान रामलला की नगरी अयोध्या में आज भक्ति का अद्भुद नजारा देखने को मिल रहा है. भक्तो की भारी भीड़ और जय श्री राम के जयघोष के साथ जब मंदिर का पट खोला गया. तो पूरा परिसर गूंज उठा
Ram Lala Aarti Live Today 2 Feb 2026 : रामलला का राजसी श्रृंगार : मखमली कपड़ों और हीरों के हार में सजे प्रभु, घर बैठे यहाँ करें दर्शन
Ram Lala Aarti Live Today 2 Feb 2026 : अयोध्या : आज फाल्गुन महीने की शुक्लपक्ष की प्रतिपदा तिथि दिन सोमवार है, भगवान रामलला की नगरी अयोध्या में आज भक्ति का अद्भुद नजारा देखने को मिल रहा है. भक्तो की भारी भीड़ और जय श्री राम के जयघोष के साथ जब मंदिर का पट खोला गया. तो पूरा परिसर गूंज उठा, सुबह से ही श्रद्धालु लंबी लाईनों में भगवान राम के दर्शन के लिए लग जाते है, परम्परा अनुसार पहले मंगला आरती होती है उसके बाद बालक राम का श्रृंगार किया जाता है|
जागृति आरती से दिन की शुरुआत
अयोध्या में भगवान रामलला के दरबार में दिन की शुरुआत जाग्रति आरती के साथ की जाती है. जिसे मंगला आरती भी कहा जाता है, ढोल नगाड़ो की मधुर ध्वनि के साथ बड़े ही लाड़ और प्यार से प्रभु को नींद से जगाया गया. उसके बाद सबसे पहले राम लला का दूध, ताजे दही, शुद्ध घी, शक्कर और शहद से बने पंचामृत से अभिषेक किया गया. उसके बाद प्रभु को शुद्ध निर्मल गर्म जल से स्नान कराया गया|
प्रभु का मनमोहक श्रृंगार
मंदिर में रामलला की सेवा पूजा पाठ बिलकुल ऐसे की जाती है जैसे घर में एक छोटे बालक की देखभाल की जाती है, स्नान के बाद प्रभु का श्रृंगार किया गया, जिसमे प्रभु को रेशमी ऊनी और सफ़ेद और नीले रंग के कपडे पहनाये गए, गले में सफ़ेद गुलाब पीले और बैगनी रंग के ताजे फूलो की माला और हीरे जवाहरात से जड़ा सुंदर हार और पैरो में सुंदर नागिनो वाला चाँदी का पायल, रामलला को पहनाया गया, और टिका चन्दन लगाया गया प्रभु का ये सुंदर स्वरुप बहुत मनमोहक लग रहा था, राम लला के लिए फूलो की माला खास तौर से दिल्ली से मंगाई जाती है, श्रृंगार के बाद प्रभु को माखन मिश्री का भोग लगाया जाता है तब भगवान राम का मुख मंगल ऐसा प्रतीत होता है जैसे वे मुस्कुरा रहे हो, भक्त बताते है प्रभु का मुख मंदर बिलकुल जीता जगता लगता है|
मौसम के अनुसार राम लला का श्रृंगार
मंदिर के पुजारी बताते है. कि प्रभु की सेवा में मौसम का खास ध्यान रखा जाता है. अभी टंड का मौसम है तो प्रभु को गर्म और ऊनी वस्त्र पहनाये जा रहे है और वही भोग में भी गर्म तासीर वाले पकवानो का ही भोग लगाया जा रहा. और ऐसे ही गर्मी के मौसम में सूती और हलके कपडे पहनाये जाते है और ठंडी चीजो का भोग लगाया जाता है|
प्रभु राम लला की सेवा
मंदिर में प्रभु की आरती पूजा पाठ का शिलशिला दिन भर जारी रहता है. सुबह की मंगला और श्रृंगार आरती के बाद दोपहर में भोग आरती की जाती है जिसमे प्रभु को मौसम के अनुसार बने पकवानो का भोग लगाया जाता है, उसके बाद कुछ समय के लिए मदिर बंद किये जाते है| जहा भगवान राम आराम करते है, उसके बाद दोपहर 2 बजे उत्थापन आरती की जाती है. और फिर शाम को 7 बजे संध्या आरती की जाती है. जिसमे पूरा मंदिर परिसर दीपों की रौशनी से जगमगा उठता है. उसके बाद रात में 9 बजे शयन आरती की जाती है फिर अगले दिन तक के लिए मंदिर के पट बंद कर दिए जाते है|
श्रद्धालुओ की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम
दर्शन पर आने वालो भक्तो के लिए मंदिर ट्रस्ट ने अच्छे इंतजाम रखे है किसी को कोई असुविधा न हो इसके लिए मंदिर प्रशासन और सुरक्षा के जवान हर समय तैनात रहते हैं, जय श्री राम|