Ram Lala Aarti Live Today 10 Feb : दिव्य आभूषणों और रेशमी वस्त्रों में रामलला का अलौकिक श्रृंगार, घर बैठे करें साक्षात् दर्शन
आज फाल्गुन मास की शुक्ल पक्ष की नवमीं तिथि दिन मंगलवार है भगवान राम की नगरी अयोध्या में आज भक्ति का अनोखा नजारा देखने को मिल रहा है हजारों भक्तो की भारी भीड़ और जय श्री राम के जयघोष के साथ जब मंदिर का पट खोला गया तो पूरा परिसर गूंज उठा
Ram Lala Aarti Live Today 10 Feb : दिव्य आभूषणों और रेशमी वस्त्रों में रामलला का अलौकिक श्रृंगार, घर बैठे करें साक्षात् दर्शन
Ram Lala Aarti Live Today 10 Feb 2026 : अयोध्या : आज फाल्गुन मास की शुक्ल पक्ष की नवमीं तिथि दिन मंगलवार है भगवान राम की नगरी अयोध्या में आज भक्ति का अनोखा नजारा देखने को मिल रहा है हजारों भक्तो की भारी भीड़ और जय श्री राम के जयघोष के साथ जब मंदिर का पट खोला गया तो पूरा परिसर गूंज उठा सुबह से ही श्रद्धालु लंबी लाईनों में भगवान राम के दर्शन के लिए लगे रहें नियमानुसार पहले मंगला आरती होती है उसके बाद बालक राम का श्रृंगार किया जाता है.
मंगला आरती
अयोध्या में भगवान रामलला के दरबार में दिन की शुरुआत जाग्रति आरती के साथ की जाती है जिसे मंगला आरती भी कहा जाता है ढोल नगाड़ो की मधुर ध्वनि के साथ बड़े ही लाड़ और प्यार से प्रभु को नींद से जगाया गया उसके बाद सबसे पहले राम लला का दूध ताजे दही शुद्ध घी शक्कर और शहद से बने पंचामृत से अभिषेक किया गया उसके बाद प्रभु को शुद्ध निर्मल गर्म जल से स्नान कराया गया.
मनमोहक श्रृंगार
मंदिर में रामलला की सेवा पूजा पाठ बिलकुल ऐसे की जाती है जैसे घर में एक छोटे बालक की देखभाल की जाती है स्नान के बाद प्रभु का श्रृंगार किया गया जिसमे प्रभु को आज खास रेशमी ऊनी और गाजरी रंग के प्रिंटेड सुंदर कपड़े पहनाये गए गले में बैगनी, पीले और सफ़ेद रंग के ताजे फूलो की माला और हीरे जवाहरात से जड़ा सुंदर हार मोतियों की माला कमर में सुंदर करधन और पैरो में सुंदर नागिनो वाला चाँदी का पायल प्रभु को पहनाया गया और चन्दन का टिका लगाया गया प्रभु का ये सुंदर स्वरुप बहुत मनमोहक लग रहा था राम लला के लिए फूलो की माला खासदिल्ली से मंगाई जाती है श्रृंगार के बाद प्रभु को माखन मिश्री का भोग लगाया जाता है तब भगवान राम का मुख मंगल ऐसा प्रतीत होता है जैसे वे मुस्कुरा रहे हो, भक्त बताते है प्रभु का मुख मंदर बिलकुल जीवंत लगता है.
मौसम के अनुसार रामलला का श्रृंगार
मंदिर के पुजारी बताते है कि प्रभु की सेवा में मौसम का खास ध्यान रखा जाता है अभी ठंड का मौसम है तो प्रभु को गर्म और ऊनी वस्त्र पहनाये जा रहे है और वही भोग में भी गर्म तासीर वाले पकवानो का ही भोग लगाया जा रहा और ऐसे ही गर्मी के मौसम में सूती और हल्के कपडे पहनाये जाते है और ठंडी चीजो का भोग लगाया जाता है.
दिनभर भगवान रामलला की सेवा
मंदिर में प्रभु की आरती पूजा-पाठ का शिलशिला दिन भर जारी रहता है. सुबह की मंगला और श्रृंगार आरती के बाद दोपहर में भोग आरती की जाती है जिसमे प्रभु को मौसम के अनुसार बने पकवानो का भोग लगाया जाता है उसके बाद कुछ समय के लिए मदिर बंद किये जाते है जहा भगवान राम थोड़ी देर आराम करते है उसके बाद दोपहर 2 बजे उत्थापन आरती की जाती है और फिर शाम को 7 बजे संध्या आरती की जाती है जिसमे पूरा मंदिर परिसर दीपों की रौशनी से जगमगा उठता है उसके बाद रात में 9 बजे शयन आरती की जाती है फिर अगले दिन तक के लिए मंदिर के पट बंद कर दिए जाते है.
श्रद्धालुओ की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम
दर्शन पर आने वालो भक्तो के लिए मंदिर ट्रस्ट ने अच्छे इंतजाम रखे है किसी को कोई असुविधा न हो इसके लिए मंदिर प्रशासन और सुरक्षा के जवान हर समय तैनात रहते हैं जय श्री राम.