IPS का इस्तीफा: राजनीति पार्टी में होंगे शामिल, डीजीपी से विवाद के बाद हुये थे चर्चित
कश्मीर 26 जून 2022। वरिष्ठ आईपीएस और जम्मू कश्मीर के पूर्व आईजीपी ट्रैफिक बसंत रथ ने इस्तीफा दे दिया है। आईपीएस ने इसकी जानकारी अपने सोशल मीडिया एकाउंट के जरिये पोस्ट कर दी है। अटकले हैं कि वो किसी राजनीतिक पार्टी में शामिल होकर चुनाव लड़ सकते है।
उन्होने जो पोस्ट में लिखा है, वो इस प्रकार है... मैं चुनावी यराजनीति में षामिल होना चाहता हूं और इसको लेकर मै भारतीय सेवा से सेवानिवृत होना चाहता हूं।
Politics is a noble profession. pic.twitter.com/K6HckP4VXp
— ବସନ୍ତ بسنت बसंत (@KangriCarrier) June 26, 2022
बता दें, 2000 बैच के आईपीएस बंसत रथ जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के पूर्व छात्र हैं। वर्ष 2002 में बसंत रथ पहली बार पुंछ जिला के मंडी में तैनात हुए थे।जम्मू कश्मीर के सबसे चर्चित चेहरों में से एक रहे है। बसंत रथ का जन्म ओडिशा के पुरी जिले के पिपली के उत्तरकाशी गांव में हुआ। उनके पिता हर्षिकेश गांव के पुजारी और किसान थे।
2020 में डीजीपी से दुव्र्यवहार और अनुशासनहीनता के चलते गृह मत्रालय ने सस्पेंड कर दिया था। दरअसल डीजीपी दिलबाग सिंह के खिलाफ लगातार मोर्चा खोले हुये थे। डीजीपी से उन्होंने खुद के जान को खतरा बताया था। इसके बाद ट्विटर पर अपने अकाउंट से वह बिना नाम लिखे लगातार डीजीपी को निशाना बना रहे थे। हालांकि डीजीपी ने इस बारे में केंद्रीय मंत्रालय को सूचित किया था, जिसके कुछ दिनों बाद ही गृह मंत्रालय की तरफ से जांच की गई और फिर आईपीएस को सस्पेंड कर दिया गया था।
If I ever join a political party, it WILL be BJP.
— ବସନ୍ତ بسنت बसंत (@KangriCarrier) June 25, 2022
If I ever contest an election, it WILL be from Kashmir.
If I ever join politics, it WILL be before March 6, 2024.
IPS बसंत रथ के साथ खास बात है कि वह नौकरी के दौरान एक जगह ज्यादा देर तक नहीं टिके हैं। जब वह एसएसपी जम्मू तैनात थे, तो उस समय भी एक मामले को लेकर चर्चा में आए थे। उस समय भी उनके खिलाफ कार्रवाई की गई थी। उसके बाद उन्हें होमगार्ड में भेज दिया गया। काफी समय तक वह वहां पर तैनात रहे। जब वह आईजी बनाए गए तो ट्रैफिक में लगाया गया। लेकिन विवादों के कारण फिर से हटा दिया गया।