बड़ी खबर: नक्सल क्षेत्र में पदस्थ पुलिसकर्मियों को दो मकान की पात्रता नहीं, गृह विभाग ने जारी किया बेदखली का आदेश; पुलिसकर्मियों में नाराजगी
मध्यप्रदेश में यह आदेश निरस्त करने का हवाला देकर छत्तीसगढ़ में मकान खाली कराने की तैयारी
Chhattisgarh ACB-EOW Raid
रायपुर, 27 मई 2022। नक्सल प्रभावित क्षेत्र में पदस्थ पुलिसकर्मियों को अब दो मकान रखने की पात्रता नहीं होगी। गृह विभाग ने ऐसे सभी पुलिसकर्मियों से मकान खाली कराने का फरमान जारी कर दिया है। यही नहीं, जो लोग मकान खाली नहीं करेंगे, उन पर पेनल रेंट लगाने की चेतावनी दी है। गृह विभाग के इस आदेश के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप है। साथ ही, इस फैसले से पुलिसकर्मियों में नाराजगी भी देखी जा रही है, क्योंकि नक्सल प्रभावित क्षेत्र में तैनात पुलिसकर्मियों को मोरल सपोर्ट देने के उद्देश्य से सरकार ने पूर्व पदस्थापना के समय अलॉट मकान पर परिवार को रखने की सुविधा दी थी, जिससे पुलिसकर्मी नक्सलियों से लड़ें और उनके परिवार, बच्चों की पढ़ाई में किसी तरह की दिक्कत न आए। इस एक फैसले से सैकड़ों की संख्या में पुलिसकर्मियों का परिवार सीधे तौर पर प्रभावित होगा।
छत्तीसगढ़ में 14 नक्सल प्रभावित जिले
गृह विभाग के संयुक्त सचिव अभिजीत सिंह ने जो आदेश जारी किया है, उसमें मध्यप्रदेश के फैसले का उल्लेख किया है। मध्यप्रदेश में दोहरे मकान की पात्रता खत्म कर दी गई है। इस पर छत्तीसगढ़ के पुलिसकर्मियों के तर्क है कि मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या में बड़ा अंतर है। नक्सलियों का कोर जोन छत्तीसगढ़ में है। यहां 14 जिले नक्सल प्रभावित हैं। मध्यप्रदेश में छिटपुट घटनाएं ही होती हैं। ऐसे में मध्यप्रदेश से तुलना करना गलत है।