एआई समिट में भारी बवाल! यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शर्ट उतारकर किया प्रदर्शन, दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया, देखें शर्टलेस प्रोटेस्ट का VIDEO
Bharat Mandapam Protest : भारत मंडपम में चल रहे अंतरराष्ट्रीय इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में आज शुक्रवार को उस वक्त हंगामा हो गया, जब भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता हॉल के अंदर शर्टलेस होकर प्रदर्शन करने लगे. पीएम मोदी और अमेरिका के साथ व्यापार समझौते के खिलाफ नारेबाजी कर रहे इन कार्यकर्ताओं ने क्यूआर कोड के जरिए एंट्री ली थी. सुरक्षा में सेंध और विदेशी मेहमानों के सामने हुए इस ड्रामे के बाद पुलिस ने 10 लोगों को हिरासत में लिया है.
एआई समिट में भारी बवाल! यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने शर्ट उतारकर किया प्रदर्शन, दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया, देखें शर्टलेस प्रोटेस्ट का VIDEO
Youth Congress Protest Bharat Mandapam : नई दिल्ली : देश की राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित हो रहे हाई-प्रोफाइल इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 में आज शुक्रवार को उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता विरोध प्रदर्शन करने पहुंच गए. अंतरराष्ट्रीय स्तर के इस शिखर सम्मेलन में कार्यकर्ताओं ने न केवल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की, बल्कि बीच हॉल में अपनी टी-शर्ट उतारकर प्रदर्शन करने लगे. इस घटना ने वहां मौजूद विदेशी मेहमानों और दिग्गज टेक लीडर्स को हैरान कर दिया.
QR कोड से एंट्री लेकर घुसे प्रदर्शनकारी
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, करीब 10 युवा कांग्रेस कार्यकर्ता सामान्य आने वालो की तरह QR कोड के जरिए एंट्री लेकर हॉल नंबर-5 में घुसे थे. अंदर पहुंचते ही इन कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी शुरू कर दी. प्रदर्शनकारियों ने ऐसी सफेद टी-शर्ट पहन रखी थीं, जिन पर पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीरें छपी थीं. इन पर इंडिया-यूएस ट्रेड डील और एपस्टीन फाइल्स जैसे विवादास्पद नारे लिखे थे. प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने अपनी टी-शर्ट उतार दी और शर्टलेस होकर विरोध जताया.
पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए करीब 10 लोगों को हिरासत में लिया है, जिनमें से 5 मुख्य कार्यकर्ताओं को तिलक मार्ग थाने ले जाया गया है. दिल्ली पुलिस इनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रही है.
बीजेपी का तीखा प्रहार: एआई का मतलब इनके लिए एंटी-इंडिया
इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में उबाल आ गया है. बीजेपी ने इसे भारत की वैश्विक छवि को धूमिल करने की कहा है. बीजेपी प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने तंज कसते हुए कहा, पूरी दुनिया भारत की एआई क्षमता की तारीफ कर रही है, लेकिन कांग्रेस के लिए AI का मतलब एंटी इंडिया है. यह बीजेपी का नहीं, बल्कि भारत की उपलब्धि का विरोध है.
बीजेपी नेता अमित मालवीय ने इसे शर्मनाक बताते हुए कहा कि जब भारत एक वैश्विक महाशक्ति के रूप में खुद को स्थापित कर रहा है, तब राहुल गांधी के कार्यकर्ता ब्रेनलेस और कैरेक्टरलेस होकर देश को शर्मिंदा कर रहे हैं. वहीं, प्रदीप भंडारी ने प्रदर्शनकारियों की तुलना शहरी नक्सलियों से कर दी.
वैश्विक दिग्गजों के बीच हुआ हंगामा
हैरानी की बात यह है कि इस समिट में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेस और ओपनएआई के सैम ऑल्टमैन जैसे दिग्गज हिस्सा ले रहे हैं. 16 से 20 फरवरी तक चलने वाले इस सम्मेलन का उद्घाटन खुद पीएम मोदी ने किया था. कांग्रेस नेता शशि थरूर ने भी इस समिट की तारीफ की थी, लेकिन अपनी ही पार्टी के कार्यकर्ताओं के इस रवैये ने कांग्रेस को बैकफुट पर धकेल दिया है. सुरक्षा एजेंसियों ने इस चूक के बाद भारत मंडपम की सुरक्षा और कड़ी करने का फैसला लिया है.
क्या है इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 जानिए इसकी खासियत
भारत की राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित हो रहा इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 वैश्विक स्तर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का सबसे बड़ा समागम बन गया है. यह सम्मेलन 16 फरवरी से आज 20 फरवरी 2026 तक चल रहा है, जिसे ग्लोबल साउथ में आयोजित होने वाला पहला वैश्विक एआई शिखर सम्मेलन माना जा रहा है. सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय की थीम पर आधारित इस पांच दिवसीय कार्यक्रम का उद्देश्य एआई तकनीक को केवल अमीरों तक सीमित न रखकर आम लोगों, किसानों और छोटे उद्यमियों के फायदे के लिए इस्तेमाल करना है.
समिट की खासियतें
इस शिखर सम्मेलन की सबसे बड़ी खासियत इसमें शामिल होने वाले दिग्गज हैं. इसमें गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई, माइक्रोसॉफ्ट के ब्रैड स्मिथ, और ओपनएआई के सैम ऑल्टमैन जैसे टेक लीडर्स के साथ-साथ फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों और संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेस ने भी शिरकत की है. समिट में सात थीम्स पर चर्चा की जा रही है, जिनमें सेहत, खेती, समावेशी शिक्षा और सुरक्षित एआई मुख्य हैं. प्रदर्शनी में स्वदेशी एआई टूल्स का प्रदर्शन किया जा रहा है, जो 22 भारतीय भाषाओं में काम कर सकते हैं, ताकि भाषा की बाधा को खत्म कर देश के हर नागरिक को तकनीक से जोड़ा जा सके.