भरी बरसात में निगम के सामने धरना पर बैठे कांग्रेसी पार्षद, लगाये गंभीर आरोप…कहां अपने ही सरकार में कोई सुनवाई नहीं

Update: 2021-05-20 08:35 GMT

कोरबा, 20 मई 2021। प्रदेश में हमारी सरकार है, निगम में हमारे कांग्रेस पार्टी के महापौर और सभापति है, लेकिन हमारी कोई सुनने वाला नही है….ये गंभीर आरोप किसी और ने नही बल्कि कांग्रेस के ही पार्षद और एमआईसी सदस्यों ने कोरबा में लगाया है। कोरोना संक्रमण के भयावह दौर में गरीब परिवारो का राशन कार्ड नही बनने और उन तक राशन नही पहुंचने को लेकर आज कोरबा नगर निगम के कांग्रेस पार्षद और एमआईसी सदस्यों का गुस्सा फूट पड़ा। फिर क्या था शाम के वक्त कोरबा में तेज बारिश हो रही थी और इसी बारिश के बीच करीब 15 कांग्रेसी पार्षद और एमआईसी सदस्य निगम के गेट के सामने भरी बारिश में ही धरने पर बैठ गये और निगम प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे।

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पार्षद अमरजीत सिंह ने निगम अफसरों पर आरोप लगाते हुए बताया कि उनके क्षेत्र कुसमुंडा में 30 बेड का कोविड सेंटर बनाया गया है। सेंटर में 13 मरीज भर्ती है, मरीजो के बेहतर स्वास्थ के लिए पार्षद मद से अमरजीत सिंह और पार्षद साहिद कूजूर ने आक्सीजन कंशनटेटर कोविड सेंटर में दिया था। लेकिन कोविड सेंटर में दिये गये आक्सीजन कंशनटेटर को उठाकर सीपेट में बने कोविड सेंटर में भिजवा दिया गया।
पार्षदो ने आरोप लगाते हुए कहां कि पार्षद मद से खरीदे गये समानो पर निगम प्रशासन बेजा कब्जा कर पार्षद मदों का दुरूपयोग कर रहे है। निगम के असफरो की उदासीनता के कारण पार्षद अपने जेब से पैसा लगाकर राशन वितरण करने के साथ ही अपने खर्चे पर क्षेत्र में सेनेटाईजेशन का काम करवा रहे है। वहीं एमआईसी सदस्य कृपाराम साहू ने अपने ही सरकार और निगम अफसरो की कार्य प्रणाली को कटघरे में खड़ा कर दिया। उन्होने आरोप लगाया कि कोरोना संक्रमण के इस दौर में गरीबों को राशन तो नही दिया जा रहा है, उल्टे इस कोविड काल में निगम के अफसर पैसा लेकर अवैध निर्माण को संरक्षण दे रहे है। एमआईसी सदस्य कृपाराम साहू यहीं नही रूके उन्होने निगम के अफसरों पर गरीबों से 3-3 हजार रूपये लेकर राशन कार्ड बनाने का भी गंभीर आरोप लगाया है। कांग्रेसी पार्षदो की नाराजगी ने आज एक बार फिर नगर निगम कोरबा में व्याप्त अराजकता की पोल खोल दी है।
आंदोलन कर रहे 15 कांग्रेसी पार्षद और एमआईसी सदस्यों ने इस मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की है, वरना सभी एक साथ सामूहिक इस्तीफा दे देंगे।
खबर लिखे जाने तक पार्षद और निगम आयुक्त एस.जयवर्धन के बीच चर्चा जारी है। वहीं इन सबके बीच पार्षदो ने जिस तरह से भ्रष्टाचार के साथ ही अपनी अनदेखी के गंभीर आरोप लगाये है, वो कही ना कही पूरे सिस्टम पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। क्योंकि कोरबा से ही कॉंग्रेस के कद्दावर राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल आते है, मंत्री के जिले में जिस तरह से कांग्रेसी पार्षदो ने आंदोलन किया है वो कई सवाल खड़े करते हैं।

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