डीपीआई ने प्रिंसिपल को जारी किया शोकॉज नोटिस, जवाब के 7 दिन की मोहलत, तय समय पर जवाब न मिलने पर होगी एकतरफा कार्रवाई...

Teacher News: लोक शिक्षण संचालनालय DPI ने तत्कालीन प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ (छ.ग.) वर्तमान में सेजेस सारंगढ़, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ सेजेस जे प्राचार्य एल.पी. पटेल को शोकॉज नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जारी नोटिस में प्राचार्य पटेल और गंभीर आरोप लगाए गए हैं।

Update: 2026-03-20 12:18 GMT
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रायपुर। 20 मार्च 2026|लोक शिक्षण संचालनालय DPI ने तत्कालीन प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ (छ.ग.) वर्तमान में सेजेस सारंगढ़, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ सेजेस जे प्राचार्य एल.पी. पटेल को शोकॉज नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जारी नोटिस में प्राचार्य पटेल और गंभीर आरोप लगाए गए हैं।

डीपीआई ने नोटिस के जवाब के लिए 7 दिनों की मोहलत दी है। तय समय पर जवाब ना मिलने और एकतरफा कार्रवाई की चेतावनी दी। डीईओ के प्रभार में रहने के दौरान बरती गई अनियमितता को लेकर नोटिस जारी किया गया है।

बता दें, डीपीआई ने जारी नोटिस में सिलसेवार आरोप को गिनाया है। एक गम्भीर आरोप है, जेडी के निर्देश की अवहेलना को डीपीआई ने नाराजगी जाहिर की है। संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर द्वारा सुनील कर्ष, सहायक ग्रेड-2, शास.उ.मा.वि., टुण्ड्री का निलंबन आदेश व आरोप पत्र जारी किये जाने के पश्चात् भी बिना संयुक्त संचालक की अनुमति के कर्ष को पूर्व शाला में कार्यभार ग्रहण करने की अनुमति प्रदान करने का प्रभारी डीईओ पटेल पर आरोप है।

पढ़िए क्या है मामला, गड़बड़ियों की लंबी सूची

उपरोक्त विषयांतर्गत संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर के संदर्भित पत्र के अनुसार प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ के पद पर पदस्थी के दौरान स्वयं की सेवा पुस्तिका कार्यालय संभागीय संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर को प्रेषित न कर, सेवा पुस्तिका में स्वयं के द्वारा प्रविष्टि करने, अपने अधिकारों से परे जाकर सुषमा पटेल को सेजेस विद्यालय में पदस्थापना करने, युक्तियुक्तकरण 2025 में विभिन्न गंभीर अनियमितता करने एवं संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर द्वारा सुनील कर्ष, सहायक ग्रेड-2, शास.उ.मा.वि., टुण्ड्री का निलंबन आदेश व आरोप पत्र जारी किये जाने के पश्चात् भी बिना संयुक्त संचालक की अनुमति के कर्ष को पूर्व शाला में कार्यभार ग्रहण करने की अनुमति आपके द्वारा प्रदान करने के कारण संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर द्वारा आपको कारण बताओ सूचना पत्र जारी किया गया था, जिसका आपने कोई संतोषप्रद जवाब प्रस्तुत नहीं किया है।

नियमों के विपरीत किया स्कूल का युक्तियुक्तकरण

कलेक्टर, जिला सारगंढ़-बिलाईगढ़ के संदर्भित पत्र द्वारा प्राप्त प्रतिवेदन अनुसार आपके प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ के पद पर पदस्थी के दौरान युक्तियुक्तकरण हेतु गठित अनुभाग स्तरीय समिति, जिसमें अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं अन्य सदस्यों के द्वारा शा.प्रा.शाला रेंजरपारा एवं शा.प्राथ. शाला सहसपुर की परस्पर दूरी 500 मीटर से अधिक 0.8 किलोमीटर होने के कारण युक्तियुक्तकरण से रेंजरपारा को पृथक किये जाने हेतु प्रस्ताव दिया गया था । आपके द्वारा युक्तियुक्तकरण में शासन के आदेश की अवहेलना करते हुए नियम विरूद्ध शास. प्राथ. शाला रेंजरपारा को शास.प्राथ. शाला सहसपुर में मर्ज कर दिया गया। नियम विरूद्ध युक्तियुक्तकरण करने के कारण कलेक्टर, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ के द्वारा आपके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही किया जाना प्रस्तावित किया है।

अनुशासनहीनता और गंभीर कदाचरण

जारी नोटिस में लिखा है, उक्त कृत्य पदीय दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही, अनुशासनहीनता एवं स्वेच्छाचारिता का द्योतक है, जो छ.ग. सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 के विपरीत गंभीर कदाचार है।

जवाब के 7 दिनों की मोहलत, नहीं तो होगी एकतरफा कार्रवाई

उक्त संबंध में क्यों न आपके विरूद्ध छ.ग. सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के प्रावधानों के तहत कार्यवाही की जाये ? इस संबंध में आप अपना लिखित प्रतिवाद 07 दिवस के भीतर अधोहस्ताक्षकर्ता को प्रस्तुत करें । आपको यह भी सूचित किया जाता है कि यदि आपका प्रतिवाद निर्धारित समयावधि में प्राप्त नहीं होता है, तो आपके विरूद्ध नियमानुसार एकपक्षीय कार्यवाही की जावेगी ।

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