स्कूलों में छत्तीसगढ़ी में पढ़ाईः पहली से आठवीं तक छतीसगढ़ी भाषा मे पढ़ाई को लेकर हाइकोर्ट में जवाब देने शासन ने मांगा समय
रायपुर, 22 अक्टूबर 2021। पहली से ले कर आठवी तक छतीसगढ़ी भाषा में पढ़ाई करवाने को ले कर छतीसगढ़ी क्रांति सेना द्वारा दायर जनहित याचिका की चीफ जस्टिस की डिवीजन बैंच द्वारा हुई सुनवाई में शासन ने जवाब पेश करने के लिये एक हफ्ते का समय मांगा हैं। याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट यशवंत ठाकुर ने बताया की एनसीईआरटी के नेशनल कॅरिकुलम फ्रेम वर्क में कहा गया है कि यदि मातृ भाषा से पढ़ाया जाता हैं तो बच्चो को पढ़ाई करने में व समझने में आसानी होती हैं। याचिकाकर्ता के द्वारा प्रदेश के स्कूलों में पहली से 8 वी तक के स्कूलों में पाठ्यक्रम में छतीसगढ़ी भाषा को माध्यम बनाये जाने मांग की है। याचिका में कहा गया है कि जिस तरह अन्य राज्यो में वहां की मातृभाषा में पढ़ाया जाता है वैसे ही छतीसगढ़ प्रदेश में छतीसगढ़ी भाषा में पढ़ाई होनी चाहिए।एनसीईआरटी द्वारा तीन भाषा हिंदी,इंग्लिश व मातृभाषा मे पढ़ाई की अनुमति दी है। शासन ने जवाब देने के लिये 4 हफ़्तों का वक्त मांगा हैं।