Bihar Semiconductor Policy : बिहार में 2 लाख नौकरियों की तैयारी : चिप और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में बड़े बदलाव की ओर सरकार
Bihar Semiconductor Policy : बिहार सरकार राज्य में इलेक्ट्रॉनिक सामानों की फैक्ट्री बनाने की योजना बना रही है| जिसका मुख्य उद्देश्य राज्य में अगले कुछ सालो में 2 लाख से ज्यादा रोजगार पैदा करना हैं| इसके साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना हैं|
Bihar Semiconductor Policy : बिहार में 2 लाख नौकरियों की तैयारी : चिप और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में बड़े बदलाव की ओर सरकार
Bihar Semiconductor Policy : पटना : बिहार सरकार राज्य में इलेक्ट्रॉनिक सामानों की फैक्ट्री बनाने की योजना बना रही है| जिसका मुख्य उद्देश्य राज्य में अगले कुछ सालो में 2 लाख से ज्यादा रोजगार पैदा करना हैं| इसके साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना हैं|
Bihar Semiconductor Policy : बिहार की बीजेपी सरकार अब कृषि आधारित रोजगार और श्रम रोजगार से जुड़े कामो के आलावा हाई-टेक इंडस्ट्रीज को आगे बढ़ाने की दिशा में काम रही हैं| इसके साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की तैयारी हैं| अब बिहार में भी बनेंगे बिजली के हाई-टेक उपकरण और इलेक्ट्रॉनिक सामान. इस पर काम चल रहा है| इस प्लान के अनुसार तीन बड़ी चिप से संबंधित यूनिट लगाई जाएंगी। इससे जुड़े अधिकारियों ने बताया है. कि इससे आने वाले कुछ सालो में दो लाख से ज्यादा नौकरियां पैदा होंगी. जिससे बिहार विकास की दिशा में एक कदम और आगे बढेगा, और पढ़े-लिखे युवाओं को करियर बनाने का मौका भी मिलेगा|
इस योजना को साकार करने के लिए बिहार सरकार ने एक खास चिप पॉलिसी को मंजूरी दे दी है। इस पॉलिसी का उद्देश्य अगले 5 सालो में बिहार की अर्थव्यवस्था में सेमीकंडक्टर सेक्टर का हिस्सा 5 प्रतिशत तक बढ़ाने का है| सरकार सेमिकंडक्टर बनाने वाली बड़ी कंपनियों को आकर्षित करने के लिए आर्थिक मदद भी देगी.केंद्र सरकार से जो छुट मिलती हैं. इसके अलावा बिहार सरकार राज्य में इन्वेस्ट करने वाली कंपनियों को 20 फीसदी की सब्सिडी देगी. सरकार चाहती है, हाई टेक इंडस्ट्रीज के लिए बिहार अन्य राज्यों की तुलना में ज्यादा आकर्षक बने|
इस बड़े प्रोजेक्ट को संभालने के लिए बिहार सेमीकंडक्टर मिशन का गठन किया गया है। इसके सभी काम की देखरेख,मुख्य सचिव की एक उच्च स्तरीय टीम करेगी, इस इस मिशन का प्लान है. कि राज्य में 10 से ज्यादा सेमीकंडक्टर डिजाइन हाउस बनाया जाएँ.और इसके साथ ही चिप पैकेजिंग की नई सुविधाएं बनाई जाएगी, विश्व स्तर पर सेमीकंडक्टर सेंटर भी बनाए जायेंगे| इसके साथ ही ट्रेनिंग और स्किल प्रोग्राम शुरू किया जायेगा. जिससे बिहार के युवा दूसरी जगह नौकरी के बजाय, अपने घर में ही अच्छा करियर बनाने का उनको मौका मिलेगा|
इसके साथ ही सरकार ने अहम् फैसला लिया लिया है| विदेशी कंपनियों द्वारा स्थापित किए जाने वाले ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटरों को भी सरकार मदद देगी| ये सेंटर रिसर्च, डिजाइन, आईटी सेवाएं और बिजनेस ऑपरेशन आदि काम संभालेंगे। जो कंपनी बिहार के लोगो को नौकरी में प्राथमिकता देगी, सरकार उस कंपनी को सबसे ज्यादा आर्थिक मदद देगी| सरकार ने इन कंपनियों के लिए 50 करोड़ रुपये तक के रेंटल सपोर्ट और सब्सिडी का ऐलान किया है। कुल मिलाकर सरकार बिहार को एक मजबूत अर्थव्यवस्था बनाना चाहते है|