सावधान! एक 'Code' डायल करते ही खाली हो जाएगा आपका बैंक अकाउंट, सरकार ने जारी की Call Forwarding Scam की चेतावनी
USSD Call Forwarding Scam India News: भारत सरकार ने USSD-आधारित कॉल फॉरवर्डिंग स्कैम को लेकर अलर्ट जारी किया है। साइबर अपराधी डिलीवरी एजेंट बनकर आपसे एक कोड डायल करवाते हैं, जिससे आपकी कॉल्स और बैंक ओटीपी उनके पास पहुंच जाते हैं। फ्रॉड से बचने का तरीका और खुद को सुरक्षित रखने की पूरी जानकारी इस आर्टिकल में दी गई है।
Photo: AI-Generated Representational Image
USSD Call Forwarding Scam India: भारत सरकार ने देश में बढ़ते साइबर फ्रॉड को देखते हुए एक नई एडवाइजरी जारी की है। गृह मंत्रालय (MHA) के तहत आने वाले इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) ने नागरिकों को USSD-आधारित कॉल फॉरवर्डिंग स्कैम से सतर्क रहने को कहा है। इस धोखाधड़ी में साइबर अपराधी डिलीवरी एजेंट बनकर लोगों को निशाना बना रहे हैं। ये अपराधी चालाकी से आपके फोन की कॉल्स को अपने नंबर पर डाइवर्ट कर लेते हैं और फिर आपके बैंक अकाउंट और सोशल मीडिया को कंट्रोल करने लगते हैं। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपने फोन से कोई भी कोड डायल न करें।
क्या है USSD बेस्ड कॉल फॉरवर्डिंग स्कैम
सबसे पहले यह समझना जरूरी है कि USSD क्या होता है। यह दरअसल स्टार (*) और हैश (#) के साथ शुरू होने वाले खास कोड होते हैं, जिनका उपयोग टेलीकॉम कंपनियां बिना इंटरनेट के बैलेंस चेक करने या सर्विस एक्टिवेट करने के लिए करती हैं। अपराधी इसी टेक्नोलॉजी का गलत फायदा उठा रहे हैं। वे लोगों को झांसा देकर उनके फोन पर कॉल फॉरवर्डिंग सर्विस एक्टिवेट करवा देते हैं। एक बार यह सर्विस शुरू होने के बाद, आपके नंबर पर आने वाली सभी कॉल्स और उन पर मिलने वाले जरूरी ओटीपी (OTP) सीधे साइबर अपराधी के पास पहुंचने लगते हैं।
कैसे जाल बिछाते हैं ये शातिर अपराधी
इस स्कैम के काम करने का तरीका बहुत ही सोची-समझी साजिश जैसा है। सबसे पहले साइबर अपराधी आपको कुरियर या डिलीवरी एजेंट बनकर कॉल करते हैं। वे कहते हैं कि आपका कोई पार्सल आया है जिसे कन्फर्म करने के लिए आपको एक कोड डायल करना होगा। वे आपको 21 के साथ एक मोबाइल नंबर डायल करने को कहते हैं। जैसे ही आप यह कोड डायल करते हैं, आपके फोन की कॉल फॉरवर्डिंग चालू हो जाती है। इसके बाद आपके बैंक, व्हाट्सएप या टेलीग्राम के वेरिफिकेशन कोड अपराधी के फोन पर जाने लगते हैं, जिससे वे आसानी से आपके पैसे चोरी कर सकते हैं।
सुरक्षित रहने के लिए अपनाएं ये जरूरी स्टेप्स
साइबर एक्सपर्ट्स और सरकार ने इस फ्रॉड से बचने के लिए कुछ सख्त नियम बताए हैं:
▪︎ सबसे पहली बात यह है कि कभी भी किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपने फोन से 21, 61 या 67 जैसे कोड डायल न करें।
▪︎ अगर आपको जरा भी शक हो कि आपकी कॉल फॉरवर्ड की जा रही है, तो तुरंत अपने फोन से ##002# डायल करें।
▪︎ यह एक यूनिवर्सल कोड है जो सभी तरह की कॉल फॉरवर्डिंग सेटिंग्स को तुरंत बंद कर देता है।
▪︎ इसके अलावा, किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और हमेशा ऑफिशियल वेबसाइट से ही अपनी डिलीवरी ट्रैक करें।
फ्रॉड होने पर यहां करें तुरंत शिकायत
डिजिटल दुनिया में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है। अगर आप या आपके आसपास कोई भी व्यक्ति ऐसे किसी साइबर फ्रॉड का शिकार होता है, तो उसे छिपाएं नहीं। सरकार ने इसके लिए हेल्पलाइन नंबर 1930 जारी किया है, जहां आप तुरंत अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके अलावा आप नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल (www.cybercrime.gov.in) पर जाकर भी अपनी रिपोर्ट फाइल कर सकते हैं। समय पर दी गई जानकारी न केवल आपके पैसे वापस दिला सकती है, बल्कि इन अपराधियों को पकड़ने में भी मदद करती है।