Ashadh Month Tips: आषाढ़ माह नवविवाहितों के लिए क्यों हैं अशुभ?, जानिए इस माह में राशि के अनुसार उपाय करें
Ashadh Month Tips:आषाढ माह में क्या करना चाहिए और राशि के अनुसार क्या काम करें शुभ फल मिलेगा और इस माह से जुड़े नियम जानिए
Ashadh Month Tips: आषाढ़ माह नवविवाहितों के लिए क्यों हैं अशुभ?
आषाढ़ माह के बारे में ऐसी मान्यता है कि इस महीने में शादीशुदा जातकों विषेशतौर पर नवविवाहितों को साथ नहीं रहना चाहिए। ऐसा क्यों है? ये जानने के लिएइस महीने में नवविवाहित जोड़े अक्सर अलग हो जाते हैं क्योंकि ऐसा माना जाता है कि शादी के शुरुआती वर्षों में जोड़े को आषाढ़ महीने के दौरान एक साथ नहीं रहना चाहिए। इसके पीछे अलग-अलग लोग अलग-अलग वजहें बताते हैं। हालांकि सच तो यह है कि, पुराने जमाने में लोगों का मानना था कि यदि आषाढ़ के महीने में नवविवाहित जोड़े एक साथ रहते हैं और अगर लड़की को बच्चा हो जाता है, तो वह चैत्र महीने में बच्चे को जन्म दे सकती है।
चैत्र हिंदू वर्ष का महीना है और यह गर्मी के मौसम के आगमन का प्रतीक है। माना जाता था कि गर्मी के दिनों में नवजात शिशु और माँ को कुछ दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है इसलिए, यह सुझाव दिया गया कि नवविवाहित जोड़ों को पूरे आषाढ़ महीने के लिए अलग रहना चाहिए।
आषाढ़ के ठीक बाद आने वाले सावन के महीने में नवविवाहित जोड़ों को दोबारा साथ में रहने की अनुमति दे दी जाती थी।
यह भी माना जाता है कि आषाढ़ के महीने में नवविवाहित महिला को अपनी सास के साथ नहीं रहना चाहिए इसलिए नवविवाहिता को एक महीने के लिए मायके भेज दिया जाता है। इस तरह सास और बहू अपने रिश्ते पर काम कर सकती हैं और अपने मतभेदों को सुलझा सकती हैं। यह महीना दोनों महिलाओं को एक-दूसरे के प्रति अपने दृष्टिकोण पर पुनर्विचार करने और एक स्वस्थ माँ-बेटी की तरह के रिश्ते को बढ़ावा देता है।
आषाढ़ माह के राशि अनुसार उपाय
सनातन धर्म में आषाढ़ माह का काफी महत्व बताया जाता है तो आइए अब आगे बढ़ते हैं और जान लेते हैं कि आप अपनी राशि के अनुसार इस महीने क्या कुछ उपाय करके इस महीने का कई गुना फल अपने जीवन में प्राप्त कर सकते हैं।
- मेष राशि: मेष राशि के जातक अगर स्वास्थ्य संबंधित परेशानियों से जूझ रहे हैं या आपके घर में कोई स्वास्थ संबंधी परेशानियां उठा रहा है तो आप आषाढ़ के महीने में गाय को हरा मूंग खिलाएँ।
- वृषभ राशि: परिवार में सुख समृद्धि और कुंडली में शुक्र को मजबूत करने के लिए छोटी कन्याओं को मिश्री का दान करें।
- मिथुन राशि: अपने जीवन में भगवान विष्णु का आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए माँ भगवती के सामने धूप जलाएं।
- कर्क राशि: अपने जीवन में शुभ फल प्राप्त करने के लिए और हर काम में सफलता प्राप्त करने के लिए आषाढ़ महीने में बेल के फल को लाल कपड़े में बांधकर रख लें और जब आषाढ़ माह का समापन हो तो इसे किसी नदी में प्रवाहित कर दें।
- सिंह राशि: अगर आपके जीवन में कोई कार्य रुके हुए हैं तो आप आषाढ़ के महीने में माँ भगवती को लाल चंदन चढ़ाएँ और इसे अपने माथे पर भी लगाएं।
- कन्या राशि: कन्या राशि के जातकों को सुख-समृद्धि की प्राप्ति के लिए और पितरों की आत्मा की शांति के लिए आषाढ़ के महीने में पक्षियों को गेहूं खिलाने की सलाह दी जाती है।
- तुला राशि: अपने जीवन से कष्ट और तमाम परेशानियां दूर करने के लिए आषाढ़ के महीने में देवी भगवती को मसूर की दाल अर्पित करें और फिर इसे किसी सुहागिन महिला को दान कर दें।
- वृश्चिक राशि: सोया भाग्य जगाने के लिए तुलसी के पौधे में दीपक अवश्य जलाएं।
- धनु राशि: प्रेम जीवन को खुशहाल बनाने के लिए या अपना वैवाहिक जीवन शुभ बनाए रखने के लिए देवी भगवती के मंदिर में घी और सिंदूर मिश्रित दीपक जलाएं।
- मकर राशि: अपने जीवन में सुख सौभाग्य के लिए आषाढ़ के महीने में विष्णु मंदिर में जाकर भगवान विष्णु को अशोक के पत्ते की माला अर्पित करें।
- कुम्भ राशि: आर्थिक पक्ष में सुधार लाने के लिए आषाढ़ के महीने में गरीब बच्चों को मीठी चीजों का दान करें।
- मीन राशि: पुण्य फल की प्राप्ति के लिए आषाढ़ माह में तांबे के लोटे में गेहूं भरकर उसे लाल कपड़े से ढक कर किसी गरीब को दान कर दें।