सिंहदेव के बिलासपुर- मुंगेली दौरे से सियासी सनसनी, जानिए भाजपा नेता से क्यों मिले टीएस...

CG Congress Politics: पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव लंबे समय बाद दो दिनों तक बिलासपुर, कबीरधाम और मुंगेली क्षेत्र के दौरे पर रहे। उनके इस दौरे ने कांग्रेसी खेमे में हलचल मचा दी है और सभी इस दौरे के पीछे की कहानी समझने की कोशिश कर रहे हैं।

Update: 2026-04-07 09:12 GMT

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बिलासपुर। 7 अप्रैल 2026| पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव सत्ता और संगठन में समीकरण बदलने के बाद से केवल आवश्यक दौरे करते रहे हैं। बीते कुछ समय से वे भोपाल और दिल्ली प्रवास पर ज्यादा रहे हैं। सत्ता में ढाई साल सीएम बनने की कवायद सफल नहीं हो सकी, वहीं उनकी दिली इच्छा है, हाईकमान के आदेश पर प्रदेश संगठन का नेतृत्व कर लें। इसमें भी अब कोई हलचल नहीं दिख रहा है, बल्कि वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज अपनी नई टीम बनाने में जुट गए हैं। वरिष्ठ नेता होने के नाते सिंहदेव के सरगुजा के अलावा बिलासपुर में भी कई समर्थक हैं। इस बार वे दो दिनों पांच और छह अप्रैल को रायपुर से आकर बिलासपुर, कबीरधाम और मुंगेली के दौरे पर रहे। छह अप्रैल की रात उनकी रायपुर वापसी का शेड्यूल बना था।

सिंहदेव के दौरे को लेकर खुद कांग्रेसी, समीकरण देख कर समीक्षा कर रहे हैं। दो दिनों के दौरे को सिंहदेव के फिर से सक्रिय होने और लोगों से संपर्क बनाए रखने की कवायद के रूप में देखा जा रहा है। इस दौरे में उन्होंने न केवल भाजपा नेता से मुलाकात की, बल्कि कांग्रेसियों से भी उनके घरों तक में जाकर भेंट की। साथ ही वर्तमान भाजपा सरकार के अलावा कांग्रेस की सांगठनिक गतिविधियों पर भी विस्तार से चर्चा की। रायपुर से निकल कर सिंहदेव पांच अप्रैल को सबसे पहले वरिष्ठ भाजपा नेता और बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक के घर गए। वहां उन्होंने कौशिक से बड़ी ही आत्मीयता से मुलाकात की और उनके बड़े भाई भुलाऊ प्रसाद कौशिक के देहावसान पर अपनी श्रद्धांजलि दी। इससे पहले नेता प्रतिपक्ष डॉ चरण दास महंत भी कौशिक के निवास पर जा चुके हैं।

इसके बाद सिंहदेव ने लोरमी की ओर रुख किया। इससे पहले उन्होंने कोटा के रेस्ट हाउस में रात्रि विश्राम किया। खास बात यह है कि उन्होंने अगले दिन उन कांग्रेसियों से भी भेंट की, जो अब पद पर नहीं हैं, मगर उनसे आत्मीय नाता बना हुआ है। लोरमी जाते हुए उन्होंने कोटा में विवेक वाजपेयी से मुलाकात की। फिर लोरमी में पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष पवन अग्रवाल से मिलने के बाद बोरतरा में पूर्व विधायक भूपेंद्र सिंह के घर गए। मुंगेली के डिंडौरी में कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन में भी शामिल हुए। यहां से वे सीधा कबीरधाम जिले के पंडरिया गए और उनकी जिला अध्यक्ष नवीन जायसवाल से मुलाकात हुई। वापसी में फिर उन्होंने मुंगेली में वरिष्ठ कांग्रेसी संजीत बनर्जी से भेंट की, जिनके भाई शशि बनर्जी का देहांत हुआ है। इस तरह पूरे दौरे में सिंहदेव ने लोगों के घर जाने और व्यक्तिगत रूप से मुलाकात पर ही जोर दिया है। दौरा समाप्त होने के बाद कांग्रेसी इस पर कयास लगाते बैठे हुए हैं।

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