Gold Rate Today: सोने-चांदी की कीमतों में लगातार तीसरे दिन गिरावट, चांदी भी हुई सस्ती, चेक करें देश भर के बड़े शहरों के लेटेस्ट रेट
Gold Rate Today 8 April: 8 अप्रैल को भारतीय सराफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट आई है। बेस इंपोर्ट प्राइस घटने और ग्लोबल सीजफायर के कारण 24 कैरेट गोल्ड और एक किलो चांदी सस्ती हुई है।
Gold Price 8 April: भारतीय सराफा बाजार में 8 अप्रैल को लगातार तीसरे दिन सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। अमेरिका और ईरान के बीच हुए सीजफायर और भारत सरकार द्वारा बेस इंपोर्ट प्राइस में कटौती के फैसले से दोनों कीमती धातुएं सस्ती हुई हैं। इन ग्लोबल और पॉलिसी बदलावों से ग्राहकों को अब गहने खरीदने में आर्थिक राहत मिलेगी।
दिल्ली समेत 10 बड़े शहरों में सोने का लेटेस्ट भाव
राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट और 22 कैरेट गोल्ड के दाम प्रति 10 ग्राम 10 रुपये तक सस्ते हुए हैं। पिछले दो दिनों के आंकड़ों को देखें तो सोने की कीमतों में 1110 रुपये तक की बड़ी गिरावट आ चुकी है। देश बाहर के अहम शहरों के ताजा रेट्स की बात करें तो दिल्ली, लखनऊ और जयपुर में 24 कैरेट गोल्ड 1,49,980 रुपये और 22 कैरेट गोल्ड 1,37,490 रुपये प्रति 10 ग्राम के भाव पर ट्रेड कर रहा है। वहीं मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु और हैदराबाद में 24 कैरेट सोना 1,49,830 रुपये पर आ गया है। सबसे महंगा सोना चेन्नई में है जहां 24 कैरेट का रेट 1,51,190 रुपये बना हुआ है।
चांदी की कीमतों में भी गिरावट, चेन्नई में सबसे महंगी
सोने के साथ-साथ चांदी की चमक भी फीकी पड़ी है। लगातार पांच दिनों की स्थिरता के बाद आज एक किलो चांदी 100 रुपये सस्ती हुई है। दिल्ली, मुंबई और कोलकाता के सराफा बाजारों में एक किलो चांदी 2,49,900 रुपये के भाव पर बिक रही है। वहीं चेन्नई में चांदी के रेट सबसे ज्यादा 2,54,900 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गए हैं।
सोने-चांदी के दाम घटने की असल वजह क्या है?
जेएम फाइनेंशियल सर्विसेज के एक्सपर्ट्स के मुताबिक पश्चिमी एशिया में अमेरिका और ईरान के बीच हुए सीजफायर का सीधा असर फिजिकल मार्केट की डिमांड पर पड़ा है। इसके अलावा भारत सरकार ने सोने के बेस इंपोर्ट प्राइस में लगभग 7.6 फीसद और चांदी में करीब 14 प्रतिशत की बड़ी कटौती की है।
इस सरकारी फैसले से ज्वेलरी कंपनियों की मैन्युफैक्चरिंग लागत घटेगी जिसका सीधा फायदा रिटेल ग्राहकों को सस्ते गहनों के रूप में मिलेगा। अब सराफा बाजार के निवेशकों की नजरें आज आने वाली आरबीआई की मॉनिटरी पॉलिसी और अमेरिकी मार्केट के आर्थिक डेटा पर टिकी हैं।