वास्तु शास्त्र के अनुसार, सीढ़ियों के नीचे सामान रखने से पहले यह देखना जरूरी है कि वह दिशा किस तत्व से जुड़ी है. गलत चीजें रखने से वास्तु दोष बन सकता है और घर में नकारात्मक ऊर्जा बढ़ सकती है.
ईशान कोण देवताओं की दिशा है और जल तत्व से जुड़ा है. इस दिशा में सीढ़ियां होना शुभ नहीं माना जाता. यहां सीढ़ियों के नीचे हल्की और जल से संबंधित चीजें रखें.
वास्तु शास्त्र के अनुसार, जैसे छोटा फिश एक्वेरियम, हल्के गमलों में छोटे पौधे या पानी भरी बोतल. भारी सामान न रखें और जगह को हमेशा साफ रखें.
दक्षिण-पूर्व यानी आग्नेय दिशा अग्नि तत्व की है और दक्षिण दिशा स्थिरता और भारी सामान के लिए शुभ मानी जाती है. इस दिशा में सीढ़ियों के नीचे इनवर्टर, गैस सिलेंडर, वाशिंग मशीन, बड़े गमलों में पौधे या अलमारी रख सकते हैं.
उत्तर और पूर्व दिशा जल और वायु तत्व से जुड़ी है. इस दिशा में जितना संभव हो खाली जगह रखें. अगर रखना ही हो तो हल्की चीजें रखें, जैसे छोटे पौधे या फिश एक्वेरियम ही रखें.
दक्षिण-पश्चिम दिशा घर की स्थिरता और रिश्तों की दिशा मानी जाती है. यहां भारी समान, बड़े गमले, पौधे या फर्नीचर रखा जा सकता है.
पश्चिम और उत्तर-पश्चिम दिशा में मध्यम वजन की चीजें रखें जैसे मीडियम गमलों में पौधे या छोटी अलमारी रखें.
सीढ़ियों के नीचे कचरा, जूते-चप्पल, टूटी चीजें, पुराने कपड़े या बाथरूम से जुड़ी वस्तुएं बिल्कुल न रखें. सही दिशा के अनुसार चीजें रखने से घर में सकारात्मक ऊर्जा और शांति बनी रहती है.