Tatamari Eco Tourism place: बस्तर का टाटामारी ईको टूरिज़्म प्लेस किसी जन्नत से कम नहीं, फोटो में देखिए खूबसूरत नज़ारे...
छत्तीसगढ़ के बस्तर का टाटामारी ईको टूरिज़्म प्लेस नेचुरल ब्यूटी देखने के शौकीनों के लिए परफेक्ट डेस्टिनेशन है। मोड़दार रास्ते,हरे-भरे जंगल और कदम-कदम पर झरने। इतनी सुंदरता कि आंखें झपकना भूल जाएं।
टाटामारी तक पहुंचने के लिए आपको केशकाल घाटी से गुज़रना होता है। घाटी में 12 मोड़ों वाली सड़क है। ये मोड़ दिल हिला कर रख देते हैं। इन्हें स्थानीय तौर पर 'बारा भांवर' (12 मोड़) के नाम से जाना जाता है।
यहां से आप केशकाल घाट के कोने पर स्थित टाटामारी पहुंचेगें। इसका प्रवेशद्वार बहुत विशाल और कलात्मक है कि इसे देखने के लिए ही आप ठहर जाएंगे।
अंदर जाने पर बड़ा सारा अच्छी तरह विकसित गार्डन और वाॅक वे नज़र आएगा जो बेहद ही खूबसूरत है।
यहां व्यूप्वाइंट पर आप वुडन रेलिंग के सहारे खड़े होकर विहंगम प्राकृतिक दृश्यों को निहार सकते हैं। हर तरफ हरियाली ही हरियाली, घनेरे जंगल नज़र आएंगे ।
यहां आसपास छोटे-बड़े 17 से ज्यादा झरने हैं। हरियाली की चादर ओढ़े पहाड़ों के बीच कब आपको एक नया झरना देखने मिल जाए, कहना मुश्किल है।
केशकाल के टाटामारी में दो पहाड़ियों को जोड़कर ग्लास ब्रिज तैयार किया जा रहा है, जिसपर से पर्यटक केशकाल घाटी के सौंदर्य को करीब 90 मीटर की ऊंचाई से निहार सकेंगे।
ब्रिज पर से पर्यटक बस्तर की शान 'तीरथगढ़ वाॅटरफाॅल' को एकदम सामने से देख पाएंगे और यह बहुत बड़ा आकर्षण होगा।
साथ ही आप यहां एडवेंचर स्पोर्ट्स, ट्रेकिंग, बर्ड वाॅचिंग और फिशिंग जैसे शौक भी पूरे कर सकते हैं।
यहां आसपास के गांवों में आप स्थानीय बाजार, खानपान का आनंद ले सकते हैं और आदिवासी संस्कृति, लोकनृत्य आदि भी देख सकते हैं।