स्मार्टफोन इंडस्ट्री में AI का दौर चल रहा है और Samsung Electronics ने इस दिशा में एक बड़ा कदम उठा लिया है। कंपनी ने Galaxy AI प्लेटफॉर्म को अपग्रेड करने का ऐलान किया है। अब इसे मल्टी-एजेंट सिस्टम में बदला जाएगा जिसका मतलब यह है कि एक ही फोन में कई AI एजेंट साथ मिलकर काम करेंगे। तो आइए जानते है पूरी डिटेल्स...
रिपोर्ट के मुताबिक लगभग 80 फीसदी यूजर्स दो या उससे ज्यादा AI सर्विसेज यूज करते हैं। तो कंपनी ने सोचा कि क्यों न Galaxy AI को ही ऐसा बना दिया जाए कि यूजर को बाहर जाने की जरूरत ही न पड़े।
इसी वजह से मल्टी-एजेंट अप्रोच अपनाई जा रही है ताकि यूजर अपनी मर्जी से AI चुन सके और एक ही जगह सब कुछ मैनेज कर सके।
Galaxy AI की सबसे अहम बात यह है कि ये सिर्फ किसी एक ऐप के अंदर नहीं चलेगा। यह पूरे ऑपरेटिंग सिस्टम में घुला हुआ रहेगा। मतलब फोन यूजर की आदतों को, उसकी जरूरतों को और उसके काम करने के तरीके को समझेगा और उसी हिसाब से रिस्पॉन्ड करेगा।
जैसे मान लीजिए कोई यूजर Samsung Notes में कुछ लिख रहा है और उसे बीच में कोई फोटो ढूंढनी है या कोई रिमाइंडर सेट करना है तो उसे अलग से Gallery या Calendar ऐप खोलने की जरूरत नहीं पड़ेगी। AI बैकग्राउंड में खुद ये सब हैंडल कर लेगा। यही चीज इसे बाकी AI फीचर्स से अलग बनाती है।
एक और बड़ी बात यह है कि Samsung ने Perplexity AI को भी अपने आने वाले फ्लैगशिप फोन्स में शामिल करने की बात कही है। इसे एक्टिवेट करने के लिए यूजर को बस "Hey Plex" बोलना होगा या फिर साइड बटन दबाना होगा और यह तुरंत काम करने लगेगा।
Perplexity AI सीधे Samsung के अपने ऐप्स जैसे Notes, Gallery, Calendar, Reminder और Clock के साथ डीप लेवल पर कनेक्ट रहेगा। इसका फायदा ये होगा कि यूजर एक ही फ्लो में कई स्टेप वाले काम निपटा सकेगा बिना ऐप स्विच किए।
Samsung बार-बार ये बात दोहरा रहा है कि उसका मकसद AI को ऐसा बनाना है जो हर किसी के लिए सिंपल हो। टेक्निकल लोगों के लिए भी और उन लोगों के लिए भी जो ज्यादा टेक-सेवी नहीं हैं।
कंपनी इसके लिए कई टेक पार्टनर्स के साथ मिलकर काम कर रही है ताकि AI इकोसिस्टम को और मजबूत बनाया जा सके। हालांकि अभी क्लियर नहीं है कि ये फीचर्स किन-किन डिवाइसों में आएंगे और अपडेट का शेड्यूल क्या रहेगा।
इतना तय है कि Samsung फोन्स में AI का एक्सपीरियंस अब काफी बदलने वाला है। पहले से ज्यादा स्मार्ट, पहले से ज्यादा तेज और पहले से ज्यादा पर्सनल।