लंबी ड्राइव कई लोगों के लिए रिलैक्स और एंजॉयमेंट का बेहतरीन जरिया होती है. लेकिन अक्सर यही सफर पैरों में दर्द और थकान की वजह बन जाता है.
हैरानी की बात है कि ज्यादातर लोग एक आम गलती करते हैं. यही छोटी सी गलती आगे चलकर बड़ी परेशानी में बदल जाती है.
डॉक्टरों के अनुसार गलत बैठने की आदत सबसे बड़ा कारण है, लंबे समय तक एक ही पोजीशन में बैठने से पैरों में जकड़न बढ़ती है.
जब हम लगातार ड्राइव करते हैं तो ब्लड सर्कुलेशन धीमा पड़ जाता है, इससे पैरों में भारीपन और दर्द महसूस होने लगता है.
सीट की गलत पोजीशन भी परेशानी को और बढ़ा देती है, मसल्स पर दबाव पड़ने से ड्राइव के बाद थकान ज्यादा महसूस होती है.
सबसे बड़ी गलती है बिना ब्रेक लिए लगातार ड्राइव करना, इससे मांसपेशियां अकड़ जाती हैं और दर्द बढ़ने लगता है.
एक्सपर्ट्स सलाह देते हैं कि हर 1.5 से 2 घंटे में ब्रेक जरूर लें, 5-10 मिनट चलने-फिरने से शरीर को राहत मिलती है.
गलत फुट पोजीशन भी दर्द का बड़ा कारण बन सकती है. एक्सीलरेटर और ब्रेक पर पैर को आरामदायक रखना जरूरी है.
ड्राइव से पहले और बाद में हल्की स्ट्रेचिंग बेहद फायदेमंद होती है. इससे मसल्स लचीली रहती हैं और दर्द की संभावना कम होती है.
आरामदायक जूते और सही हाइड्रेशन भी बहुत जरूरी है. छोटी-छोटी सावधानियां आपकी ड्राइव को आसान और दर्द-फ्री बना सकती हैं.