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UP Voter List SIR: UP में SIR के बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी, 2.89 करोड़ नाम कटे, लखनऊ में 30 प्रतिशत मतदाता सूची से बाहर

UP Voter List Update: उत्तर प्रदेश में SIR के बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी। 12.55 करोड़ में से 2.89 करोड़ नाम कटे। लखनऊ समेत कई जिलों में बड़ा असर, 6 फरवरी तक दावा-आपत्ति का मौका।

UP Voter List SIR: UP में SIR के बाद ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी, 2.89 करोड़ नाम कटे, लखनऊ में 30 प्रतिशत मतदाता सूची से बाहर
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By Ragib Asim

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के बाद चुनाव आयोग ने मंगलवार को ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी कर दी है। इस प्रक्रिया के बाद राज्यभर में 2.89 करोड़ मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं, जो कुल मतदाताओं का लगभग 18 प्रतिशत है। ड्राफ्ट सूची के जारी होते ही राज्य की सियासत और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।

राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने जानकारी दी कि उत्तर प्रदेश में कुल करीब 12.55 करोड़ पंजीकृत मतदाता थे। SIR प्रक्रिया के बाद इनमें से 2.89 करोड़ नाम हटाए गए हैं। उन्होंने साफ किया कि यह सूची अभी ड्राफ्ट है और इस पर दावे व आपत्तियां दर्ज करने का मौका दिया जा रहा है।

लखनऊ में सबसे ज्यादा असर, 30 प्रतिशत नाम कटे

SIR का असर राजधानी लखनऊ में सबसे ज्यादा देखने को मिला है। चुनाव अधिकारियों के मुताबिक लखनऊ में पहले 39.94 लाख मतदाता पंजीकृत थे जिनमें से करीब 30 प्रतिशत नाम काट दिए गए हैं। अब जिले में कुल 27.94 लाख मतदाता ही ड्राफ्ट सूची में दर्ज हैं।

अन्य जिलों की बात करें तो

बलरामपुर में 25.98 प्रतिशत, हापुड़ में 22.30 प्रतिशत, और संभल में 20.29 प्रतिशत नाम मतदाता सूची से हटाए गए हैं। इन आंकड़ों से साफ है कि शहरी और अर्ध-शहरी इलाकों में SIR का प्रभाव ज्यादा रहा है।

किन वजहों से कटे 2.89 करोड़ नाम

मुख्य निर्वाचन अधिकारी के मुताबिक, सूची से हटाए गए 2.89 करोड़ मतदाताओं में अलग-अलग श्रेणियां शामिल हैं।

करीब 1.3 करोड़ मतदाता ऐसे पाए गए जो स्थायी रूप से किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित हो चुके हैं।

♦ लगभग 45 लाख मतदाता मृतक पाए गए।

♦ करीब 23 लाख नाम दोहरी पंजीकरण (डुप्लीकेट एंट्री) के कारण हटाए गए।

♦ लगभग 9.4 लाख मतदाता ऐसे रहे जिन्होंने SIR के दौरान आवश्यक फॉर्म वापस नहीं किए।

♦ इसके अलावा 84.5 लाख गुमनाम या सत्यापन से बाहर मतदाता भी सूची से हटाए गए हैं।

अधिकारियों का कहना है कि यह पूरी कवायद मतदाता सूची को अधिक सटीक और पारदर्शी बनाने के लिए की गई है, ताकि चुनाव के दौरान फर्जी या गलत प्रविष्टियों की गुंजाइश न रहे।

दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया शुरू

ड्राफ्ट सूची जारी होने के साथ ही 6 जनवरी से दावे और आपत्तियां दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। जिन मतदाताओं का नाम ड्राफ्ट सूची में शामिल नहीं है या गलती से कट गया है, वे 6 जनवरी से 6 फरवरी तक फॉर्म-6 भरकर अपना नाम दोबारा जुड़वा सकते हैं।

इसके अलावा नाम या पते में संशोधन के लिए फॉर्म-8, और नाम कटवाने या आपत्ति दर्ज कराने के लिए फॉर्म-7 जमा किया जा सकता है। मतदाता अपने क्षेत्र के BLO (बूथ लेवल ऑफिसर) या नजदीकी निर्वाचन कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।

6 मार्च को आएगी अंतिम मतदाता सूची

चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार, सभी दावे और आपत्तियों के निपटारे के बाद 6 मार्च को अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी। इसके बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि कितने नाम दोबारा जोड़े गए और कितने स्थायी रूप से हटाए गए।

प्रशासन का कहना है कि इस प्रक्रिया का उद्देश्य किसी को मतदान के अधिकार से वंचित करना नहीं, बल्कि चुनावी व्यवस्था को अधिक भरोसेमंद और साफ-सुथरा बनाना है।

Ragib Asim

Ragib Asim News Editor, NPG News Ragib Asim is the News Editor at NPG News with over 15 years of experience across print, television, and digital journalism. He began his career with Hindustan in 2011 and has worked with Jain TV, TV One, NewsTrack, Special Coverage, Janjwar, and The Hans India. He studied Mass Communication at Jamia Millia Islamia, holds a Master’s degree in Political Science from the University of Delhi, and has pursued Islamic Studies at Nadwatul Ulama. Ragib is proficient in Urdu, Hindi, Arabic, and English. His reporting and editorial work focuses on politics, geopolitics, current affairs, crime, business, technology, education, automobiles, and careers, with a strong specialization in SEO-, AEO-, and GEO-driven news strategy. Contact: [email protected]

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