UP Budget 2026 : 36 लाख करोड़ की इकोनॉमी बनेगा उत्तर प्रदेश, आर्थिक समीक्षा में शानदार विकास के संकेत...
UP Economic Survey : उत्तर प्रदेश सरकार का बजट कल बुधवार को पेश किया जाएगा. इसके पहले कल सदन में आर्थिक समीक्षा पेश की गई.

UP Budget 2026 : 36 लाख करोड़ की इकोनॉमी बनेगा उत्तर प्रदेश, आर्थिक समीक्षा में शानदार विकास के संकेत...
UP Budget 2026 : लखनऊ : वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कल सोमवार को विधानमंडल के बजट सत्र के पहले दिन उत्तर प्रदेश की पहली आर्थिक समीक्षा पेश की. वित्त मंत्री ने बताया कि यूपी की अर्थव्यवस्था ने बीते 8 सालो में बड़ा विस्तार किया है. साल 2016–17 में 13.30 लाख करोड़ की अर्थव्यवस्था, साल 2024–25 में बढ़कर 30.25 लाख करोड़ पार कर चुकी है. साल 2025–26 में इसके 36 लाख करोड़ तक पहुंचने का अनुमान लगाया गया है इसके साथ यूपी देश की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की ओर आगे बढ़ रहा है.
आज मंगलवार को विधानसभा की कार्यवाही पूर्व विधायकों को श्रद्धांजलि देने के बाद स्थगित कर दी जाएगी. हालांकि, विधान परिषद में कामकाज जारी रहेगा प्रदेश सरकार का नया बजट कल पेश होगा.
वित्त मंत्री सुरेश कुमार ने बताया कि भारत सरकार की तर्ज पर उत्तर प्रदेश भी पहली बार अपनी आर्थिक समीक्षा सदन के सामने पेश किया है उन्होंने कहा कि जो यूपी कभी निवेशकों की पसंद में नहीं था, वह आज उद्योगों का बड़ा केंद्र बन गया है. प्रदेश में सुरक्षा, स्थिरता और रफ्तार की गारंटी मिलने की वजह से अब तक 50 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं.
आर्थिक समीक्षा के अनुसार, राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में उत्तर प्रदेश का योगदान साल 2016–17 के 8.6 प्रतिशत से बढ़कर साल 2024–25 में 9.1 परसेंट तक पहुंच गया है. स्वतंत्रता के बाद पहली बार प्रदेश में प्रति व्यक्ति आय में बढ़ोतरी हुई है. साल 2016–17 में 54564 प्रति व्यक्ति आय थी, जो साल 2024–25 में बढ़कर 109844 रुपये पहुँच गई है और साल 2025–26 में इसके 120000 रुपये तक पहुंचने का अनुमान लगाया गया हैं साल 2014-15 में यह देश के औसत से सिर्फ 50.2 प्रतिशत रह गई थी, जबकि 2024-25 में यह दर बढ़कर 53.5% पर पहुँच गया.
तीनों प्रमुख क्षेत्रों खेती, उद्योग और सेवा का एक समान विकास
इकोनॉमिक सर्वे के आंकड़ों के मुताबिक, साल 2024-25 में राज्य की कुल जीडीपी में खेती-किसानी का हिस्सा 25.8 फीसदी, उद्योगों का 27.2 फीसदी और सर्विस सेक्टर का योगदान 47 फीसदी दर्ज किया गया है. इससे साफ पता चलता है कि प्रदेश की आर्थिक ताकत अब सिर्फ खेती तक सीमित नहीं है बल्कि उद्योगों और सेवाओं में भी मजबूती से आगे बढ़ रहा है. राज्य के बजट के दायरे में भी बड़ी बढ़त देखी गई है साल 2016-17 में जो बजट 3.47 लाख करोड़ का था वह 2025-26 तक बढ़कर 8.33 लाख करोड़ रुपये पहुंचने की उम्मीद है तुलनात्मक रूप से देखें तो 2008 से 2017 के बीच 8 सालों में बजट में सिर्फ 2.34 लाख करोड़ का इजाफा हुआ था.
सरकारी निवेश से बुनियादी ढांचे को मजबूती
उत्तर प्रदेश सरकार ने सार्वजनिक निर्माण और सुविधाओं पर होने वाले खर्च में दोगुनी से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है साल 2016-17 में 69.79 हजार करोड़ रुपये खर्च होते थे, वहीं 2024-25 में यह आंकड़ा बढ़कर 147.72 हजार करोड़ रुपये तक जा पहुंचा है रिपोर्ट में राज्य की वित्तीय स्थिति को काफी बेहतर और नियंत्रित बताया गया है. प्रदेश पर कर्ज का बोझ भी घटा है राज्य की जीडीपी के मुकाबले कर्ज का अनुपात 29.3% से गिरकर 28.0% पर आ गया है जो देश के औसत आंकड़ों से बहुत नीचे है साथ ही राज्य की खुद की टैक्स कमाई में भी जबरदस्त उछाल आया है साल 2016-17 में जो राजस्व 86 हजार करोड़ था, वह अब करीब ढाई गुना बढ़कर 2.09 लाख करोड़ रुपये हो गया है.
