राणा कपूर के परिवार पर कसा ईडी का शिकंजा, देर रात पत्नी और बेटी से पूछताछ… DHFL से मिली 600 करोड़ की रिश्वत

नईदिल्ली 9 मार्च 2020. येस बैंक पर छाए आर्थिक संकट के बीच को-फाउंडर राणा कपूर और उनके परिवार पर जांच एजेंसियों का शिकंजा कसता जा रहा है। सोमवार को सामने आई सीबीआई ने इस मामले में एफआईआर दर्ज की है. एफआईआर की कॉपी के मुताबिक, एजेंसियों की तरफ से धोखाधड़ी के मामले में राणा कपूर के साथ-साथ पत्नी बिंदु कपूर और तीन बेटियों का नाम शामिल है। ईडी पहले ही इस मामले में राणा कपूर को हिरासत में ले चुकी है और पूछताछ की जा रही है। इस बीच, मुंबई से लंदन जा रही राणा की बेटी रोशनी को हवाईअड्डे पर रोक लिया गया। राणा कपूर के खिलाफ जांच में 2,000 करोड़ रुपये मूल्य के निवेश, 44 महंगी पेंटिंग और दर्जनों कथित मुखौटा कंपनियां ईडी जांच की केंद्र में हैं।

कपूर परिवार को ऐसे मिले 600 करोड़
सूत्रों के मुताबिक कपूर, उनकी पत्नी और तीन बेटियों द्वारा संचालित एक कंपनी को 600 करोड़ रुपये से ज्यादा की धनराशि मिलने को लेकर ईडी की जांच पड़ताल जारी है। कूपर परिवार की कंपनी को इतनी बड़ी रकम देने वाली कंपनी का संबंध घोटाला प्रभावित दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (डीएचएफएल) से है। आरोप के मुताबिक कपूर से संबंधित कंपनी डीओआईटी अर्बन वेंचर्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड को रकम तब मिली जब यस बैंक ने 3,000 करोड़ से ज्यादा का कर्ज डीएचएफएल को दिया। जांच एजेंसी को संदेह है कि 600 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि कथित रिश्वत का हिस्सा हो सकती है। यह राशि एक-दूसरे को लाभ पहुंचाने के लिए उस कंपनी को मिली, जिसका नियंत्रण कपूर परिवार के पास था।

पत्नी और बेटियों से भी पूछताछ
रविवार रात करीब 10 बजे आरोपी राणा कपूर की बेटी और पत्नी ईडी के दफ्तर पहुंचीं, जहां करीब दो घंटे तक दोनों से पूछताछ की गई। उसके बाद देर रात उन्हें छोड़ दिया गया।। इस मामले में कुछ कंपनियों की अहम भूमिका सामने आ रही है, जिसे राणा के परिवार के लोग चलाते हैं। इनसे पूछताछ जरूरी है। वहीं, बचाव पक्ष के वकील ने कहा कि राणा को ईडी ने निशाना बनाया है, जबकि वह जांच एजेंसी से पूछताछ में सहयोग भी कर रहे हैं।

कपूर की कमाई पर सफाई: 
अदालत को कपूर ने बताया कि डीओआईटी कंपनी उनकी दो बेटियों-राधा कपूर और रोशनी कपूर के नाम पर है। कपूर के मुताबिक यस बैंक ने ट्रिपल-ए रेटेड कंपनी डीएचएफएल को 3,700 करोड़ रुपये का कर्ज दिया था। बाद में 600 करोड़ रुपये का कर्ज डीओआईटी ने डीएचएफएल से लिया। कपूर ने दावा किया कि डीओआईटी एनपीए नहीं है और यह अब भी कर्ज चुका रही है।

कपूर परिवार की लंदन में भी कुछ संपत्ति
अधिकारिक सूत्रों ने बताया कि जांच एजेंसी को कुछ ऐसे दस्तावेज मिले हैं जो बताते हैं कि कपूर परिवार की लंदन में भी कुछ संपत्ति है। अब उस संपत्ति की खरीद के लिए इस्तेमाल रकम के स्रोत की जांच की जा रही है। सूत्रों के अनुसार बैंक ने फंसे कर्ज (एनपीए) की वसूली को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की। छापेमारी के दौरान कपूर, उनकी पत्नी बिंदु तथा तीनों बेटियों के निवास की तलाशी ली गई। जांच के दौरान परिवार द्वारा 2,000 करोड़ रुपये के निवेश और दर्जनों मुखौटा कंपनियों के बारे में जानकारी मिली। इन मुखौटा कंपनियों का उपयोग कथित रिश्वत की हेराफेरी के लिए किया जाता था। इसके अलावा परिवार के पास 44 महंगी पेंटिंग भी मिलीं। इनमें से कुछ पेंटिंग कथित तौर पर राजनेताओं से खरीदी गई हैं।

पीएफ घोटाले पर नजर
उत्तर प्रदेश बिजली निगम में कथित पीएफ धोखाधड़ी से संबंधित एक मामले समेत अन्य अनियमितताएं भी एजेंसी की जांच के घेरे में है। सीबीआई ने हाल ही में उत्तर प्रदेश में 2,267 करोड़ रुपये के कर्मचारी भविष्य निधि घोटाले की जांच हाथ में ली थी जहां बिजली क्षेत्र के कर्मचारियों की गाढ़ी कमाई को दीवान हाउसिंग फाइनेंस कॉरपोरेशन (डीएचएफएल) में निवेश किया गया था।

 

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