इस राज्य की सरकार ने कर्मचारियों को दिया बड़ा झटका, इंक्रीमेंट पर लगाई रोक, नहीं होगी नई भर्तियां…..

नईदिल्ली 12 जून 2020। कोरोना संकट और बीते दो महीने के दौरान लगाए गए लॉकडाउन के चलते राज्य सरकारों के कोष पर भार बड़ा है। कई राज्यों ने कर्मचारियों की सैलरी में कटौती की है और डीए पर भी रोक लगा दी है। इसी कड़ी में अब उत्तराखंड सरकार ने कर्मचारियों के इंक्रीमेंट पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही सरकार ने फैसला लिया है कि नई भर्तियां भी नहीं होंगी।

उत्तराखंड सरकार ने राज्य के सरकारी कर्मचारियों को झटका देते हुए वित्तीय वर्ष 2020-21 में किसी भी पद पर सैलरी इंक्रीमेंट पर रोक लगा दी है। यानी इस साल उत्तरखंड सरकार अपने कर्मचारियों को सैलरी बढ़ोतरी का तोहफा नहीं देगी। इतना ही नहीं सरकार ने वर्तमान वित्तीय वर्ष में नई भर्तियों पर भी रोक लगा दी है। यानी इस साल उत्तराखंड सरकार नई पदों पर नौकरी नहीं देगी। हालांकि सरकार ने अपने आदेश से चिकित्सा विभाग और पुलिस को बाहर रखा है।

सरकार ने कोरोना संकट के कारण पैदा हुए वित्तीय संकट से उबरने के लिए ये फैसला लिया है। उत्तराखंड के मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह ने आदेश जारी करते हुए कहा कि इस वित्तीय वर्ष में किसी भी विभाग में कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने चिकित्सा और पुलिस विभाग को छोड़कर बाकी सभी विभागों में नई भर्तियों पर रोक लगा दिया है। उन्होंने कहा कि पिछले दशक में प्रदेश सरकार के सरकारी विभागों का कंप्यूटरीकरण किया गया है, जिसके कारण विभागों में कार्यभार की कमी आई है। ऐसे में सरकारी विभागों को आदेश दिया गया है कि वो विभाग में अनुपयोगी पदों को चिन्हिंत कर समाप्त करें और उन पदों पर कार्यरत कर्मचारियों को अन्य विभागों में समायोजित करें।

सरकार के आदेश के मुताबिक सरकारी प्राथमिक स्कूलों में छात्रों और शिक्षकों के अनुपात को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त शिक्षकों का समायोजन दूसरे विभागों में किया जाएगा। सरकार के पूर्व मुख्य सचिव आइके पांडे समिति ने सरकारी खर्चों में कटौती की सिफारिश की है। मुख्य सचिव ने सभी अपर मुख्य सचिवों, प्रमुख सचिवों , प्रभारी सचिवों और विभागों के प्रमुख को दिशा-निर्देश जारी कर उन्हें विभाग के खर्चों को कम करने की सलाह दी है। सरकारी विभागों को निर्देश दिया गया है कि वो नए वाहनों की खरीद नहीं करें। न दफ्तरों में नए फर्नीचर खरीदें जाए। सरकारी कर्मचारियों के विदेशी दौरे बंद हेंगे।

सरकार के आदेश के मुताबिक सरकारी प्राथमिक स्कूलों में छात्रों और शिक्षकों के अनुपात को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त शिक्षकों का समायोजन दूसरे विभागों में किया जाएगा। सरकार के पूर्व मुख्य सचिव आइके पांडे समिति ने सरकारी खर्चों में कटौती की सिफारिश की है। मुख्य सचिव ने सभी अपर मुख्य सचिवों, प्रमुख सचिवों , प्रभारी सचिवों और विभागों के प्रमुख को दिशा-निर्देश जारी कर उन्हें विभाग के खर्चों को कम करने की सलाह दी है। सरकारी विभागों को निर्देश दिया गया है कि वो नए वाहनों की खरीद नहीं करें। न दफ्तरों में नए फर्नीचर खरीदें जाए। सरकारी कर्मचारियों के विदेशी दौरे बंद हेंगे।

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