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Nepal Earthquake: 3 घंटे में 4 देशों में भूकंप! नेपाल, तिब्बत, भारत और पाकिस्तान की धरती कांपी – जानें ताजा अपडेट

Nepal Earthquake: फरवरी महीने के आखिरी दिन, दुनिया के कई देशों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। नेपाल, भारत, तिब्बत और पाकिस्तान के कई इलाकों में धरती डोल उठी। नेपाल में दो बार भूकंप आया, जिसकी वजह से भारत और पाकिस्तान में भी झटके महसूस किए गए।

Nepal Earthquake: 3 घंटे में 4 देशों में भूकंप! नेपाल, तिब्बत, भारत और पाकिस्तान की धरती कांपी – जानें ताजा अपडेट
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By Ragib Asim

Nepal Earthquake: फरवरी महीने के आखिरी दिन, दुनिया के कई देशों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए। नेपाल, भारत, तिब्बत और पाकिस्तान के कई इलाकों में धरती डोल उठी। नेपाल में दो बार भूकंप आया, जिसकी वजह से भारत और पाकिस्तान में भी झटके महसूस किए गए। भूकंप की वजह से लोगों की नींद खुल गई और वे घरों से बाहर निकल आए। नेपाल में पहला भूकंप रात 2.35 बजे आया, जिसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 5.5 मापी गई। इसके कुछ ही समय बाद दूसरा भूकंप आया, जिसकी तीव्रता 6.1 थी। भूकंप का केंद्र नेपाल के सिंधुपाल चोक जिले के भैरव कुंडा के आसपास था। इसकी वजह से नेपाल के साथ-साथ भारत के बिहार और पश्चिम बंगाल में भी झटके महसूस किए गए।

भारत में भूकंप का असर

भारत के बिहार में भूकंप के झटके रात 2.35 बजे महसूस किए गए। पटना, मुजफ्फरपुर और बिहार के कई अन्य जिलों में लोगों ने तेज झटके महसूस किए। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार, भूकंप का केंद्र नेपाल में था, जो बिहार के मुजफ्फरपुर से करीब 189 किलोमीटर दूर था। फिलहाल, किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है।

पाकिस्तान में भी महसूस किए गए झटके

पाकिस्तान में सुबह 5.14 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए। इसकी तीव्रता 4.5 मापी गई। झटके महसूस होते ही लोग घरों से बाहर निकल आए। इससे पहले 16 फरवरी को भी पाकिस्तान में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे, लेकिन किसी नुकसान की खबर नहीं आई।

क्यों आता है भूकंप?

भूकंप धरती के अंदर प्लेटों के टकराने से आता है। धरती के भीतर सात प्लेट्स होती हैं, जो लगातार घूमती रहती हैं। जब ये प्लेटें आपस में टकराती हैं, तो फॉल्ट लाइन जोन बन जाता है। इससे सतह के कोने मुड़ जाते हैं और दबाव बनता है। जब यह दबाव बहुत ज्यादा हो जाता है, तो प्लेट्स टूटने लगती हैं और अंदर की एनर्जी बाहर निकलती है। इससे धरती हिलती है, जिसे हम भूकंप कहते हैं।

भूकंप के समय क्या करें?

  • भूकंप के झटके महसूस होते ही सुरक्षित स्थान पर चले जाएं।
  • अगर घर के अंदर हैं, तो मजबूत फर्नीचर के नीचे छिप जाएं।
  • बिल्डिंग, पेड़ और बिजली के खंभों से दूर रहें।
  • अगर बाहर हैं, तो खुले मैदान में चले जाएं।
  • लिफ्ट का इस्तेमाल न करें और सीढ़ियों का उपयोग करें।

भूकंप की तीव्रता कैसे मापी जाती है?

भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर मापी जाती है। 2.0 से कम तीव्रता वाले भूकंप को माइक्रो कैटेगरी में रखा जाता है, जो महसूस नहीं किए जाते। 5.0 से अधिक तीव्रता वाले भूकंप खतरनाक हो सकते हैं और इमारतों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।

वैज्ञानिकों के अनुसार, नेपाल और उसके आसपास के इलाके भूकंप के लिहाज से संवेदनशील हैं। इसलिए, इस क्षेत्र में भूकंप के और झटके आ सकते हैं। लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षा के उपायों का पालन करने की सलाह दी जाती है। भूकंप एक प्राकृतिक आपदा है, जिसे रोका नहीं जा सकता, लेकिन सही जानकारी और सतर्कता से इसके नुकसान को कम किया जा सकता है।

Ragib Asim

Ragib Asim News Editor, NPG News Ragib Asim is the News Editor at NPG News with over 15 years of experience across print, television, and digital journalism. He began his career with Hindustan in 2011 and has worked with Jain TV, Channel One, NewsTrack, Special Coverage, Jan Shakti, Janjwar, and The Hans India. He studied Mass Communication at Jamia Millia Islamia, holds a Master’s degree in Political Science from the University of Delhi, and has pursued Islamic Studies at Nadwatul Ulama. Ragib is proficient in Urdu, Hindi, Arabic, and English. His reporting and editorial work focuses on politics, geopolitics, current affairs, crime, business, technology, education, automobiles, and careers, with a strong specialization in SEO-, AEO-, and GEO-driven news strategy. Contact: [email protected]

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