Badrinath Yatra 2026: कम बजट में बद्रीनाथ यात्रा कैसे करें? सिर्फ इतने हजार में हो जाएंगे दर्शन, जानिए सबसे सस्ता रूट प्लान
Badrinath Yatra Budget Plan: पैसों की तंगी के कारण बद्रीनाथ यात्रा टालने की जरूरत नहीं। दिल्ली ISBT से बस, GMVN यात्री निवास में स्टे और मुफ्त भंडारे से बेहद कम बजट में करें दर्शन।

फोटो: AI जेनरेटेड
Badrinath Yatra 2026: बद्रीनाथ की यात्रा अब बजट की कमी की वजह से नहीं रुकेगी। अक्सर श्रद्धालुओं को लगता है कि उत्तराखंड के इस तीर्थ के दर्शन के लिए पंद्रह-बीस हजार रुपये का भारी-भरकम खर्च आएगा। हकीकत में आप बहुत ही किफायती तरीके से अपनी यह ट्रिप पूरी कर सकते हैं। दिल्ली से करीब 516 किलोमीटर दूर स्थित बद्रीनाथ धाम तक पहुंचने के लिए अगर आप सही प्लानिंग और सरकारी सुविधाओं का इस्तेमाल करें तो यह यात्रा आपकी जेब पर बिल्कुल भी भारी नहीं पड़ेगी।
कैब छोड़िए और बस के सफर से बचाइए हजारों रुपये
दिल्ली से बद्रीनाथ पहुंचने के लिए सबसे बेस्ट और सस्ता ऑप्शन बस का सफर है। प्राइवेट कैब या कार से जाने पर आपको छह हजार से लेकर सोलह हजार रुपये तक खर्च करने पड़ सकते हैं। वहीं दिल्ली के कश्मीरी गेट स्थित अंतरराज्यीय बस टर्मिनल से बद्रीनाथ के लिए चलने वाली बसों का किराया मात्र सात सौ से बारह सौ रुपये के बीच है। चौदह से पंद्रह घंटे के इस सड़क सफर के लिए आप अपनी बस टिकट आईएसबीटी से आसानी से बुक करा सकते हैं जो आपकी यात्रा की लागत को काफी हद तक कम कर देता है।
होटल की जगह धर्मशाला और GMVN में ठहरने का शानदार विकल्प
बद्रीनाथ धाम में ठहरने के लिए महंगे प्राइवेट होटलों के बजाय आप शानदार धर्मशालाओं का चुनाव कर सकते हैं। मंदिर के पास ही भवन आश्रम, बंगुर भवन और जालाराम आश्रम जैसी कई मशहूर धर्मशालाएं मौजूद हैं जहां रुकने का किराया पांच सौ से पंद्रह सौ रुपये के आसपास होता है। इसके अलावा उत्तराखंड सरकार द्वारा संचालित गढ़वाल मंडल विकास निगम यानी जीएमवीएन का यात्री निवास भी एक बेहतरीन विकल्प है। इस सरकारी यात्री निवास में एक रात रुकने का खर्च प्रति व्यक्ति मात्र छह सौ से सात सौ रुपये आता है और इसमें अक्सर रात का खाना भी शामिल होता है।
फ्री भंडारों से बिल्कुल कम हो जाएगा खाने-पीने का खर्च
खाने-पीने के लिए भी आपको महंगे रेस्टोरेंट्स पर निर्भर रहने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। बद्रीनाथ धाम परिसर और आसपास के इलाकों में कई धार्मिक और सामाजिक संस्थाएं नियमित रूप से विशाल भंडारे आयोजित करती हैं। इन भंडारों में दूर-दूर से आने वाले श्रद्धालुओं को पूरी तरह निशुल्क और शुद्ध भोजन परोसा जाता है। खाना खाने के बाद यात्री अपनी इच्छा और सामर्थ्य के अनुसार दान पेटी में सहयोग राशि दे सकते हैं। इस स्मार्ट बजट स्ट्रैटेजी अपनाकर कोई भी श्रद्धालु बेहद कम पैसों में भगवान बद्री विशाल के दर्शन का पुण्य आसानी से प्राप्त कर सकता है।
