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Panna Tiger Reserve Controversy : पन्ना टाइगर रिजर्व में मंत्रियों के टाइगर दीदार पर क्यों मचा हैं बवाल, NTCA ने मांगा जवाब, जानें पूरा मामला

Panna Tiger Reserve Controversy : मध्य प्रदेश के पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघ देखने गए राज्य के पांच मंत्रियों पर अब बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि मंत्रियों को बाघ का दीदार कराने के लिए वन्यजीव संरक्षण और जंगल सफारी के नियमों का गंभीर उल्लंघन किया गया।

Panna Tiger Reserve Controversy : पन्ना टाइगर रिजर्व में मंत्रियों के टाइगर दीदार पर क्यों मचा हैं बवाल, NTCA ने मांगा जवाब, जानें पूरा मामला
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Panna Tiger Reserve Controversy : पन्ना टाइगर रिजर्व में मंत्रियों के टाइगर दीदार पर क्यों मचा हैं बवाल, NTCA ने मांगा जवाब, जानें पूरा मामला

By Uma Verma

Panna Tiger Reserve Controversy : भोपाल/पन्ना : मध्य प्रदेश के पन्ना टाइगर रिजर्व में बाघ देखने गए राज्य के पांच मंत्रियों पर अब बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि मंत्रियों को बाघ का दीदार कराने के लिए वन्यजीव संरक्षण और जंगल सफारी के नियमों का गंभीर उल्लंघन किया गया। मंत्रियों को बाघ दिखाने के लिए कथित तौर पर दो प्रशिक्षित हाथियों का उपयोग करके बाघ की घेराबंदी (घेराव) की गई, जिससे वह एक ही जगह रुका रहे।

Panna Tiger Reserve Controversy : यह मामला तब सामने आया जब घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और इसकी शिकायत नेशनल टाइगर कंजर्वेशन अथॉरिटी (NTCA) से की गई। एनटीसीए ने इस मामले का संज्ञान लेते हुए पन्ना टाइगर रिजर्व के अधिकारियों से विस्तृत जवाब तलब किया है।

Panna Tiger Reserve Controversy : क्या है विवाद का मुख्य कारण?

विवाद का केंद्र मंत्रियों को बाघ दिखाने का तरीका है। जिन मंत्रियों ने बाघ के दर्शन किए, उनमें प्रहलाद सिंह पटेल, विजय शाह, इंदर सिंह परमार, लखन पटेल, और दिलीप अहिरवार शामिल थे।

शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि वन अधिकारियों ने जिप्सी में सवार मंत्रियों को बाघ दिखाने के लिए दो हाथियों से बाघ की घेराबंदी करवाई। वन्यजीव विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह से किसी जंगली बाघ को दो तरफ से घेरना उसे घबराहट या तनाव में डाल सकता है। इसके अलावा, नियमों के अनुसार जंगल सफारी में सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है, जिसके उल्लंघन का आरोप लगाया जा रहा है।

वन विभाग और राजनीतिक प्रतिक्रिया

इस पूरे प्रकरण पर पन्ना टाइगर रिजर्व के अधिकारी आधिकारिक तौर पर चुप्पी साधे हुए हैं। हालांकि, उन्होंने यह जरूर स्वीकार किया कि हाथियों के ज़रिए बाघ की निगरानी की जा रही थी।

इस बीच, विपक्षी दल कांग्रेस ने इस मुद्दे पर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस प्रवक्ता अब्बास हफीज ने इसे "वाइल्ड लाइफ एक्ट का सरासर उल्लंघन बताते हुए कहा कि "मंत्रियों द्वारा टाइगर स्पॉटिंग के लिए हाथियों से टाइगर को 'हांका' जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री जंगल में भी अपना 'राज' कायम करने की कोशिश कर रहे हैं और इस मामले में त्वरित कार्रवाई की मांग की है। यह घटना मध्य प्रदेश सरकार के लिए एक बड़ा राजनीतिक और प्रशासनिक विवाद खड़ा कर सकती है।

Uma Verma

Uma Verma is a postgraduate media professional holding MA, PGDCA, and MSc IT degrees from PTRSU. She has gained newsroom experience with prominent media organizations including Dabang Duniya Press, Channel India, Jandhara, and Asian News. Currently she is working with NPG News as acontent writer.

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