Begin typing your search above and press return to search.

मध्य प्रदेश में बच्चा चोरी की अफवाह पर बवाल: मंदसौर में बुजुर्ग के साथ मॉब लिंचिंग की कोशिश, पुलिस ने शुरू की 'Fake Video' पर कार्रवाई

मंदसौर जिले में बच्चा चोरी की अफवाह के बाद एक बुजुर्ग व्यक्ति की भीड़ ने जमकर पिटाई कर दी। भीड़ ने बुजुर्ग को पकड़ लिया, उसके हाथ-पैर बांध दिए और सड़क पर घसीटा। इसके बाद लात-घूंसों से मारपीट की गई.

मध्य प्रदेश में बच्चा चोरी की अफवाह पर बवाल: मंदसौर में बुजुर्ग के साथ मॉब लिंचिंग की कोशिश, पुलिस ने शुरू की Fake Video पर कार्रवाई
X
By Meenu Tiwari

मंदसौर जिले में रविवार शाम बच्चा चोरी की अफवाह के बाद एक बुजुर्ग व्यक्ति की भीड़ ने जमकर पिटाई कर दी। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र के नरसिंहपुर इलाके की है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और बुजुर्ग को भीड़ से छुड़ाकर थाने ले गई।

कब और कहां हुई घटना?

यह घटना रविवार शाम नरसिंहपुर इलाके में हुई, जो कोतवाली थाना क्षेत्र में आता है।

क्या हुआ?

जानकारी के अनुसार, एक बुजुर्ग व्यक्ति इलाके में घूमता हुआ दिखाई दिया। कुछ लोगों को उस पर संदेह हुआ और बिना किसी पुष्टि के उसे बच्चा चोर समझ लिया गया। देखते ही देखते वहां लोगों की भीड़ जमा हो गई।

भीड़ ने बुजुर्ग को पकड़ लिया, उसके हाथ-पैर बांध दिए और सड़क पर घसीटा। इसके बाद लात-घूंसों से मारपीट की गई। घटना के दौरान कुछ लोग वीडियो भी बनाते रहे।

पुलिस की कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने बुजुर्ग को भीड़ से छुड़ाया और थाने ले जाकर पूछताछ की। पूछताछ में वह अपने बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं दे पाया।

स्थानीय लोगों ने पुलिस को बताया कि वह व्यक्ति पहले भी इलाके में घूमता हुआ दिखाई देता था। हालांकि, बच्चा चोरी से जुड़ा कोई ठोस सबूत सामने नहीं आया।

शिकायत और आगे की स्थिति

पुलिस के अनुसार, स्थानीय स्तर पर किसी ने भी औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई है। पर्याप्त साक्ष्य न मिलने पर बुजुर्ग को छोड़ दिया गया। वहीं मारपीट करने वाले लोगों के खिलाफ भी फिलहाल कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है।

अफवाहों पर ध्यान न दें

कोतवाली थाने में पदस्थ उपनिरीक्षक संदीप मौर्य ने आमजन से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें। किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या घटना की जानकारी तुरंत पुलिस को दें और कानून को अपने हाथ में न लें।

क्यों हुई घटना?

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह पूरी घटना महज संदेह और अफवाह के कारण हुई। बिना पुष्टि के लगाए गए आरोप के चलते भीड़ ने कानून हाथ में ले लिया, जिससे बुजुर्ग को शारीरिक और मानसिक परेशानी झेलनी पड़ी।

गौरतलब है कि मंदसौर की यह घटना दिखाती है कि अफवाहें किस तरह हिंसा का रूप ले सकती हैं। पुलिस ने लोगों से संयम बरतने और किसी भी सूचना की पहले पुष्टि करने की अपील की है।

Meenu Tiwari

मीनू तिवारी 2009 से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और प्रिंट व डिजिटल मीडिया में अनुभव रखती हैं। उन्होंने हरिभूमि, पत्रिका, पेज 9 सहित क्लिपर 28, लल्लूराम, न्यूज टर्मिनल, बोल छत्तीसगढ़ और माई के कोरा जैसे प्लेटफॉर्म्स पर विभिन्न भूमिकाओं में काम किया है। वर्तमान में वे एनपीजी न्यूज में कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत हैं।

Read MoreRead Less

Next Story