बोले नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक “मुद्दे कई हैं.. पर सरकार नहीं चाहती कि चर्चा हो..इसलिए केवल तीन दिनों का सत्र.. फिर भी जवाब माँगेंगे”

रायपुर,24 मार्च 2020। कल से विधानसभा का सत्र शुरु हो रहा है।सत्र की समयावधि बेहद कम है, बमुश्किल तीन दिन यह सत्र चलना है। हालाँकि भाजपा ने इन तीन दिनों में भी आक्रामक तेवर की तीसरी रखी है। लेकिन सत्र के कार्य दिवस की बेहद कम संख्या को लेकर नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक इसे लेकर आरोप लगाया है कि सरकार चर्चा से बचना चाह रही है।
विधानसभा का पहले दिन की कार्यवाही दिवंगत सदस्यों को श्रद्धांजली देने के बाद समाप्त हो जाएगी। पंक्तियों के लिखे जाने तक ध्यानाकर्षण प्रस्ताव की संख्या सौ के पार हो चुकी है।
नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने कहा –
“कोरोना पर सरकार की अक्षमता, बिगड़ती क़ानून व्यवस्था… प्रदेश में बलात्कार की घटनाएँ बढ़ी है. अवैध उत्खनन.. अवैध शराब बिक्री.. यूरिया की कमी.. बारिश से फसलों और घरों को नुक़सान.. प्रदेश के हाथियों की लगातार मौतों का मसला.. मुद्दों पर हम चर्चा चाहते हैं सरकार से जवाब चाहते हैं.. लेकिन सरकार की मंशा ही नहीं है कि जनता से जुड़े मुद्दों पर वह विचार करें या कि जवाब दे”
नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने कहा
“ कोविड बहाना है चर्चा से बचने का..”
नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने आगे कहा
“मैंने सुझाव दिया था, विधानसभा की कार्यवाही वर्चुअल कर लीजिए, कैबिनेट बैठक वर्चुअल हुई, प्रधानमंत्री जी की प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों से बैठक वर्चुअल हुई तो विधानसभा की कार्यवाही वर्चुअल क्यों नहीं की जा सकती.. हमें यह भी ध्यान रखना चाहिए कि जिस कोविड-19 संक्रमण की बात बताते हुए बेहद अल्प अवधि का सत्र आहूत है, वहीं लोकसभा और राज्यसभा संचालित रही है, हम तो चर्चा चाहते हैं पर सरकार के पास जवाब ही नहीं है”
