Georgia Shooting: अमेरिका में भारतीय महिला समेत 4 की गोली मारकर हत्या, 3 बच्चों ने अलमारी में छिपकर बचाई जान
Georgia Shooting Update: अमेरिका के Georgia राज्य से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। Lawrenceville शहर में घरेलू विवाद के बाद एक भारतीय महिला और उसके तीन रिश्तेदारों की गोली मारकर हत्या कर दी गई।

Georgia Shooting Update: अमेरिका के Georgia राज्य से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। Lawrenceville शहर में घरेलू विवाद के बाद एक भारतीय महिला और उसके तीन रिश्तेदारों की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के समय घर में मौजूद तीन बच्चों ने अलमारी में छिपकर अपनी जान बचाई और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है।
आधी रात को हुई वारदात
स्थानीय पुलिस के अनुसार यह घटना आधी रात के बाद ब्रुक आइवी कोर्ट इलाके में हुई। रात करीब 2:30 बजे आपातकालीन नंबर 911 पर कॉल आई जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची।घर के अंदर चार वयस्क मृत पाए गए। सभी की मौत गोली लगने से हुई थी। घटना के समय घर में मौजूद तीनों बच्चे सुरक्षित पाए गए।
बच्चों की सूझबूझ से बची जान
पुलिस ने बताया कि गोलीबारी के दौरान बच्चे डर के मारे अलमारी में छिप गए थे। उनमें से एक बच्चे ने साहस दिखाते हुए आपातकालीन सेवाओं को फोन कर घटना की जानकारी दी, जिससे पुलिस आनन-फानन में मौके पर पहुंच सकी।
आरोपी गिरफ्तार, जंगल से पकड़ा गया
पुलिस के मुताबिक वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। उसकी तलाश में खोजी कुत्तों को लगाया गया और पास के जंगल से 51 वर्षीय विजय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी पर चार हत्याओं, गंभीर हमले और बच्चों के साथ क्रूरता से जुड़े मामलों में केस दर्ज किया गया है।
पीड़ितों की पहचान
- मीमू डोगरा (43) – आरोपी की पत्नी
- गौरव कुमार (33)
- निधि चंदर (37)
- हरीश चंदर (38)
भारतीय वाणिज्य दूतावास का बयान
Consulate General of India Atlanta ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है। दूतावास ने कहा है कि वह पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता प्रदान कर रहा है। दूतावास के बयान में कहा गया, कथित पारिवारिक विवाद से जुड़ी इस दुखद गोलीबारी की घटना से हम बेहद आहत हैं। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दी जा रही है।
जांच जारी
पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घरेलू विवाद किस कारण से हिंसक रूप ले बैठा। बच्चों को सुरक्षित स्थान पर रखा गया है और उन्हें मानसिक सहायता भी दी जा रही है।
