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CM से मिले जूनियर डॉक्टर : दूसरे राज्यों की तुलना में छत्तीसगढ़ में कम स्टाइपेंड, बॉन्ड अवधि भी ज्यादा; सीएम से मिलकर जताई नाराजगी

CM से मिले जूनियर डॉक्टर : दूसरे राज्यों की तुलना में छत्तीसगढ़ में कम स्टाइपेंड, बॉन्ड अवधि भी ज्यादा; सीएम से मिलकर जताई नाराजगी
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By NPG News

रायपुर। पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के जूनियर डॉक्टर्स ने गुरुवार को सीएम भूपेश बघेल से मुलाकात कर दूसरे राज्यों से कम स्टाइपेंड और ज्यादा बॉन्ड अवधि को लेकर अपनी नाराजगी बताई। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि सीएम की ओर से सकारात्मक जवाब मिला है। इसके बाद भी यदि उनकी मांगें पूरी नहीं की जाएगी तो वे हड़ताल पर जाने के लिए मजबूर होंगे।

जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स के प्रेसीडेंट डॉ. प्रेम चौधरी ने बताया कि प्रदेश के इंटर्न डॉक्टर्स, जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स और बॉन्डेड सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स की वाजिब मांगें काफी टाइम से पेंडिंग है। इस पर अब तक सिर्फ आश्वाशन ही दिया जा रहा था। इन मुद्दों को लेकर आज जुडो के मेंबर्स ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की और उन्हें विस्तृत में मांगों से अवगत कराया। उनको बताया कि छत्तीसगढ़ की तुलना में दूसरे राज्यो में इंटर्न और रेजिडेंट डॉक्टर्स को ज्यादा स्टाइपेंड दिया जा रहा है। बॉन्ड की अवधि भी वहां कम है। बॉन्डेड सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स जिनका MD/MS कम्पलीट हो चुका है और वो SR हैं, उनका स्टाइपेंड अपने जूनियर से कम कैसे हो सकता है? ये सिर्फ यहां हो रहा है। इस बात पर डॉक्टर्स में नाराजगी है।

जुडो ने गिनाई ये चार मांगें

1. बॉन्डेड सीनियर रेजिडेंट (SR) को पीजी रेजिडेंट से कम मिल रहे स्टाइपेंड में तुरंत वृद्धि की जाए और दूसरे राज्यों जितना किया जाए।

2. पीजी रेजिडेंट का स्टाइपेंड 2019 के बाद से नहीं बढ़ा है। उसको पड़ोसी राज्यो के समान किया जाए।

3. इन्टर्नस का स्टाइपेंड 2016 से नहीं बढ़ा है, उसे बढ़ाया जाए।

4. MBBS के बाद 2 साल और पीजी के बाद भी 2 साल मतलब 4 साल का बॉन्ड किसी राज्य में नहीं है, उसको कम कर 1-1साल किया जाए।


जुडो के जनरल सेक्रेटरी डॉ. अमन अग्रवाल ने बताया कि मांगों को लेकर मुख्यमंत्री का सकारात्मक रवैया था। उम्मीद है हमारी मांगें जल्द से जल्द पूरी हो जाएगी।

वहीं, जुडो वाइस प्रेसिडेंट डॉ. गौरव परिहार ने बताया कि हम पिछले 2 साल से पत्राचार के माध्यम से मांगों को लेकर स्वास्थ्य मंत्री से मिल रहे हैं पर अब तक एक भी मांग पूरी नहीं हुई है। अब मुख्यमंत्री से मिलने के बाद पूरी होने की उम्मीद है। इस बार भी कोई सुनवाई नहीं होती है तो मजबूरन हड़ताल पर जाने के लिए विवश होंगे, जिसकी सारी जिम्मेदारी सरकार की होगी।

इस अवसर पर डॉ राकेश गुप्ता (IMA President), डॉ. प्रेम चौधरी, डॉ. गौरव परिहार, डॉ. अमन अग्रवाल, डॉ. हिमांशु सिन्हा और डॉ. आशुतोष पांडेय उपस्थित थे।

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