comscore

पूर्व IAS हर्ष मंदर के NGO पर FIR दर्ज…. जांच टीम की रिपोर्ट के आधार पर केस रजिस्टर्ड…..1980 बैच के IAS रहे हर्ष ने 2002 में छोड़ दी थी नौकरी

नयी दिल्ली 5 फरवरी 2021। पूर्व IAS व सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मंदर के NGO पर पुलिस ने FIR दर्ज किया है। अनाथ बच्चों के लिए महरौली में चलाये जे रहे उम्मीद अमन घर नाम की संस्था पर पुलिस ने केस रजिस्टर्ड किया है। इस संस्था में बच्चों का ख्याल नहीं रखने और कोरोना नियमों की अनदेखी का मामला दर्ज किया गया है।

दिल्ली पुलिस के मुताबिक, अक्टूबर 2020 में NCPCR की टीम ने संस्था का निरीक्षण किया था और खामियां पाईं थीं, जिसके बाद एफआईआर दर्ज हुई. पुलिस ने आईपीसी 188 और JJ एक्ट में एफआईआर दर्ज की है. आपको बता दें कि हर्ष मंदर पर सुप्रीम कोर्ट की अवमानना का एक मामला चल रहा है. फिलहाल यह केस विचाराधीन है.

हर्ष मंदर पर दिल्ली हिंसा भड़काने का आरोप

इससे पहले हर्ष मंदर का नाम दिल्ली दंगों की चार्जशीट में आया था. हर्ष मंदर पर साल 2019 में दिल्ली में हिंसा को भड़काने का आरोप है. हर्ष मंदर के खिलाफ अभी कोर्ट में मामला चल रहा है.गौरतलब है कि दिल्ली दंगों में 53 लोगों की जान चली गई थी. सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने हर्ष मंदर से उनके बयान को लेकर सफाई मांगी थी.बता दें कि सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कोर्ट से कहा था कि हर्ष मंदर ने दिल्ली दंगों के दौरान हेट स्पीच दी थी. जिसके बाद कोर्ट ने हर्ष मंदर से सफाई देने के लिए कहा था.

आपको बता दें कि हर्ष मंदर पूर्व आईएएस अधिकारी हैं। वो 1980 बैच के आईएएस थे, जिन्होंने 2002 में उन्होंने गुजरात दंगों से आहत होकर नौकरी छोड़ दी थी।  मनमोहन सिंह के कार्यकाल के दौरान वे राष्ट्रीय सलाहकार परिषद के सदस्य रह चुके हैं। बता दें कि इसकी अध्यक्षा सोनिया गांधी थीं। मनमोहन सिंह के कार्यकाल के दौरान इसे सुपर कैबिनेट कहा जाता है। इन्हें यूपीए के समय लाए गए विवादास्पद कम्युनल वायलेंस बिल का मुख्य आर्किटेक्ट कहा जाता है। हर्ष मंदर रायगढ़ के कलेक्टर एवं बिलासपुर के संभागायुक्त भी रह चुके हैं।

Spread the love