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Eid al-Adha 2024 Date: सऊदी अरब में ईद अल-अधा 2024 कब है, जानिए बकरीद की तारिख

Eid al-Adha 2024 Date: ईद अल-अधा, जिसे बकरीद या बकरा ईद के नाम से भी जाना जाता है, इस्लामी कैलेंडर के बारहवें और अंतिम महीने धुल हिज्जा के 10वें दिन मनाई जाती है।

Eid al-Adha 2024 Date: सऊदी अरब में ईद अल-अधा 2024 कब है, जानिए बकरीद की तारिख
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By Ragib Asim

Eid al-Adha 2024 Date: ईद अल-अधा, जिसे बकरीद या बकरा ईद के नाम से भी जाना जाता है, इस्लामी कैलेंडर के बारहवें और अंतिम महीने धुल हिज्जा के 10वें दिन मनाई जाती है। चंद्रमा देखने की रस्म के बाद सऊदी अरब के सुप्रीम कोर्ट ने घोषणा की है कि देश में अर्धचंद्र गुरुवार, 6 जून 2024 को देखा गया था। इसलिए, धुल हिज्जा शुक्रवार, 7 जून 2024 से शुरू होगा। इस हिसाब से, सऊदी अरब में ईद अल-अधा 2024 की तारीख 16 जून की पुष्टि की गई है। इसके साथ ही वार्षिक इस्लामी तीर्थयात्रा (हज) 15 जून को की जाएगी।

ईद-उल-अज़हा का इतिहास और महत्व

ईद-उल-अज़हा का इतिहास इस्लामिक धर्मग्रंथों के अनुसार पैगंबर इब्राहिम से जुड़ा हुआ है। अल्लाह ने पैगंबर इब्राहिम से उनकी सबसे प्रिय चीज का बलिदान देने को कहा था। पैगंबर इब्राहिम ने अपने बेटे इस्माइल को सबसे ज्यादा प्यार करते थे, लेकिन उन्होंने अल्लाह के आदेश का पालन करते हुए अपने बेटे की बलि देने का फैसला किया। इस्माइल भी अल्लाह की आज्ञा का पालन करते हुए अपनी बलि देने के लिए सहमत हो गए।

जब पैगंबर इब्राहिम ने अपने बेटे का गला काटने की कोशिश की, तो अल्लाह ने उनके बेटे की जगह एक बकरे को कुर्बानी में बदल दिया। इस घटना से खुश होकर, अल्लाह ने पैगंबर इब्राहिम के समर्पण को सराहा और उनके बेटे की जान बचाई। तब से इस दिन को मनाने की परंपरा चली आ रही है, जिसमें मुसलमान बकरे की कुर्बानी देते हैं और उसका मांस अपने रिश्तेदारों और गरीब लोगों के बीच बांटते हैं।

ईद-उल-अज़हा की रस्में

  • कुर्बानी: आर्थिक रूप से स्थिर मुसलमान बकरे, भेड़, गाय या ऊंट की बलि देते हैं।
  • मांस का वितरण: कुर्बानी का मांस तीन हिस्सों में बांटा जाता है - एक हिस्सा परिवार के लिए, दूसरा हिस्सा रिश्तेदारों के लिए और तीसरा हिस्सा गरीब और जरूरतमंद लोगों के लिए।
  • नमाज: इस दिन विशेष नमाज अदा की जाती है।
  • मिलन और दावत: परिवार और दोस्तों के साथ मिलकर दावत का आयोजन होता है।

ईद-उल-अज़हा को बलिदान, समर्पण और दया का प्रतीक माना जाता है और इसे धूमधाम और उल्लास के साथ मनाया जाता है।



Ragib Asim

Ragib Asim is a seasoned News Editor at NPG News with 15+ years of excellence in print, TV, and digital journalism. A specialist in Bureaucracy, Politics, and Governance, he bridges the gap between traditional reporting and modern SEO strategy (8+ years of expertise). An alumnus of Jamia Millia Islamia and Delhi University, Ragib is known for his deep analytical coverage of Chhattisgarh’s MP administrative landscape and policy shifts. Contact: [email protected]

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