North Central Railway ki puri detail: उत्तर मध्य रेलवे क्यों कहलाता है भारतीय रेलवे का हृदय? जानिए नॉर्थ सेंट्रल रेलवे की पूरी जानकारी साथ ही रेलवे के 19 जोन!
North Central Railway ki puri detail: भारत विश्व में चौथे नंबर का सबसे बड़ा रेल नेटवर्क है, क्योंकि हर दिन यह व्यवस्था लाखों लोगों को अपनी उचित स्थान पर पहुचाती है। इस विशाल रेल नेटवर्क को संचालित करने के लिए कई छोटे-छोटे क्षेत्र बांटे गए हैं, ताकि रेल सुविधा सुचारू रूप से चल सके। क्या अपने भारतीय रेलवे में एनसीआर (NCR) के बारे में सुना है? यह क्षेत्र भारतीय रेलवे का काफी प्रमुख अंग है, जिसे उत्तर मध्य रेलवे या नॉर्थ सेंट्रल रेलवे भी कहते हैं। आईए जानते हैं कि क्यों इस रेल जोन को भारतीय रेलवे का हृदय माना जाता है? क्या है उत्तर मध्य रेलवे जोन की खासियत!

North Central Railway ki puri detail: भारत विश्व में चौथे नंबर का सबसे बड़ा रेल नेटवर्क है, क्योंकि हर दिन यह व्यवस्था लाखों लोगों को अपनी उचित स्थान पर पहुचाती है। इस विशाल रेल नेटवर्क को संचालित करने के लिए कई छोटे-छोटे क्षेत्र बांटे गए हैं, ताकि रेल सुविधा सुचारू रूप से चल सके। क्या अपने भारतीय रेलवे में एनसीआर (NCR) के बारे में सुना है? यह क्षेत्र भारतीय रेलवे का काफी प्रमुख अंग है, जिसे उत्तर मध्य रेलवे या नॉर्थ सेंट्रल रेलवे भी कहते हैं। आईए जानते हैं कि क्यों इस रेल जोन को भारतीय रेलवे का हृदय माना जाता है? क्या है उत्तर मध्य रेलवे जोन की खासियत!
कब हुई थी एनसीआर की स्थापना
भारतीय रेलवे को पूरे भारत में 19 महत्वपूर्ण जोन में बांटा गया है, जिसमें से एक है उत्तर मध्य रेलवे जोन। रेलवे में प्रशासनिक व्यवस्था और यात्रियों की सुविधा के लिए उत्तर मध्य रेलवे की स्थापना 1 अप्रैल 2003 को की गई थी और इसका मुख्यालय प्रयागराज में स्थापित किया गया है। यह रेलवे जोन काफी बड़ा है जिसमें उत्तरप्रदेश के साथ-साथ मध्य प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान के कुछ हिस्से भी आते हैं। इसके अंदर प्रयागराज, झांसी और आगरा तीन मुख्य मंडल बनाए गए हैं।
उत्तर मध्य रेलवे का विस्तार
भारत के प्रमुख चार राज्यों में फैले होने की वजह से यह रेलवे जोन काफी महत्वपूर्ण है। यह क्षेत्र लगभग 3351 किलोमीटर में फैला हुआ है, जिसके अंदर 409 रेलवे स्टेशन शामिल है। इस विशाल रेल नेटवर्क का सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशन कानपुर सेंट्रल है, जहां से हर दिन लगभग लाखों की संख्या में यात्री अपनी यात्राएं करते हैं। रेलवे विभाग की भर्ती जैसे लोको पायलट, ग्रुप डी आदि के लिए भी यह जॉन काफी महत्वपूर्ण है क्योंकि एनसीआर में दिसंबर 2025 तक कुल 68,856 कर्मचारी कार्यरत थे, जो काफी बड़ी संख्या है।
जानिए भारत के प्रमुख 19 रेलवे जोन के बारे में!
1) सेंट्रल रेलवे (मुंबई)
2) ईस्टर्न रेलवे (कोलकाता)
3) नॉर्दर्न रेलवे (नई दिल्ली)
4) नॉर्थ ईस्टर्न रेलवे (गोरखपुर)
5) नॉर्थईस्ट फ्रंटियर रेलवे (गुवाहाटी)
6) साउथर्न रेलवे (चेन्नई)
7) साउथ सेंट्रल रेलवे (सिकंदराबाद)
8) साउथ ईस्टर्न रेलवे (कोलकाता)
9) वेस्टर्न रेलवे (मुंबई)
10) ईस्ट सेंट्रल रेलवे (हाजीपुर)
11) ईस्ट कोस्ट रेलवे (भुवनेश्वर)
12) नॉर्थ सेंट्रल रेलवे (प्रयागराज)
13) नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे (जयपुर)
14) साउथ ईस्ट सेंट्रल रेलवे (बिलासपुर)
15) साउथ वेस्टर्न रेलवे (हुबली)
16) वेस्ट सेंट्रल रेलवे (जबलपुर)
17) कोलकाता मेट्रो रेलवे (कोलकाता)
18) साउथ कोस्ट रेलवे (विशाखापट्टनम)
19) कोंकण रेलवे (नया मुंबई)
