IPS ने आरएसएस से की आतंकी संगठन की तुलना, बोले- RSS की शाखा की तरह दे रहे थे ट्रेनिंग.. BJP ने घेरा, ADG ने थमाया नोटिस

पटना। पटना के एसएसपी की गुरुवार को प्रेस कान्फ्रेंस में मीडिया को संबोधित करते हुए बड़े विवाद में फंस गए। मानवजीत सिंह ढिल्लों ने मार्शल आर्ट और शारीरिक प्रशिक्षण देने की आड़ में चल रहे प्रतिबंधित संगठन पीएफआइ (पापुलर फ्रंट आफ इंडिया) की तुलना राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से कर दी। उन्होंने कहा कि जिस तरह आरएसएस की शाखा में स्वयं सेवकों को शारीरिक प्रशिक्षण दिया जाता है, उसी तरह पकड़े गए संदिग्धों को भी ट्रेनिंग दी जाती थी।
भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इस बाबत एसएसपी को घेरते हुए उनकी निंदा की। साथ ही कहा कि उन्हें पद से हटा दिया जाना चाहिए। बिहार बीजेपी ने कहा, "एसएसपी अपना मानसिक संतुलन खो चुके हैं। उन्हें सेवा से हटाने की जरूरत है।" इस बीच, पुलिस मुख्यालय की ओर से उनसे दो टूक जवाब मांगा गया है कि उन्होंने ऐसा बयान क्यों दिया?
वहीं ADG पुलिस मुख्यालय जितेंद्र सिंह गंगवार ने पटना SSP मानवजीत सिंह ढिल्लो को उनके विवादास्पद बयान को लेकर कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस के माध्यम से ADG पुलिस मुख्यालय जितेंद्र सिंह गंगवार ने SSP से पूछा आखिरी ऐसा बयान क्यों दिया, इसका जवाब 48 घंटे के भीतर दें।
दरअसल, पटना पुलिस ने गुरुवार को दावा किया कि उसने एक टेरर मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। मीडिया से बातचीत के दौरान पुलिस की ओर से जानकारी दी गई कि उसने पटना में 12 जुलाई को पीएम नरेंद्र मोदी के दौरे से एक दिन पहले पांच लोगों को गिरफ्तार किया था। कहा गया कि पीएम इन पांचों के टारगेट पर थे। पीसी में ढिल्लन ने कहा- ये लोग मस्जिदों और मदरसों से युवाओं को एकजुट कर कट्टर बनाने की दिशा में काम कर रहे थे। उनका मकसद आरएसएस की शाखा की तरह काम करना था, जहां लाठी चलाने आदि की ट्रेनिंग दी जाती है। वे इसे फिजिकल ट्रेनिंग का नाम देते थे, पर वे इसके जरिए ब्रेनवॉश करते थे।
बता दें, मानवजीत सिंह ढिल्लो 2009 के बिहार कैडर के आईपीएस अधिकारी हैं। पटना के एसएसपी बनने से पहले समस्तीपुर के एसपी थे। उससे पहले वो मुंगेर के एसपी थे। मुंगेर से पहले वो पटना में पुलिस अधीक्षक (विशेष कार्य बल) के पद पर तैनात थे। इसके अलावा, मानवजीत वैशाली जिले के एसपी भी रह चुके हैं। आमतौर पर उनकी गिनती बिहार के सख्त प्रशासनिक अधिकारियों में होती है। वैशाली जिले में एसपी के तौर उन्होंने खूब छापेमारी की थी। मानवजीत सिंह ढिल्लो तब चर्चाओं में थे जब उन्होंने वैशाली में एसपी रहते हुए लापरवाही बरतने वाले 3 डीएसपी समेत 66 पुलिसवालों पर एफआईआर दर्ज की थी।
