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CG में शराब पर गरमाई सियासत: जयराम दुबे की गिरफ्तारी को भाजपा ने बताया बदलापुर, कांग्रेस बोली- कुतर्क कर रहे भाजपाई

भाजपा आरटीआई सेल के कार्यकर्ता जयराम दुबे को सोमवार रात को चिचोला बॉर्डर पर पुलिस ने पकड़ा।

CG में शराब पर गरमाई सियासत: जयराम दुबे की गिरफ्तारी को भाजपा ने बताया बदलापुर, कांग्रेस बोली- कुतर्क कर रहे भाजपाई
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रायपुर। भाजपा आरटीआई सेल के कार्यकर्ता जयराम दुबे की गिरफ्तारी के बाद गुरुवार को भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने आ गई। भाजपा प्रवक्ता केदारनाथ गुप्ता ने राज्य सरकार पर बदलापुर की राजनीति का आरोप लगाया है। गुप्ता ने कहा कि जयराम दुबे ने आरटीआई लगाकर सरकार की नाक में दम कर दिया था, इसलिए जान-बूझकर फंसाया गया। इसके बाद कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला आए। उन्होंने कहा कि जयराम दुबे शराब की तस्करी करते थे। चिचोला बॉर्डर से लगातार आने-जाने के सीसीटीवी फुटेज हैं। पुलिस ने बाकायदा गाड़ी को रोकने से लेकर जांच करने की वीडियो रिकॉर्डिंग कराई है, जिसमें महाराष्ट्र की 14 बोतल शराब जब्त की गई है। क्या भाजपा आरटीआई प्रकोष्ठ का नेता होने से शराब तस्करी का लाइसेंस मिल जाता है? शुक्ला ने यह सवाल भाजपा नेताओं से पूछा है।

इस मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस की जुबानी जंग से पहले एक और बयान गौर करने लायक है। शराबबंदी के लिए गठित कमेटी के अध्यक्ष और छत्तीसगढ़ कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक सत्यनारायण शर्मा ने कहा है कि शराबबंदी जनता का नहीं, बल्कि बीजेपी का मुद्दा है। लोगों को शराबबंदी से मतलब नहीं है। बीजेपी महिला मोर्चा द्वारा शराबबंदी के मुद्दे पर आंदोलन के संबंध में उन्होंने कहा कि महंगाई पर ध्यान हटाने के लिए आंदोलन किया जा रहा है।

बॉर्डर से पहले पुलिसवालों ने घेरा और कार में शराब रखवाई: भाजपा


भाजपा कार्यालय में प्रवक्ता केदार नाथ गुप्ता, आरटीआई प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक डॉ. विजयशंकर मिश्रा, नलिनीश ठोकने, अमित साहू, अमित चिमनानी और अनुराग अग्रवाल ने पत्रकारों से चर्चा में यह आरोप लगाया है कि पुलिसवालों ने चिचोला बॉर्डर से पहले जयराम दुबे की कार को रोका। उसमें शराब रखवाई। इसके बाद घेरकर बॉर्डर तक लाए। उसकी रिकॉर्डिंग करते हुए शराब की बोतलें जब्त कीं। आरटीआई प्रकोष्ठ के संयोजक डॉ. मिश्रा ने कहा कि यदि कोई शराब तस्करी करता है तो क्या सिर्फ 14 बोतलों की करेगा? डॉ. मिश्रा ने कहा कि जयराम दुबे ने आरटीआई के तहत 200 आवेदन लगाए थे। इसमें डॉ. निर्मल वर्मा, गोबर खरीदी में गड़बड़ी के अलावा शराब की खरीदी-बिक्री में हो रही धांधली से जुड़े मामले भी शामिल हैं। इस कारण उन्हें फंसाया गया है। आरटीआई प्रकोष्ठ में 450 से ज्यादा कार्यकर्ता हैं, लेकिन जयराम दुबे हमेशा सोशल मीडिया पर एक्टिव रहते थे, इसलिए उन्हें निशाना बनाया गया। प्रदेश प्रवक्ता गुप्ता ने कहा कि बदलापुर की बात इसलिए भी पुष्ट होती है, क्योंकि भाजपा की एक महिला कार्यकर्ता वंदना राठौर के सोशल मीडिया पोस्ट के कारण गैर जमानती धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है।

पुलिस ने दुबे को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है, वीडियो रिकॉर्डिंग है: कांग्रेस


राजीव भवन में संचार विभाग के प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला, अल्पसंख्यक आयोग के चेयरमैन महेंद्र छाबड़ा, वरिष्ठ प्रवक्ता आरपी सिंह, धनंजय सिंह ठाकुर, सुरेंद्र वर्मा, अजय साहू, प्रकाश मणि वैष्णव ने कहा कि जयराम दुबे की आवाजाही पर पुलिस और बॉर्डर के कर्मचारियों की पहले से निगाह थी। इस बार जब कार को रोका गया तो दुबे ने डॉ. रमन सिंह, पूर्व मंत्री राजेश मूणत और अजय चंद्राकर से पहुंच होने की धौंस दिखाई। पुलिस ने एहतियातन वीडियो रिकॉर्डिंग करते हुए कार की डिक्की की जांच की तो उसमें शराब की बोतलें मिली हैं। दुबे को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। एक तरफ भाजपा शराबबंदी की मांग करती है, दूसरी ओर उनके ही नेता शराब की तस्करी में लिप्त हैं। इससे पहले भी एक दर्जन नेता शराब तस्करी में लिप्त पाए गए हैं। राजनांदगांव में भाजपा युवा मोर्चा का कार्यकर्ता शराब तस्करी करते हुए पकड़ा गया था। मुंगेली में भाजयुमो का कार्यकर्ता, बालोद में भाजपा का जिला उपाध्यक्ष, बलौदाबाजार में भाजपा नेता शराब तस्करी करते हुए पकड़ा गया था। भाजपा में शराब तस्करों का बड़ा जमावड़ा है। वरिष्ठ प्रवक्ता आरपी सिंह ने सवाल किया है कि जयराम दुबे को नैतिकता का निर्वहन करते हुए भाजपा से बाहर करना था, लेकिन उसे बचाने के लिए पत्रकारवार्ता की। क्या डॉ. रमन सिंह, नारायण चंदेल, अरुण साव, राजेश मूणत और अजय चंद्राकर की इसमें मिलीभगत है?

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