अब गूंजेगी शहनाइयां: जाग गए श्रीहरि, दिसंबर तक सिर्फ 9 दिन शुभ मुहूर्त, रायपुर जिले में 1500 से ज्यादा जोड़े लेंगे सात फेरे; मुहूर्त कम इसलिए...

Tulsi Vivah
रायपुर। भगवान श्रीहरि शुक्रवार को देवउठनी एकादशी पर 4 महीने की योगनिद्रा से जाग गए हैं। इस मौके पर रायपुर समेत प्रदेशभर में धूमधाम से तुलसी विवाह संपन्न कराया जा रहा है। इसी के साथ मांगलिक कार्यों पर 4 महीने से लगा प्रतिबंध ही हट गया है। ज्योतिषियों के अनुसार दिसंबर तक 9 दिन विवाह के शुभ मुहूर्त हैं। एक अनुमान के मुताबिक इस सावों में रायपुर जिले में ही 1500 से ज्यादा शादियां होंगी।
कोरोनाकाल के बाद यह पहला मौका है जब लोग बिना किसी भय और प्रतिबंध के बिना शादियां संपन्न करवा सकेंगे। इसके चलते 3 साल बाद शादियों का बाजार एक बार फिर गुलजार नजर आने लगा है। मैरिज हाॅल और गार्डन के साथ घोड़ी बग्घी, डीजे, बैंड-बाजा और धुमाल वाले फुल बुकिंग में चल रहे हैं। स्थिति यह है कि लोगों को खोजने पर भी होटल-भवन नहीं मिल रहे। कुछएक जगहों पर मुहूर्त के दिन भवन खाली भी हैं तो डिमांड के चलते रेट इतना अधिक बढ़ गया है कि इसका खर्च दूसरे खर्चों पर भारी पड़ रहा है।
काम की बात... मैरिज हाॅल-गार्डन नहीं मिल रहे तो अपने समाज से करें संपर्क
शहर के लगभर सभी मैरिज गार्डन और हॉल अभी फुल चल रहे हैं। यदि आपके घर भी किसी की शादी हो रही है और आपको मैरिज हाॅल या गार्डन नहीं मिल रहा तो आप अपने समाज के प्रतिनिधियों से संपर्क कर सकते हैं। रायपुर में तकरीबन सभी समाजों के अपने भवन हैं और इन्हें अपनों की मदद के उद्देश्य से ही बनाया गया है। साहू समाज का पचपेड़ी नाका और महादेवघाट में भवन है। वहीं, कुर्मी समाज का आजाद चौक और नरदहा में भवन है। इसी तरह ब्राह्मण समाज का रिंग रोड नंबर 2, पटेल समाज का महाराजबंध तालाब के सामने, यादव समाज का पुरानी बस्ती, सतनामी समाज का न्यू राजेंद्र नगर में भवन है। इसके अलावा समता कॉलोनी स्थित गायत्री शक्तिपीठ में भी विवाह के लिए भवन उपलब्ध कराया जाता है।
इन तारीखों पर ले सकते हैं सात फेरे
नवंबर- 21, 24, 25, 27 तारीख।
दिसंबर- 2, 7, 8, 9 और 14 तारीख।
होटल मैरिज पैलेस फुल चल रहे
साल के आखिरी मुहूर्तों में बड़ी संख्या में शादियां होनी हैं। इसके चलते शहर के लगभग सभी होटल और मैरिज गार्डन फुल चल रहे हैं। कोई बुकिंग कैंसिल हो रही है तो ही दूसरे लोगों को शादी के लिए भवन उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
- राजेंद्र पारख, होटल कारोबारी
