Asha Bhosle Passes Away: दिग्गज सिंगर आशा भोसले का निधन, कल होगा अंतिम संस्कार, बेटे आनंद भोसले ने दी जानकारी...

Asha Bhosle Passes Away: मुंबई। मशहूर गायिका आशा भोसले का निधन हो गया है. आशा भोसले मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती थी. कल शाम यानि सोमवार 13 मार्च को 4 बजे आशा भोसले का अंतिम संस्कार होगा. गायिका के बेटे आनंद भोसले ने भी इसकी जानकारी दी है. उनके निधन की खबर से इंडस्ट्री में मातम छा गया है. फैंस उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं.
आशा भोसले को बीते दिन सीने में हुए इंफेक्शन के चलते मुंबई के ब्रिज कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था. इसके बाद से ही फैंस की चिंता भी बढ़ गई थी. वहीं फैंस की चिंता को देखते हुए आशा भोसले की पोती जनाई भोसले ने हेल्थ अपडेट शेयर की थी और फैंस को बताया था कि अभी उनका इलाज चल रहा है. हालांकि जनाई ने ये अपडेट कल शाम में ही दी थी, वहीं अब सिंगर के निधन की खबर सामने आई है. आशा भोसले ने संगीत की दुनिया में ऐसा नाम बनाया है कि ये दुनिया उन्हें ताउम्र याद करेगी, कई पीढ़ियों तक उनके गाए गाने लोगों की जुबां में रहेंगे. बता दें कि आशा भोसले ने संगीत की दुनिया को 1200 से अधिक गाने दिए हैं जिनमें से दम मारो दम, पिया तु अब तो आजा जैसे गाने आज तक ट्रेंड में बने हुए हैं.
उनका इलाज मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में चल रहा था, जहां आज सुबह उनका देहांत हो गया. यह दुखद खबर उनके उनके बेटे आनंद भोसले ने दी है. पद्म विभूषण और दादा साहब फाल्के से सम्मानित से सम्मानित आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट के साथ-साथ फेफड़ों से जुड़ी कुछ समस्याएं भी थीं, जिसके कारण उनकी मृत्यु हो गई. अस्पताल की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, आशा ताई को कार्डियक अरेस्ट और सीने में इन्फेक्शन की शिकायत के बाद कल अस्पताल में भर्ती कराया गया था.
आशा की पोती जनाई भोसले ने किया था खबरों का खंडन
शनिवार रात को आशा की पोती जनाई भोसले ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर कर साफ की थी. उन्होंने उन खबरों का खंडन किया जिनमें कार्डियक अरेस्ट की बात कही जा रही थी. जनाई ने लिखा, "मेरी दादी को बहुत ज्यादा थकान और सीने में इन्फेक्शन चेस्ट इन्फेक्शन की वजह से अस्पताल लाया गया था. हम आप सभी से इस मुश्किल समय में हमारी निजता का सम्मान करने की गुजारिश करते हैं. उनका इलाज चल रहा है और हमें पूरी उम्मीद है कि वह जल्द स्वस्थ हो जाएंगी."
शुरुआती करियर
आशा भोसले ने अपने करियर की शुरुआत साल 1948 में ‘सावन आया’ गाने से की थी, जिसे लोगों ने बहुत पसंद किया. उन्होंने अब तक करीब 16,000 गाने गाए हैं. खास बात यह है कि उन्होंने हिंदी के अलावा मराठी, बंगाली, तमिल और रूसी जैसी कई भाषाओं में भी अपनी आवाज दी है. पुराने समय में उनकी सुरीली आवाज के बिना फिल्में अधूरी मानी जाती थीं.
मिले ये अवॉर्ड
आशा भोसले को कई अवॉर्ड से नवाजा गया. उन्हें 2008 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था. 2000 में दादासाहेब फाल्के पुरस्कार दिया गया था. उन्हें दो बार नेशनल अवॉर्ड मिला. उन्हें 1981 और 1986 में सर्वश्रेष्ठ महिला प्लेबैक गायिका का अवॉर्ड मिला. इसके अलावा उन्हें 7 बार फिल्मफेयर पुरस्कार से सम्मानित किया गया. 1996 में फिल्म रंगीला के लिए उन्हें फिल्मफेयर स्पेशल अवॉर्ड मिला. 2001 में उन्हें फिल्मफेयर लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से नवाजा गया. 2002 में फिल्म लगान के लिए IIFA Awards मिला. इसके अलावा उन्हें 1987 में नाइटिंगेल ऑफ एशिया अवॉर्ड मिला. 2000 में (दुबई) 9. सिंगर ऑफ द मिलेनियम और 2002 BBC लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड मिला.
आशा भोसले ने अपने करियर 12,000 से भी अधिक गाने गए
आशा भोसले ने अपने करियर में 12,000 से भी अधिक गाने गए हैं, उन्होंने हिंदी के अलावा मराठी, बंगाली, गुजराती और कई अन्य भाषाओं में भी अपनी आवाज दी थी. जैसे ( चुरा लिया है तुमने जो दिल को, दम मारो दम, पिया तू अब तो आ जा, इन आँखों की मस्ती के, दिल चीज़ क्या है, ये मेरा दिल यार का दीवाना, कजरा मोहब्बत वाला, आ जाइए मेहरबान, डांस और पेपी नंबर्स, जवानी जान-ए-मन, परदे में रहने दो, ईना मीना डीका, हंगामा हो गया, ओ हसीना जुल्फों वाली, अभी ना जाओ छोड़ कर, इशारों इशारों में दिल लेने वाले, दो लफ्ज़ों की है दिल की कहानी, मेरा कुछ सामान, खालि हाथ शाम आई है ) इसके साथ और अन्य आने भी है.

गोपाल राव: रायपुर में ग्रेजुएशन करने के बाद पत्रकारिता को पेशा बनाया। विभिन्न मीडिया संस्थानों में डेस्क रिपोर्टिंग करने के बाद पिछले 11 सालों से NPG.NEWS से जुड़े हुए हैं। मूलतः रायपुर के रहने वाले हैं।
Tags
-
Home
-
Menu
