मशहूर जादूगर ओपी शर्मा का निधन, अस्पताल में ली अंतिम सांस...दुनिया के रंगमंच से 'गायब' हुआ जादू

जादूगर ओपी शर्मा
नई दिल्ली I हैरतअंगेज जादुई करिश्मों से लोगों को हमेशा हैरान कर देने वाले मशहूर जादूगर ओपी शर्मा का शनिवार रात निधन हो गया। वो कोरोना से संक्रमित थे और लंबे समय से बीमार थे। कानपुर के फार्च्यून अस्पताल में भर्ती थे। और मौजूदा समय में फार्च्यून अस्पताल में भर्ती थे। उनका डायलिसिस भी चल रहा था और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। बता दें कि 1973 में जन्मे ओपी शर्मा मूल रूप से बलिया जिले के रहने वाले थे। जादूगर ओपी शर्मा ने अपनी जादू की परिष्कृत कला से देश-विदेश में भी बड़ा नाम कमाया। इसके साथ ही उन्होंने राजनीति में भी किस्मत आजमाई, लेकिन सफलता नहीं मिली थी। वे अक्सर कहा करते थे की, "जिसकी शुरुआत होती है, उसका अंत भी होता है। ये प्रकृति का नियम है। मैं रहूं या न रहूं लेकिन जादू चलता रहेगा।"
दरअसल, जादूगर ओपी शर्मा ने अपना आवास कानपुर दक्षिण के बर्रा-2 में बनवाया था। वहीं उन्होंने अपने इस घर का नाम 'भूत बंगला' रखा था। इतना ही नहीं उनके घर के के मुख्य द्वार में भूतों की आकृति भी बनी हुई है। कानपुर दक्षिण के बदला क्षेत्र में उनका यह बंगला काफी चर्चित भी रहा है। पता हो की, उनके शो के टिकट हाथोंहाथ बिक जाते थे। वहीं उनकी लोकप्रियता को देखते हुए उन्हें समाजवाजी पार्टी ने विधानसभा चुनाव का टिकट भी दिया था। खैर, अपने फैंस के अलावा ओपी शर्मा परिवार में तीन बेटों प्रेमप्रकाश शर्मा, सत्य प्रकाश शर्मा और पंकज प्रकाश शर्मा के अलावा बेटी रेनू और पत्नी मीनाक्षी शर्मा को छोड़ गए हैं। भले ही उन्होंने समाजवाजी पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ा हो, लेकिन उनके चाहने वाले लगभग हर बड़े राजनीतिक दल में थे। वहीँ बच्चों से लेकर बड़ों तक जादूगर ओपी शर्मा के जादू का क्रेज जैसे सिर पर चढ़कर बोलता था।यही वजह रही कि उनके निधन का यह दुखद समाचार मिलते ही यूपी के उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने भी शोक जताते हुए उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
