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Kishore Vaigyanik Protsahan Yojana (KVPY): साइंस में रिसर्च को बढ़ावा देने की पहल, प्रतिभाशाली स्टूडेंट्स को हर महीने 5 से 7 हजार रुपए की 2 फेलोशिप, जानें योजना की खास बातें

केंद्र सरकार किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना साल 1999 से चला रही है। इसका मकसद विज्ञान के क्षेत्र में छिपी हुई प्रतिभाओं को बाहर लाना है और रिसर्च में करियर बनाने की इच्छा रखने वाले छात्रों की मदद करना है। योजना के तहत विज्ञान के क्षेत्र में करियर बनाने वाले छात्र को 5 हजार रुपए और 7 हजार रुपए प्रतिमाह की दो अलग-अलग फेलोशिप दी जाती है।

Kishore Vaigyanik Protsahan Yojana (KVPY): साइंस में रिसर्च को बढ़ावा देने की पहल, प्रतिभाशाली स्टूडेंट्स को हर महीने 5 से 7 हजार रुपए की 2 फेलोशिप, जानें योजना की खास बातें
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By Pragya Prasad

Kishore Vaigyanik Protsahan Yojana (KVPY)। किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना को भारत सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (DST) ने शुरू किया था। KVPY योजना पहली बार साल 1999 में शुरू की गई थी। इस योजना के पीछे सरकार का उद्देश्य विज्ञान स्ट्रीम के प्रतिभाशाली स्टूडेंट्स की पहचान करना और उन्हें रिसर्च में अपना करियर बनाने के लिए प्रोत्साहित करना है।

5 हजार और 7 हजार रुपए प्रतिमाह की दो अलग-अलग फेलोशिप

इस योजना के तहत विज्ञान के क्षेत्र में करियर बनाने वाले छात्र को 5 हजार रुपए और 7 हजार रुपए प्रतिमाह की दो अलग-अलग फेलोशिप दी जाती है। इस योजना के तहत 11वीं, 12वीं कक्षा और स्नातक कर रहे छात्रों को फेलोशिप दी जाती है।


स्कॉलरशिप का एक राष्ट्रीय कार्यक्रम

किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना (KVPY) मूलभूत विज्ञान के क्षेत्रों में स्कॉलरशिप का एक राष्ट्रीय कार्यक्रम है। इसकी पहल एवं वित्त पोषण विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग भारत सरकार द्वारा मूलभूत विज्ञान में अनुसंधान की दिशा में करियर जारी रखने के इच्छुक, असाधारण रूप से प्रेरित (Inspired by) विद्यार्थियों को आकर्षित करने के लिए की गई है। सभी राष्ट्रीय दैनिक समाचार पत्रों में योजना की स्कॉलरशिप के लिए विज्ञापन सामान्य रूप से प्रौद्योगिकी दिवस (मई 11) और जुलाई के दूसरे रविवार को प्रकाशित किया जाता है।


किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना (KVPY) 2024 के बारे में जानें

किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना उन छात्रों के लिए एक फेलोशिप योजना है, जो केमिस्ट्री, फिजिक्स, मैथ्स, कोशिका जीव विज्ञान, पारिस्थितिकी, आणविक जीव विज्ञान, वनस्पति विज्ञान, प्राणी विज्ञान, शरीर विज्ञान, जैव प्रौद्योगिकी, तंत्रिका विज्ञान, सांख्यिकी, जैव रसायन विज्ञान, सूक्ष्म जीव विज्ञान, जैव सूचना विज्ञान, समुद्री जीव विज्ञान, भूविज्ञान, मानव जीव विज्ञान, अनुवांशिकी, जैव चिकित्सा विज्ञान, अनुप्रयुक्त भौतिकी, भूभौतिकी, पदार्थ विज्ञान या पर्यावरण विज्ञान में बीएससी/बीएस/बी. स्टैट/बी. मैथ/इंट. एम.एससी/इंट. एम.एस. में नामांकित हैं। जो आवेदक विज्ञान स्ट्रीम में अपना करियर बनाना चाहते हैं, वे इस फेलोशिप योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं।

  • योजना- किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना (KVPY)
  • लॉन्चिंग- विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी), भारत सरकार
  • योजना का प्रकार- फेलोशिप योजना
  • केंद्र सरकार की योजना
  • आवेदन का तरीका- ऑनलाइन
  • आधिकारिक वेबसाइट- http://www.kvpy.iisc.ernet.in/

छात्रों को मिलेंगे 5 से 7 हजार रुपए

किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना (KVPY) फेलोशिप पिछले दो दशकों से छात्रों को विज्ञान के क्षेत्र में करियर बनाने में छात्र-छात्राओं की काफी मदद कर रहा है। इस योजना के तहत छात्रों को 5 हजार रुपये और 7 हजार रुपये प्रतिमाह की दो अलग-अलग फेलोशिप दी जाती है। इस योजना का लाभ लेने के लिए छात्रों को फेलोशिप के लिए आवेदन करना जरूरी है।

दो चरणों में देना होता है एग्जाम

विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग ने इस योजना की शुरुआत साल 1999 में की थी। योजना का उद्देश्य देशभर में विज्ञान के क्षेत्र में छिपी प्रतिभाओं को बाहर लाना है, जिससे देश और छात्रों दोनों का भविष्य उज्जवल हो। राष्ट्रीय स्तर पर छात्रों के चयन के लिए इस योजना के तहत उच्चस्तरीय प्रवेश परीक्षा का आयोजन किया जाता है। इसे आमतौर पर दो चरणों में आयोजित किया जाता है। पहले चरण में ऑनलाइन एप्टिट्यूड टेस्ट होता है। वहीं इसमें पास होने पर इंटरव्यू की बारी आती है।


योजना के लिए कौन से छात्र आवेदन कर सकते हैं?

  • KVPY फेलोशिप में भाग लेने के लिए छात्रों को 10वीं में विज्ञान और गणित विषय में 75% अंक लाना जरूरी है।
  • अनुसूचित जाति, जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के छात्रों को 10 प्रतिशत की छूट दी जाती है।
  • ग्रेजुएशन फर्स्ट ईयर के छात्रों को 12वीं में 60 प्रतिशत अंक लाना जरूरी है।
  • अनुसूचित जाति, जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग को 10 प्रतिशत की छूट के साथ 50 प्रतिशत अंक लाना अनिवार्य है।

केवीपीवाई फेलोशिप इतने तरह का होता है-

अवधि

  • एसए/एसएक्स/एसबी- बीएससी/बीएस/बी.स्टेट/बी.मैथ/इंटीग्रेटेड एम.एससी/एमएस के प्रथम से तृतीय वर्ष के दौरान
  • मासिक फेलोशिप- 5000 रुपए
  • वार्षिक आकस्मिक अनुदान- 20,000 रुपए

अवधि

  • एसए/एसएक्स/एसबी- बीएससी/बीएस/बी.स्टेट/बी.मैथ/इंटीग्रेटेड एम.एससी/एमएस के प्रथम से तृतीय वर्ष के दौरान
  • मासिक फेलोशिप- 5000 रुपए
  • वार्षिक आकस्मिक अनुदान- 20,000 रुपए

अवधि

  • एसए/एसएक्स/एसबी- एम.एससी./एकीकृत एम.एससी./एमएस/एम.मैथ./एम.स्टैट के चौथे से पांचवें वर्ष के दौरान।
  • मासिक फेलोशिप- 7000 रुपए
  • वार्षिक आकस्मिक अनुदान- 28,000 रुपए

योजना के लिए पात्रता

स्ट्रीम एसए- गणित और विज्ञान विषयों में कुल मिलाकर 75% (एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी के लिए 65%) अंकों के साथ 10वीं कक्षा उत्तीर्ण करने वाले और 11वीं कक्षा में प्रवेश लेने वाले आवेदक एप्टीट्यूड टेस्ट के लिए आवेदन करने के पात्र हैं। फेलोशिप केवल तभी पात्र होगी, जब वे साइंस से 12वीं बोर्ड परीक्षा में 60% (एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी के लिए 50%) अंक लाने के बाद बीएससी/बीएस/बी.स्टैट/बी.मैथ/इंट. एमएससी/इंट. एमएस में प्रवेश लेंगे।

स्ट्रीम एसएक्स- ऐसे आवेदक जो फिजिक्स/केमिस्ट्री/मैथ्स और बायोलॉजी विषय के साथ 12वीं कक्षा में हैं और बीएससी/बीएस/बी.स्टैट/बी.मैथ/इंट. एमएससी/इंट. एमएस पाठ्यक्रम करना चाहते हैं, वे भी योग्यता परीक्षण के लिए आवेदन करने के पात्र हैं। आवेदक को 10वीं कक्षा की बोर्ड परीक्षा में गणित और विज्ञान विषयों में कुल मिलाकर 75% (एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी के लिए 65%) अंक प्राप्त करने होंगे। फेलोशिप केवल तभी मिलेगी, जब उन्हें 12वीं बोर्ड परीक्षा में 60% (एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी के लिए 50%) अंक हासिल करने के बाद बीएससी/बीएस/बी.स्टैट/बी.मैथ/इंट. एमएससी/इंट. एमएस में प्रवेश दिया जाएगा।

स्ट्रीम एसबी- वे छात्र जो बीएससी/बीएस/बी.स्टेट/बी.मैथ/इंट. एमएससी/इंट. एमएस में फर्स्ट ईयर में हैं और 12वीं बोर्ड परीक्षा में 60% (एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी के लिए 50%) अंक लाए हों, वे भी आवेदन करने के पात्र हैं। आवेदक दिव्यांग/एससी/एसटी उम्मीदवार होना चाहिए।

महत्वपूर्ण डॉक्यूमेंट्स- जाति प्रमाण पत्र, शारीरिक रूप से दिव्यांग उम्मीदवार के मामले में PwD प्रमाण पत्र, एजुकेशनल क्वालिफिकेशन सर्टिफिकेट्स

आवेदन शुल्क का भुगतान केवल क्रेडिट कार्ड, एटीएम-डेबिट कार्ड या नेट बैंकिंग के माध्यम से किया जा सकता है। सामान्य/ओबीसी श्रेणी के लिए आवेदन शुल्क 1250 रुपए है, वहीं एससी/एसटी/पीडब्ल्यूडी श्रेणी के लिए आवेदन शुल्क 625 (बैंक शुल्क अतिरिक्त) रुपए है।

100 अंकों का होगा प्रश्न पत्र

किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना में प्रश्न पत्र 100 अंकों का होगा। भाग 1 में हर सही उत्तर के लिए एक अंक दिया जाएगा। हर गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक काटे जाएंगे। भाग 2 में हरेक सही उत्तर के लिए 2 अंक दिए जाएंगे, वहीं प्रत्येक गलत उत्तर पर 0.5 अंक काटे जाएंगे।

किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना आवेदन पत्र भरने का विवरण

  • उम्मीदवार का नाम
  • आवेदक का वर्ग
  • आवेदक की स्ट्रीम
  • लिंग
  • जन्म की तारीख
  • वर्ग
  • वैध ईमेल आईडी
  • मोबाइल नंबर

योजना के लिए आवेदन करने की प्रक्रिया

  • विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी), भारत सरकार की आधिकारिक वेबसाइट खोलें।
  • वेबसाइट के होम पेज से 'आवेदन' विकल्प पर क्लिक करें।
  • फिर 'पंजीकरण के लिए यहां क्लिक करें' विकल्प पर क्लिक करें।
  • नाम, ईमेल आईडी, संपर्क नंबर और कैप्चा कोड दर्ज करके पंजीकरण फॉर्म भरें।
  • रजिस्टर विकल्प पर क्लिक करें और फिर बाकी आवेदन पत्र को व्यक्तिगत और शैक्षणिक विवरण के साथ भरें।
  • निर्धारित प्रपत्र में छवि, हस्ताक्षर और अन्य अनिवार्य दस्तावेज अपलोड करें।
  • दर्ज किए गए विवरण की समीक्षा के बाद आवेदन पत्र जमा करें।
  • आवेदन पत्र का भुगतान करें और आवेदन पत्र और भुगतान रसीद का प्रिंट आउट ले लें।

पोर्टल पर लॉगइन करने की प्रक्रिया

  • सबसे पहले किशोर वैज्ञानिक प्रोत्साहन योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • आपके सामने होम पेज खुल जाएगा।
  • होम पेज पर आपको साइन इन पर क्लिक करना होगा।
  • आपके सामने एक नया पेज दिखाई देगा।
  • इस नये पेज पर आपको अपना उपयोगकर्ता नाम और पासवर्ड दर्ज करना होगा।
  • अब आपको साइन इन पर क्लिक करना है।
  • इस प्रोसेस के जरिए आप पोर्टल पर लॉग इन कर सकते हैं।

Pragya Prasad

पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करने का लंबा अनुभव। दूरदर्शन मध्यप्रदेश, ईटीवी न्यूज चैनल, जी 24 घंटे छत्तीसगढ़, आईबीसी 24, न्यूज 24/लल्लूराम डॉट कॉम, ईटीवी भारत, दैनिक भास्कर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम करने के बाद अब नया सफर NPG के साथ।

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