CG में महिला के साथ गैंगरेप: विरोध करने पर पति को पीटा, फिर सुनसान जगह पर ले जाकर दिया घटना को अंजाम, 4 गिरफ्तार
Raigarh Gang Rape Case: पुलिस ने महिला से सामूहिक दुष्कर्म और उसके पति से मारपीट के आरोप में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

फोटो सोर्स- इंटरनेट, एडिट, npg.news
रायगढ़ 06 अप्रैल 2026, छ्त्तीसगढ़ की रायगढ़ पुलिस ने सामूहिक दुष्कर्म और मारपीट के आरोप में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं एक आरोपी फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। पांच में से तीन आरोपियों ने 4 अप्रैल की रात महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया था और दो आरोपियों ने उसके पति के साथ मारपीट किया था। यह घटना कोतरारोड थाना क्षेत्र की है।
क्या है पूरा मामला ?
जानकारी के मुताबिक, कोतरारोड थाना क्षेत्र में किराए के मकान में रहने वाली 37 वर्षीय महिला ने 5 अप्रैल को थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि 4 अप्रैल की रात साढ़े 11 बजे वो अपने पति के साथ सामान लेने के लिए मेन रोड पर स्थित दुकान पर गई थी, तभी ऑटो सवार पांच आरोपी वहां पहुंचे और उसे अकेला पाकर पास के दुकान के अंदर ले जाने लगे।
कब और कैसे दिया वारदात को अंजाम ?
उसके पति ने जब इसका विरोध किया, तो आरोपी दीपक सिदार और पिंटू निषाद ने उसकी लात-घूसों से पिटाई कर दी। इसके बाद आरोपी मुन्ना गिरी, योगेश सिदार और जागेश्वर पटेल ने महिला के साथ बारी-बारी से दुष्कर्म किया। पीड़िता की शिकायत के बाद पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ धारा 70(1), 115 BNS के तहत मामला दर्ज किया और जांच में जुट गई।
कितने आरोपी हुए गिरफ्तार ?
कोतरा रोड थाना प्रभारी अजय नागवंशी ने अधिकारियों को इस मामले से अवगत कराया और फिर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की। इसके बाद टीम ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों मुन्ना गिरी (27), जागेश्वर पटेल (32), दीपक सिदार (23) और पिंटू निषाद (23) को गिरफ्तार कर लिया। वहीं पांचवां आरोपी योगेश सिदार फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है।
SSP ने मामले में क्या कहा ?
SSP शशी मोहन सिंह का इस मामले में कहना है कि महिलाओं की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई करेगी। यह बेहद गंभीर मामला है और आोरपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए पुलिस पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
दुष्कर्म के आरोपी पर कौन सी धारा लगती है और क्या सजा मिलती है ?
अगर आपको नहीं पता, तो बता दें कि भारत में दुष्कर्म के लिए सख्त कानून बनाया गया है। दुष्कर्म के मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64 (पूर्व में IPC 376) के तहत मामला दर्ज किया जाता है, जिसके तहत आरोपी को कम से कम 10 साल से लेकर आजीवन कारावास या मृत्युदंड तक की सजा भी हो सकती है। वहीं अगर पीड़िता की उम्र 18 साल से कम हो तो पॉक्सो (POCSO) एक्ट के तहत भी मामला दर्ज किया जाता है। इसके अलावा सामुहिक दुष्कर्म के मामले में धारा 70 (पूर्व में 376D) लगाई जाती है।
