Court News: युवती का अपहरण कर किया दुष्कर्म: फिर हाथ और गले का नस काटकर की बेरहमी से हत्या, आरोपी को फांसी की सजा
Court News: दुष्कर्म के बाद विभित्स तरीके से युवती के हत्या के आरोपी को निचली स्पेशल कोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई है। अददालत ने अपने फैसले में कहा कि दुष्कर्म के बाद जघन्य हत्या के आरोपी को सुधरने का मौका नहीं दिया जा सकता। समाज में इसका विपरीत असर पड़ेगा। यह दुर्लभ प्रक्रति का मामला है। ऐसे अपराधी को फांसी की सजा सुनाना ही उचित रहेगा। इस टिप्पणी के अदालत ने आरोपी को फांसी की सजा सुनाई है।

Apharan Kar Dushkarm Ke Bad Hatya: बेमेतरा में नौकरी करने वाली युवती का अपहरण करने के बाद उसके साथ दुष्कर्म किया और फिर हाथ और गले का नस काटकर बेरहमी के साथ उसकी हत्या कर दी। मामले की सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश ने युवती के अपहरण,दुष्कर्म और हत्या के आरोपी शंकर निषाद को फांसी की सजा सुनाई है। स्पेशल कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि इस प्रकार की घटना दुर्लभ प्रकृति का है। लिहाजा आरोपी का आजीवन कारावास की सजा सुनाकर सुधरने का दूसरा मौका नहीं दिया जा सकता।
राज्य शासन की ओर से पैरवी करते हुए सरकारी वकील ने बताया कि मृतका बेमेतरा में भृत्य के पद पर कार्यरत थी। 9 अगस्त 22 को छुट्टी लेकर वह अपने घर जांजगीर जिला आई थी। 14 अगस्त 22 की सुबह लगभग 9 बजे अपनी स्कूटी से बेमेतरा जाने के लिए निकली। दो घंटे बाद जब परिजनों ने मोबाइल से बात करने की कोशिश की तब मोबाइल स्विच ऑफ मिला। परेशान परिजनों ने डभरा थाने में शिकायत दर्ज कराई। जांच के दौरान पुलिस को मृतका के मोबाइल का लोकेशन सक्ती जिले के पलगड़ा घाट के पास मिला। पलगड़ा घाट प्रवेश द्वार के पास लगे सीसी फुटेज में 14 अगस्त को पीड़िता को एक युवक के साथ स्कूटी पर जाते देखा गया। 12.04 बजे वही युवक अकेले स्कूटी लेकर लौटते नजर आया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश एसटी-एससी कोर्ट, जांजगीर-चांपा में हुई। स्पेशल कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि समाज अभियुक्त के इस कायरतापूर्ण, वीभत्स और पैशाचिक अपराध से स्तब्ध है। अभियुक्त के खिलाफ प्रमाणित अपराध की गंभीरता को देखते हुए उसे आजीवन कारावास की सजा देना पर्याप्त नहीं होगा। अभियुक्त ने असहाय पीड़िता का दुष्कर्म कर निर्ममतापूर्वक हत्या कर दी। अभियुक्त में सुधार और पुनर्वास की कोई गुंजाइश नहीं है। मामले की विरलतम प्रकृति और अपराध को देखते हुए मृत्युदंड देना न्यायोचित रहेगा। इस टिप्पणी के साथ स्पेशल कोर्ट ने आरोपी को फांसी की सजा सुनाई है।
