
रायपुर 19 अगस्त 2023। किसी भी देश, राज्य या प्रांत को स्थायी और समावेशी भविष्य को आकार देने में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। छत्तीसगढ़ की भूपेश बघेल की सरकार ये बात बहुत अच्छी तरह जानती है। इसीलिए वो युवाओं की उपलब्धियों को बढ़ावा देने और समाज में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है। युवाओं की अपार क्षमता और जीवन शक्ति का इस्तेमाल स्थायी और समावेशी भविष्य गढ़ने में किया जा रहा है। सरकार ने युवाओं के हित में खजाने खोल दिए हैं। भूपेश बघेल की सरकार अपने वादे के मुताबिक प्रदेश के बेरोजगार युवकों को न सिर्फ बेरोजगारी भत्ता दे रही है, बल्कि उन्हें ऐसी ट्रेनिंग भी दे रही है कि वे अपने कौशल से स्वरोजगार स्थापित करें और दूसरों को भी रोजगार दें। अब तक एक लाख 22 हजार 625 हितग्राहियों को 112 करोड़ 43 लाख 30 हजार रूपए का अंतरण कर उनके चेहरे पर मुस्कान बिखेरने का काम कर रहे हैं। इसके साथ ही ये युवा हमेशा इस योजना के भरोसे न रहें इसके लिए रोजगार मूलक प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जा रहा है ताकि युवा सक्षम बनकर रोजगार प्राप्त कर सकें।
योजना के अंतर्गत प्रतिमाह 2500 रुपए मिलने से बेरोजगार युवाओं को संबल मिल रहा है। योजना को लेकर युवाओं का कहना है कि उनके संघर्ष के दिनों का दर्द कम हो रहा है और जेब खर्च के कारण परिवार पर निर्भरता से भी कुछ राहत मिल रही है। प्रदेश के ऐसे युवा जिनकी आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने की वजह से उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी सहित अन्य खर्चे उठाने में परेशानी उठानी पड़ती है, इस योजना के तहत मिली राशि से वे अपनी जरूरतें पूरी कर पा रहे हैं। यह योजना बेरोजगार युवाओं के भविष्य को एक नया आयाम देने में सहायक बन रही है। प्रदेश सरकार ने 300 रीपा, यानी रुरल इंडस्ट्रियल पार्क बनवाया है। 1186 करोड़ रुपए की राशि से 36 आईटीआई का उन्नयन कर रही है। जिससे दस हजार पद सृजित होंगे।
राज्य के 36 आईटीआई के आधुनिकीकरण के लिए 1188.36 करोड़ रूपए की परियोजना के लिए एमओयू भी किया गया है। जिससे युवाओं को 06 नवीन तकनीकी ट्रेड के साथ ही 23 शॉट टर्म कोर्स में प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे लगभग प्रति वर्ष 10 हजार युवाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा। इन युवाओं को विभिन्न उद्योगों में नियोजित कराया जाएगा। युवाओं को अपनी तरक्की के राह में आर्थिक परेशानियों का सामना न करना पड़े, इसलिए बेरोजगारी भत्ता देने और पीएससी व व्यापम की प्रतियोगी परीक्षाओं में शुल्क माफ कर उन्हें बड़ी राहत देने का काम किया है। राज्य की भूपेश बघेल की सरकार ने इस पौने चार साल में चार नए मेडिकल कॉलेज खोले, 10 आत्मानंद आदर्श कॉलेज खोलने जा रही है। दर्जनों योजनाएं युवाओं को फोकस करते हुए लांच की गई हैं। जिसका लाभ प्रदेश के लाखों नौजवान उठा रहे हैं। राज्य भर में फैले मितान क्लबों के माध्यम से युवाओं की जरूरतों पर सर्वे कर उनकी जरुरतें पूरी की जा रही हैं।
सरकारी भर्तियों की प्रक्रिया में तेजी आई हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं में फीस माफी के साथ ही रोजगार मिशन का संचालन किया जा रहा है। युवाओं को साथ लेकर सरकार सामाजिक, आर्थिक उत्थान के लिए विभिन्न योजनाएं संचालित कर उन्हें लाभान्वित कर रही है। युवा किसान, पशुपालक, भूमिहीन मजदूर, महिलाओं को सीधा लाभ मिल रहा है। राजीव गांधी किसान न्याय योजना के माध्यम से अब तक 20 हजार 102 करोड़ रूपए की इनपुट सब्सिडी हितग्राहियों अंतरित की जा चुकी है। इसी तरह गोधन न्याय योजना के माध्यम से अब तक प्रदेश के गोबर विक्रेताओं को 251.08 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। गौठान समूह और महिला स्व-सहायता समूह को अब तक 257.29 करोड़ रूपए का लाभांश का भुगतान किया गया है। राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजूदर न्याय योजना के माध्यम से प्रदेश के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों के भूमिहीन मजदूरों 589 करोड़ 39 लाख रूपए का भुगतान किया गया है।
0 युवाओं की अपनी आकांक्षा है। उनका जो सपना है। वही हमारे पुरखों का भी सपना था। सरकार का भी यही सपना है। प्रदेश के युवाओं से सीधे संवाद कर रहे हैं। सरकार राज्य के युवाओं के भविष्य के लिए नए रास्ते खोल रही है। -भूपेश बघेल, मुख्यमंत्री पूरा होगा आईएएस बनने का सपना
0 भूपेश बघेल की सरकार ने शुरू की है राजीव युवा उत्थान योजना
देश की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा यूपीएससी पास करने का सपना हर कोई देखता है। हर युवा आईएएस और आईपीएस बनने का सपना देखता है। छत्तीसगढ़ के भी हजारों, लाखों युवाओं की आंखों में आईएएस बनने का सपना पलता है। प्रदेश की भूपेश बघेल की सरकार उनके लिए खुशखबरी लेकर आई है। सरकार ने राज्य के युवाओं के आईएएस, आईपीएस बनने के सपने को साकार करने का बीड़ा उठाया है। इसके लिए राज्य सरकार ने राजीव युवा उत्थान योजना की शुरुआत की है। इस योजना का लाभ वे छात्र उठा सकते हैं तो आर्थिक तंगी यूपीएससी परीक्षा सहित दूसरी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी नहीं कर पाते हैं। इस योजना का लाभ केवल छत्तीसगढ़ के युवाओं को मिलेगा। राजीव युवा उत्थान योजना का उद्देश्य छत्तीसगढ़ युवाओं को यूपीएससी सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करना है। योजना के तहत राज्य के एससी, एसटी और अन्य पिछड़ा वर्ग के छात्रों को यूपीएससी की फ्री कोचिंग दी जाएगी। उन्हें निशुल्क परीक्षा की तैयारी करने का मौका मिलेगा। यही नहीं छात्रों को हजार रुपये की स्कॉलरशिप भी दी जाएगी। छत्तीसगढ़ के युवा जो आईएएस, आईपीएस बनने की इच्छा रखते हैं। वे राजीव युवा उत्थान योजना के तहत ऑनलाइन या ऑफलाइन आवेदन कर सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू है। ऑनलाइन आवेदन 29 अगस्त रात 12 बजे तक आधिकारिक वेबसाइट जतपइंस.बह.हवअ.पद या ीउेजतपइंस.बह.दपब.पद के माध्यम से करना होगा।
आईएएस, आईपीएस के अलावा प्रदेश के ऐसे युवा जो सरकारी नौकरी की तैयारी करना चाहते हैं उनके लिए सरकार ने मौका दिया है। राजीव युवा उत्थान योजना के तहत परीक्षा 14 मई को हुई थी। इस परीक्षा में भारत का सामान्य ज्ञान, छत्तीसगढ़ सामान्य ज्ञान, गणित, रिजनिंग, हिन्दी, अंग्रेजी से जुड़े सवाल पूछे गए। इसमें कुल 100 अंक के 100 प्रश्न पूछे जाएंगे। गलत उत्तर होने पर स्टूडेंट्स की माइनस मार्किंग नहीं की गई थी। आदिवासी विकास विभाग की ओर से आयोजित इस परीक्षा को क्लीयर करने वालों को बैंकिंग भर्ती बोर्ड, रेल्वे भर्ती बोर्ड, कर्मचारी चयन आयोग, छ.ग.व्यापम वगैरह के जरिए से ली जाने वाली परीक्षाओं के लिए कोंचिग सुविधा प्रदान करने की योजना है। इस योजना के तहत वर्ष में 6-6 माह के दो प्रशिक्षण सत्र आयोजित किये जाते है। अभ्यर्थियों का चयन परीक्षा के माध्यम से होगा। 100-100 स्टूडेंट्स के बैच को कोचिंग देने के साथ एक हजार रूपये प्रतिमाह की स्कॉलरशिप भी मिल रही हऐ। स कोचिंग के लिए स्वीकृत सीट 100 हैं, इसमें अनुसूचित जाति के लिए 30, अनुसूचित जनजाति के लिए 50, अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 20 सीट आरक्षित है। इसमें वर्गवार 33 प्रतिशत सीट महिलाओं के लिए सुरक्षित रहती है।
