खांसी, सर्दी और मौसमी बीमारियों की तरह रह जाएगा कोरोना……हर्ड इम्यूनिटी या वैक्सीन ना मिली तो मुश्किलें बढ़ेगी….नई स्टडी से बढ़ी चिंता

नई दिल्ली 21 सितंबर 2020।  कोरोना वायरस का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। लेकिन शोधकर्ताओं ने दुनिया को एक राहत भरी खबर सुनाई है। शोधकर्ताओं के अध्ययन के अनुसार उन्होंने बताया कि कुछ दिनों ऐसे आएंगे जब लोगों की हर्ड इम्युनिटी विकसित हो जाएगी और कोरोना सिर्फ वायरल बुखार, मौसमी बुखार व सर्दी, खांसी की तरह रह जाएगा। लेकिन मौजूदा समय में फिलहाल लोगों को कोरोना को सिरियस लेना होगा और एहतियात बरतने होंगे।

रिपोर्ट में शोधकर्ताओं ने कहा कि मौसम के बदलते ही सर्दी-जुकाम जैसी बीमारियों के फैलने का खतरा काफी बढ़ जाता है. उसी तरह कोरोना वायरस भी खांसी, सर्दी और जुकाम फैलाने वाले वायरस की तरह बनकर रह जाएगा. जब तक कोरोना वायरस को मात देने के लिए वैक्सीन (Corona virus vaccine) नहीं तैयार होती है या फिर लोगों में हर्ड इम्यूनिटी विकसित नहीं हो जाती, तब तक कोविड-19 ऐसे ही लोगों में फैलता रहेगा.

कोरोना के चलते बरतना होगा एहतियात

अध्ययन में शामिल लेबनान स्थित अमेरिकन यूनिवर्सिटी ऑफ बेरूत के डॉ. हसन जराकेट के अनुसार, ‘कोरोना वायरस अभी रहने वाला है। वर्षभर में इसकी कई लहरें आ सकती हैं। हालांकि, हर्ड इम्युनिटी विकसित होने के बाद इसका प्रभाव कम हो जाएगा। तब तक लोगों को शारीरिक दूरी, मास्क पहनना, निजी साफ-सफाई व समूह में इकट्ठा न होने जैसे एहतियाती उपायों को अपनाना होगा।’

भारत अभी Herd Immunity से दूर

विशेषज्ञों का मानना है कि जब किसी क्षेत्र विशेष की आधी आबादी में कोरोना के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो जाती है तो उसे हर्ड इम्युनिटी कहा जाता है। हालिया सीरो सर्वे की रिपोर्ट इशारा करती है कि भारत अभी हर्ड इम्युनिटी से दूर है।

 

Get real time updates directly on you device, subscribe now.