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Chhattisgarh Vidhan Sabha Winter Session: विशेषज्ञ चिकित्सक का टोटा: प्रदेश के जिला अस्पतालो में स्वीकृत नहीं है गंभीर बीमारियों के मरीजों के इलाज के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के पद

Chhattisgarh Vidhan Sabha Winter Session: प्रदेश के किसी जिला अस्पतालों में विशेषज्ञ चिकित्सकों के पद स्वीकृत नहीं है। इसके अलावा जिला चिकित्सालयों में आईसीयू और सिटी स्कैन मशीनों की जानकारी भी मंत्री ने उपलब्ध करवाई है।

Chhattisgarh Vidhan Sabha Winter Session: विशेषज्ञ चिकित्सक का टोटा: प्रदेश के जिला अस्पतालो में स्वीकृत नहीं है गंभीर बीमारियों के मरीजों के इलाज के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के पद
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By Radhakishan Sharma

Chhattisgarh Vidhan Sabha Winter Session: रायपुर। प्रदेश के 33 जिलों में से 26 जिलों में जिला अस्पताल स्थित हैं। पर किसी जिला चिकित्सालय में हृदयाघात,ब्रेन हेमरेज,लिवर,किडनी की गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के पद स्वीकृत नहीं हैं। इसके अलावा 6 जिला अस्पतालों में तो आईसीयू और सिटी स्कैन की सुविधा भी उपलब्ध नहीं है। यह जानकारी आज स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने विधानसभा में लिखित तौर पर दी है।

शासकीय जिला चिकित्सालयों में विशेषज्ञ डॉक्टरों की व्यवस्था के संबंध में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री से सवाल पूछा गया था। विधायक इंद्र साव ने स्वास्थ्य मंत्री से लिखित सवाल पूछा था कि कितने शासकीय जिला चिकित्सालय हैं, जहां पर हृदय घात, ब्रेन हेमरेज, लिवर, किडनी की गंभीर बीमारियों के मरीजों के ईलाज के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के कितने पद स्वीकृत हैं, कितने भरे हैं तथा कितने पद रिक्त हैं जिलेवार जानकारी दें ? उक्त प्रश्न के अनुसार प्रदेश के ऐसे कितने शासकीय जिला चिकित्सालय एवं सिविल अस्पताल व मेडिकल कॉलेज के अस्पताल है, जहां पर हृदय घात, ब्रेन हेमरेज लिवर, किडनी की गंभीर बीमारी के मरीजों के ईलाज के लिए सर्वसुविधायुक्त व आधुनिक मशीनों, क्रिटिकल आई.सी.यू रूम तथा सीटी स्केन, एम.आर.आई. जैसे मशीनों की उपलब्धता है? जिलेवार जानकारी दें? प्रदेश के अनुसूचित क्षेत्र तथा गैर अनुसूचित क्षेत्रों उक्त गंभीर बीमारियों के ईलाज के लिए अलग से विशेष शासकीय मल्टीस्पेशालिटी अस्पतालों की स्थापना / प्रारंभ करने की योजना है? यदि हां तो कब तक ?

लोक स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अपने लिखित जवाब में बताया है कि प्रदेश के जिला चिकित्सालय में हृदय घात, ब्रेन हेमरेज, लिवर, किडनी की गंभीर बीमारियों के मरीजों के ईलाज के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों के पद स्वीकृत नहीं हैं। प्रदेश के शासकीय जिला चिकित्सालयों में उपलब्ध मशीनों की जानकारी तथा मेडिकल कॉलेज के अस्पतालों में उपलब्ध मशीनों की जानकारी लिखित तौर पर उपलब्ध है। इसके अलावा प्रदेश के समस्त मेडिकल कॉलेज अस्पताल मल्टी स्पेशियालिटी स्तर के हैं।








Radhakishan Sharma

राधाकिशन शर्मा: शिक्षा: बीएससी, एमए राजनीति शास्त्र व हिन्दी साहित्य में मास्टर डिग्री, वर्ष 1998 से देशबंधु से पत्रकारिता की शुरुआत। हरिभूमि व दैनिक भास्कर में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया। 2007 से जुलाई 2024 तक नईदुनिया में डिप्टी न्यूज एडिटर व सिटी चीफ के पद पर कार्य का लंबा अनुभव। 1 अगस्त 2024 से एनपीजी न्यूज में कार्यरत।

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