Bilaspur Crime: बिगड़ैल रईसजादों की गुंडागर्दी और पुलिस का कमाल, छात्र का अपहरण कर चलती कार में लाइव पिटाई का वीडियो और पुलिस ने बिना कार्रवाई छोड़ दिया

बिलासपुर। बिगडै़ल रईसजादों ने लड़के का अपहरण कर चलती गाड़ी में लड़के के साथ मारपीट की। इसका इंस्टाग्राम में लाइव वीडियो भी चलाया। मिली जानकारी के अनुसार लड़का स्कूल का छात्र है। चलती कार में गाली-गलौज के साथ छात्र के साथ मारपीट भी की जा रही थी। इंस्टाग्राम लाइव का हीरोगिरी वाला वीडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद लोग सहम गए।
यह मामला बिलासपुर में दो दिन पहले घटित हुआ। जानकारी के अनुसार तनय नामक छात्र को दो युवक कार में लेकर रायपुर रोड के काली ढाबा की तरफ ले गए। इस दौरान छात्रा के साथ गालीदृगलौज करते हुए मारपीट भी की गई। बीच में जब छात्र के परिचित का फोन आया और उसे छोड़ने के लिए बदमाशों को कहा गया तब उन्होंने छात्र को “दोस्त है“ और “घुमाने लाए हैं“ बता फोन काट दिया। वही इंस्टाग्राम पर लाइव कर मारते हुए कई लोगों को दिखाया। किसी ने स्क्रीन रिकॉर्डिंग कर इसे सोशल मीडिया में वायरल कर दिया।
वायरल वीडियो के अनुसार बदमाश पीड़ित छात्र को रायपुर रोड स्थित काली ढाबा तरफ लेकर गए थे। वहां से व्यापार विहार जाने की बात कर रहे थे। छात्र अज्ञेय नगर में छोड़ देने की गुहार लगा रहा था तब बदमाश युवा उससे पूछ रहे हैं कि तेरी कार को क्या करेंगे तो छात्र गिड़गिड़ाते हुए कह रहा है कि “मुझे छोड़कर तुम लोग भाई कार में घूम लो।“बातचीत के अनुसार ऐसा लग रहा है कि कार पीड़ित की ही है।
जानकारी पुलिस को लगने पर सिविल लाइन पुलिस ने वीडियो में दिखाई दे रहे एक बदमाश और उसके साथी को कल शाम थाने बुलवाया था। पर जैसा कि पुलिस का दावा है, मार खाने वाले युवक ने थाना पहुंचकर समझौता करने और किसी भी किस्म की शिकायत दर्ज नहीं करवाने की बात कही। इस बाबत उसने पुलिस को लिखित में कोई भी अपराध दर्ज न करवाने की बात लिख कर दी।
बता दे कि छात्र के साथ कार में मारपीट करने वाले दो बदमाशों में से एक बदमाश अंकित सिंह का कुछ दिनों पहले भी एक राहगीर को चाकू दिखाकर नचवाने का वीडियो वायरल हुआ था। इस मामले में भी प्रार्थी पुलिस के पास उपलब्ध नहीं था। मगर पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के संज्ञान में ये घटना आई तो उन्होंने तुरंत पुलिस को कार्रवाई करने का आदेश दिया। इसके बाद सिविल लाइन पुलिस ने ही अंकित सिंह को आर्म्स एक्ट के मामले में गिरफ्तार कर जेल दाखिल किया था। जेल से छूटने के बाद अब उसका दूसरे बार रंगदारी का वीडियो वायरल हो रहा है।
सवाल....रिपोर्ट नहीं तो पुलिस कार्रवाई नहीं करेगी?
कार में गुंडागर्दी का वीडियो वायरल करने वाले बदमाशों को पुलिस ने थाने से ही छोड़ दिया। पुलिस का कहन है कि पीड़ित ने अपराध दर्ज कराने से इंकार कर दिया। हो सकता है, बड़े लोगों के भय में आकर नाबालिग छात्र ने रिपोर्ट दर्ज कराने की हिम्मत नहीं दिखाई है। मगर क्या पुलिस के पास चलती कार में गुंडागर्दी कर वीडियो वायरल करने के लिए कोई कानून नहीं है? और जब कानून नहीं तो पिछली बार जब इसी में से एक आरोपी ने चाकू के नोक पर एक बुजुर्ग को नाचने पर बाध्य किया था, तब पुलिस ने कार्रवाई क्यों की?

संदीप कुमार कडुकार: रायपुर के छत्तीसगढ़ कॉलेज से बीकॉम और पंडित रवि शंकर शुक्ल यूनिवर्सिटी से MA पॉलिटिकल साइंस में पीजी करने के बाद पत्रकारिता को पेशा बनाया। मूलतः रायपुर के रहने वाले हैं। पिछले 10 सालों से विभिन्न रीजनल चैनल में काम करने के बाद पिछले सात सालों से NPG.NEWS में रिपोर्टिंग कर रहे हैं।
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