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Chhattisgarh News: DGP के जारी सर्कुलर को नहीं मान रहे पुलिस अफसर: हाई कोर्ट ने होम सिकरेट्री व डीजीपी को जारी किया निर्देश...

Chhattisgarh News: याचिकाकर्ता मुरलीधर सिन्हा के अधिवक्ता अभिषेक पांडेय व पीएस निकिता ने जस्टिस एके प्रसाद के सिंगल बेंच को बताया कि अनुकंपा नियुक्ति के संबंध में डीजीपी ने सर्कुलर 13.11.2020 काे सरर्कुलर जारी किया है। इसका पालन विभाग के आला अफसर ही नहीं कर रहे हैं। सरर्कुलर का अधिकारी सीधेतौर पर उल्लंघन कर रहे हैं। मामले की सुनवाई के बाद छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने कुछ ऐसा फैसला दिया जिसे 28 दिन के भीतर होम सिकरेट्री और डीजीपी को पूरा करना होगा।

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Bilaspur High Court

By Radhakishan Sharma

Chhattisgarh News: बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट के सिंगल बेंच ने अपने महत्वपूर्ण आदेश में कहा कि पुलिस महानिदेशक द्वारा जारी सर्कुलर के अनुसार याचिकाकर्ता के अभ्यावेदन का निराकरण करे। इसके लिए कोर्ट ने चार सप्ताह की मोहलत दी है। जारी सर्कुलर के अनुसार शहीद पुलिस अफसर व कर्मचारी के पुत्र को इच्छानुसार ASI (M) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति प्राप्त करने का अधिकार है।

अलबेलापारा कांकेर निवासी मुरलीधर सिन्हा के पुत्र पंकज सिन्हा अधिवक्ता अभिषेक सिन्हा व पीएस निकिता के माध्यम से छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी। दायर याचिका में बताया है कि उसके पिता जिला-नारायणपुर में पुलिस विभाग में आरक्षक (कांस्टेबल) के पद पर पदस्थ थे। जिला - नारायणपुर घोर अनुसूचित एवं नक्सली जिला है। वर्ष 2007 में हुए एक नक्सल ऑपरेशन में उसके पिता की मृत्यु हो गई। पुलिस विभाग द्वारा उन्हें शहीद का दर्जा दिया गया। पिता की मृत्यु के समय वह नाबालिग था। लिहाजा राज्य शासन ने उसे बाल आरक्षक के पद पर अनुकंपा नियुक्ति दी। 18 साल की आयु पूरा करने के बाद उसने सचिव, गृह विभाग एवं डीजीपी के समक्ष आवेदन प्रस्तुत कर ASI (M) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति प्रदान करने के साथ ही नियमित किए जाने की मांग की। आवेदन पेश करने के बाद उसे नियमित नहीं किया गया।

अधिवक्ता पांडेय ने रखा पक्ष

मामले की सुनवाई जस्टिस एके प्रसाद के सिंगल बेंच में हुई। सिंगल बेंच के समक्ष पैरवी करते हुए अधिवक्ता पांडेय ने बताया कि 13.11.2020 को पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) रायपुर द्वारा एक सर्कुलर जारी किया गया है। इसके अनुसार पुलिस विभाग में कार्यरत अधिकारी / कर्मचारियों की अनुसूचित / नक्सली जिलों में मुठभेड़ के दौरान मृत्यु हो जाने पर उन अधिकारी/कर्मचारियों को शहीद का दर्जा प्रदान किया जाएगा। शहीद अधिकारी / कर्मचारियों के विधिक वारिसों को इच्छानुसार पद ASI (M)/ आरक्षक के पद पर अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की जाएगी। याचिकाकर्ता के मामले में डीजीपी द्वारा जारी सर्कुलर का पुलिस अफसरों ने उल्लंघन किया है। याचिकाकर्ता को ASI (M) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति प्रदान नहीं की जा रही है।

हाई कोर्ट ने सिकरेट्री होम व डीजीपी से ये कहा

मामले की सुनवाई के बाद छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने सिकरेट्री होम व डीजीपी को निर्देशित किया है कि पूर्व में जारी सर्कुलर के तहत याचिकाकर्ता को ASI (M) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की जाए। कोर्ट ने याचिकाकर्ता को नए सिरे से दोनों अफसरों के समक्ष अभ्यावेदन पेश करने कहा है। अभ्यावदेन का चार सप्ताह में दोनों अफसरों को निराकरण करना होगा।

Radhakishan Sharma

राधाकिशन शर्मा: शिक्षा: बीएससी, एमए राजनीति शास्त्र व हिन्दी साहित्य में मास्टर डिग्री, वर्ष 1998 से देशबंधु से पत्रकारिता की शुरुआत। हरिभूमि व दैनिक भास्कर में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया। 2007 से जुलाई 2024 तक नईदुनिया में डिप्टी न्यूज एडिटर व सिटी चीफ के पद पर कार्य का लंबा अनुभव। 1 अगस्त 2024 से एनपीजी न्यूज में कार्यरत।

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