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भाजपा का आरोप- केंद्र से मिले 1500 करोड़ का छत्तीसगढ़ में घोटाला, 7-8 अक्टूबर को राशन दुकानों के सामने देंगे दो दिन का धरना; ये आरोप भी लगाए…

भाजपा का आरोप- केंद्र से मिले 1500 करोड़ का छत्तीसगढ़ में घोटाला, 7-8 अक्टूबर को राशन दुकानों के सामने देंगे दो दिन का धरना; ये आरोप भी लगाए…
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By NPG News

रायपुर,,4 अक्टूबर 2021। छत्तीसगढ़ भाजपा ने राज्य सरकार पर केंद्र से मिले 1500 करोड़ के चावल घोटाले का आरोप लगाया है। ये आरोप पीएम गरीब कल्याण योजना के अंतर्गत मिले चावल के संबंध में है। भाजपा अध्यक्ष विष्णुदेव साय और नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने घोटाले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। एकात्म परिसर में पत्रकारों से चर्चा में नेताओं ने बताया कि भाजपा 7 व 8 अक्टूबर को राशन दुकानों के सामने धरना देगी।

भाजपा नेताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के अंतर्गत केंद्र से हर महीने 1 लाख 385 टन अतिरिक्त आवंटन किया जा रहा है। प्रति व्यक्ति 5 किलो चावल प्रति महीने के हिसाब से दो करोड़ से अधिक लोगों को हर महीने यह लाभ मिलना था, लेकिन इसमें से मुश्किल से एक तिहाई लोगों तक यह लाभ पहुंच रहा है। करीब 1.5 करोड़ गरीबों के मूंह से निवाला छीना लिया गया है। विधनासभा में नेता प्रतिपक्ष कौशिक, विधायक शिवरतन शर्मा, पूर्व खाद्य मंत्री पुन्नुलाल मोहले समेत भाजपा विधायकों के सवाल के जवाब में शासन ने स्वीकार किया है कि प्रति माह 1 लाख 385 टन अतिरिक्त चावल केंद्र द्वारा छत्तीसगढ़ को आवंटित किया जा रहा है।

प्रदेश में प्राथमिकता समूह के राशन कार्ड पर मई से नवम्बर 2021 तक के लिए 5 किलो प्रति सदस्य के मुताबिक 7 लाख मीट्रिक टन से अधिक चावल का आवंटन छत्तीसगढ़ शासन को मिला, परन्तु उसका लाभ यहां ज़रूरतमंद हितग्राहियों तक राज्य सरकार ने नहीं पहुंचाया है। भाजपा ने आरोप लगाया कि इस आवंटन का अधिकांश चावल सरकार में बैठे लोग खा गए। केंद्र सरकार द्वारा जहां प्रति व्यक्ति प्रति महीने 5 किलो चावल राज्य को दिया गया, परंतु सरकार ने ऐसे राशन कार्डधारी जिनके परिवार में 1, 2 और 3 सदस्य तक हैं, उनको यह अतिरिक्त चावल नहीं दिया। राशनकार्ड धारी हितग्राही को निर्धारित मात्रा से कम खाद्यान्न प्राप्त होने की शिकायत निरंतर प्राप्त हो रही है। यह शेष अनाज कहां जा रहा है, यह जांच का विषय है। यहां तक कि शासन के एक मंत्री ने इस बड़ी ‘गड़बड़ी’ को स्वीकार भी किया था, लेकिन ऐसे घोटाले जारी हैं।

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