Ajit Pawar News : अजित के बाद कौन? क्या फिर एक होगा पवार परिवार या सुनेत्रा संभालेंगी सियासी साम्राज्य?....
Ajit Pawar News : आज महाराष्ट्र की राजनीति का एक बड़ा मजबूत स्तंभ टूट गया, अजित पवार के अचानक निधन से न केवल उनका परिवार दुखी है बल्कि इस घटना से महाराष्ट्र की सरकार और राजनीति की पूरी बाजी ही जैसे पलट गई है
मुंबई : आज महाराष्ट्र की राजनीति का एक बड़ा मजबूत स्तंभ टूट गया, अजित पवार के अचानक निधन से न केवल उनका परिवार दुखी है बल्कि इस घटना से महाराष्ट्र की सरकार और राजनीति की पूरी बाजी ही जैसे पलट गई है, ये कैसे हुआ से अब मतलब नही, लेकिन उनके बाद अब क्या होगा, क्या NCP बरकरार रह पायेगा या चाचा शरद पवार के साथ परिवार एक हो जायेगा
कई नए सवाल
उपमुख्यमंत्री अजित पवार के जाने के बाद दो बड़े सवाल खड़े हो रहे है, पहला सवाल यह है की अब उनके बाद एनसीपी की बागडोर किनके हाथों में होगी, और वही दूसरा सवाल ये उठ रहा है की महायुती में क्या कोई नया उपमुख्यमंत्री बनाया जायेगा, या फिर फ़िलहाल ये कुर्सी खाली ही रहेगी, अजित पवार के साम्राज्य को आगे बढ़ाने के लिए सबसे ज्यादा चर्चा में उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार का नाम है
लेकिन 2024 के लोकसभा चुनाव में हुई करारी हार के बाद से वो राजनीती से दुरी बना ली है, लेकिन अब हालात पहले जैसे नही है, बतौर राज्यसभा सांसद क्या वो अब अपने परिवार के सबसे बड़े पिता तुल्य शरद पवार के आगे विरोधी के तौर पर खड़ी हो पाएंगी, या फिर पार्टी फिर से एक हो जाएगी
अगर बात हम परिवार की करें तो तो पार्थ और जय पवार का नाम भी रेस में आगे है, लेकिन पार्थ पवार कानूनी पचड़ो में फंसे हुए है, ऐसी परिस्थति में जय पवार की दावेदारी पक्की मानी जा रही है, लेकिन अगर बागडोर परिवार से बहार गई तो, सुनील तटकरे और प्रफुल्ल पटेल जैसे अनुभवी नेता पार्टी को बचाए रखने में सक्षम है, जहा सुनील तटकरे परदे के पीछे से राजनितिक मंझे हुए खिलाडी है तो वही प्रफुल्ल पटेल दिल्ली की राजनीति और और मिलकर सरकार बनाने और सही निशाना साधने में माहिर है,
लेकिन फ़िलहाल सबसे बड़ी बात ये है की क्या पार्टियां एक हो जाएगी, पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम चुनाव के समय जैसे चाचा-भतीजे एक हो गए थे, और अभी जिला परिषद चुनाव में भी दोनों पार्टी साथ में लड़ रहे है, जिससे साफ तौर पर कहा जा सकता है की अजित के निधन के बाद दोनों फिर एक हो जायेंगे, और वो लाइन मिटा दी जाएगी जो जुलाई 2023 में खिची गई थी
सूत्रों से मिली जानकारी को अगर माने तो शरद पवार और सुप्रिया सुले ने पहले ही इस एकता के संकेत दे चुके थे, लेकिन मामला महायुति और महाअघाड़ी के बीच अटका हुआ है, अगर NCP फिर एक हो जाते यानि महाअघाड़ी में जाते हैं, तो पार्थ पवार के लिए और ज्यादा मुश्किल खड़ी हो जाएगी इसलिए अभी पवार परिवार जो भी फैसला लेगा सोच समझकर ही लेगा
हालिया परिस्थिति को देखे तो एक होने की सम्भावना ज्यादा दिखाई दे रहा है क्योकि अजित जब तक थे दोनों एक साथ चुनाव लड़ रहे थे नगर निगम और जिला परिषद चुनाव में साथ नजर आये, इससे साफ़ ये भी साफ पता चलता है की अब ज़मीनी कार्यकर्ता भी फिर से एक होना चाहते है, लेकिन शरद पवार का महायुति में शामिल होना मुमकिन नही, इसका मतलब साफ है की अजित पवार की पार्टी शरद पवार के साथ आ सकती है अब ये तो समय ही बतायेगा की उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार पार्टी की बागडोर संभालेंगी या पवार फैमिली फिर एक हो जाएगी